IRCTC होटल घोटाला: लालू यादव की याचिका पर हाईकोर्ट का ED को नोटिस, 3 दिसंबर को अगली सुनवाई

IRCTC होटल घोटाला: लालू यादव की याचिका पर हाईकोर्ट का ED को नोटिस, 3 दिसंबर को अगली सुनवाई

प्रेषित समय :18:00:46 PM / Thu, Oct 29th, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

नई दिल्ली.दिल्ली हाईकोर्ट ने आईआरसीटीसी होटल घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) प्रमुख लालू प्रसाद यादव की याचिका पर गुरुवार को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को नोटिस जारी किया. लालू यादव ने निचली अदालत के उस आदेश को चुनौती दी है, जिसमें उनके खिलाफ आरोप तय किए गए थे.

न्यायमूर्ति सचिन दत्ता की एकल पीठ ने ईडी से जवाब मांगा है. साथ ही, अदालत ने लालू यादव को अगली सुनवाई तक निचली अदालत में स्थगन की मांग करने की स्वतंत्रता दी है. मामले की अगली सुनवाई 3 दिसंबर को होगी.

लालू, राबड़ी और तेजस्वी के खिलाफ तय हुए थे आरोप

इस साल सितंबर में राऊज एवेन्यू कोर्ट के विशेष न्यायाधीश (पीसी एक्ट) विशाल गोगने ने लालू प्रसाद यादव, उनकी पत्नी राबड़ी देवी, बेटे तेजस्वी यादव और अन्य आरोपियों के खिलाफ आरोप तय किए थे. अदालत ने प्रथमदृष्टया मनी लॉन्ड्रिंग का मामला बनना माना था. हालांकि, मामले में सात आरोपियों को बरी भी किया गया था.

यह मामला वर्ष 2004 से 2009 के बीच का है, जब लालू प्रसाद यादव केंद्र में रेल मंत्री थे. आरोप है कि उस दौरान भारतीय रेलवे खानपान एवं पर्यटन निगम (आईआरसीटीसी) के होटलों के संचालन और रखरखाव के ठेकों के आवंटन में अनियमितताएं हुई थीं.

ठेकों के बदले जमीन लेने का आरोप

ईडी के मुताबिक, निर्धारित नियमों का पालन किए बिना होटलों के रखरखाव के ठेके ऐसी निजी कंपनी को दिए गए, जिसके संबंध लालू यादव के करीबी सहयोगियों से बताए गए हैं. जांच एजेंसी का आरोप है कि इसके बदले उनके परिवार के सदस्यों और सहयोगियों से जुड़ी एक कंपनी के माध्यम से तीन एकड़ की प्रमुख जमीन हासिल की गई थी.

मनी लॉन्ड्रिंग का यह मामला केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) द्वारा दर्ज मूल भ्रष्टाचार मामले से जुड़ा है.

सीबीआई मामले में भी हाईकोर्ट में सुनवाई

लालू प्रसाद यादव, राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव ने सीबीआई के भ्रष्टाचार मामले में भी निचली अदालत के आरोप तय करने संबंधी आदेश को चुनौती दी है. इन याचिकाओं में भ्रष्टाचार, आपराधिक साजिश और धोखाधड़ी से जुड़े आरोपों को चुनौती दी गई है.

लालू प्रसाद यादव इन आरोपों से इनकार करते रहे हैं. उनका कहना है कि आईआरसीटीसी होटलों के टेंडर निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से आवंटित किए गए थे.

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-