जम्मू. जम्मू-कश्मीर के हीरानगर सेक्टर में पाकिस्तान की टनल वाली साजिश एक बार फिर नाकाम हो गई है. जम्मू-कश्मीर में आतंकवादियों की घुसपैठ कराने के लिए पाकिस्तान के बनाए एक और सुरंग का सीमा सुरक्षा बल ने पता लगाया है. पाकिस्तान ने कठुआ के हीरानगर सेक्टर में अंतरराष्ट्रीय सीमा पर आतंकियों की घुसपैठ कराने के इरादे से सुरंग का निर्माण किया था, जिसका बुधवार को भांडाफोड़ हो गया.

सुरंग मिलने के बाद बीएसएफ जवानों ने आसपास के इलाकों में तलाशी अभियान भी चलाया है. बीएसएफ के जवान रोजाना की तरह जब बुधवार को हीरानगर अंतरराष्ट्रीय सीमा पर गश्त लगा रहे थे, तभी उन्हें इस सुरंग का पता चला. आतंकवादियों द्वारा घुसपैठ के इरादे से बनाई गई इस सुरंग के मिलते ही जवानों ने उच्च अधिकारियों को सूचित किया.

हीरानगर अंतरराष्ट्रीय सीमा पर मिली सुरंग की जांच करने के बाद आईजीपी बीएसएफ एनएस जम्वाल ने बताया कि 150 फीट लंबी इस सुरंग की गहराई 30 से 35 फीट है और इसकी चौड़ाई दो से ढाई फीट है. उन्होंने बताया कि यह सुरंग पुरानी लग रही है. हमारे जवानों को इस बारे में तब पता चला, जब वे सुरक्षा घेरा बना रहे थे.

लगातार घुसपैठ की कोशिश कर रहे हैं आतंकी

आईजी ने कहा कि इसकी जांच की जा रही है कि कहीं इस सुरंग से आतंकियों ने पहले कभी घुसपैठ तो नहीं की है. हालांकि सुरंग से दो रेत बैग भी मिले हैं जिन पर पाकिस्तानी कंपनी का नाम चिन्हित है. जम्मू कश्मीर में पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी के कारण नियंत्रण रेखा से आतंकियों का घुसपैठ करना लगभग मुश्किल है, ऐसे में आतंकी अंतरराष्ट्रीय सीमा से ही घुसपैठ करने की फिराक में है. वहीं पाकिस्तान के शकरगढ़ इलाके में आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के आतंकी घुसपैठ करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन ऐसे में कठुआ के हीरानगर सेक्टर में सुरंग का मिलना इस बात का प्रमाण है कि पाकिस्तान लगातार यह प्रयास कर रहा है कि आतंकियों की घुसपैठ करवाई जा सके.

बीएसएफ के आईजी एन एस जमवाल का कहना है कि लाइन ऑफ कंट्रोल और अंतरराष्ट्रीय सीमा के उस पार कई आतंकियों के लॉन्चिंग पैड एक्टिव है, ऐसे में बीएसएफ की तरफ से अंतरराष्ट्रीय सीमा पर एंटी टनल ऑपरेशन बड़े पैमाने पर चलाया गया है. एनएस जमवाल ने यह भी कहा कि टनल मिलने के बाद हम पाकिस्तान के साथ विरोध दर्ज करवाएंगे.