संभल में इंसानियत शर्मसार, पत्नी ने प्रेमी संग पति की हत्या कर ग्राइंडर मशीन से शव के टुकड़े काट डाले

संभल में इंसानियत शर्मसार, पत्नी ने प्रेमी संग पति की हत्या कर ग्राइंडर मशीन से शव के टुकड़े काट डाले

प्रेषित समय :22:50:15 PM / Mon, Dec 22nd, 2025
Reporter : पलपल रिपोर्टर

लखनऊ. उत्तर प्रदेश के संभल जिले से सामने आया यह मामला न सिर्फ कानून व्यवस्था को चुनौती देता है, बल्कि रिश्तों के भीतर पनप रही हिंसा और अविश्वास की भयावह तस्वीर भी पेश करता है। एक पत्नी ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर अपने ही पति की बेरहमी से हत्या कर दी और फिर सबूत मिटाने के लिए ऐसी क्रूरता दिखाई, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। पुलिस जांच में सामने आया कि हत्या के बाद आरोपियों ने शव के टुकड़े ग्राइंडर मशीन से काटे, उन्हें बैग में भरा और संभल के अलग-अलग इलाकों में फेंक दिया। इस सनसनीखेज वारदात का खुलासा होते ही इलाके में दहशत और आक्रोश का माहौल बन गया।

पुलिस के मुताबिक, चंदौसी क्षेत्र के मोहल्ला चुन्नी निवासी 38 वर्षीय राहुल 18 नवंबर को अचानक लापता हो गया था। राहुल की पत्नी रूबी ने उसी दिन थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। शुरुआती तौर पर यह मामला सामान्य लापता व्यक्ति का माना गया, लेकिन जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ी, कहानी के परत-दर-परत खुलते गए। कुछ दिनों बाद ईदगाह इलाके के पास एक नाले से एक क्षत-विक्षत शव बरामद हुआ। शव की हालत इतनी भयावह थी कि उसकी पहचान कर पाना मुश्किल हो रहा था। सिर, हाथ और पैर गायब थे, जिससे पुलिस को अंदेशा हुआ कि हत्या के बाद शव के टुकड़े किए गए हैं।

शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया गया और फोरेंसिक टीम को जांच में लगाया गया। डीएनए सैंपल लिए गए ताकि शव की पहचान सुनिश्चित की जा सके। इसी दौरान पुलिस को शव पर ‘राहुल’ नाम लिखा हुआ मिला, जिससे शक और गहरा हो गया। आसपास के थानों में दर्ज गुमशुदगी की रिपोर्टों और तकनीकी विश्लेषण से यह पुष्टि हुई कि 18 नवंबर के बाद से राहुल का मोबाइल फोन भी बंद था। इन तमाम कड़ियों ने पुलिस का शक सीधे उसकी पत्नी रूबी की ओर मोड़ दिया।

पुलिस अधीक्षक केके बिश्नोई के अनुसार, गहन पूछताछ के दौरान रूबी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। उसने बताया कि उसके प्रेमी गौरव के साथ उसके अवैध संबंध थे, जिनकी भनक राहुल को लग गई थी। आरोप है कि राहुल ने एक दिन दोनों को आपत्तिजनक स्थिति में पकड़ लिया, जिसके बाद विवाद बढ़ गया। इसी तनाव और डर के माहौल में रूबी ने अपने प्रेमी गौरव के साथ मिलकर पति को रास्ते से हटाने की साजिश रच ली।

पुलिस के मुताबिक, वारदात वाले दिन आरोपियों ने राहुल पर पहले लोहे की रॉड और मूसल से हमला किया। सिर और शरीर के अन्य हिस्सों पर किए गए वार इतने घातक थे कि राहुल की मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद दोनों आरोपियों ने शव को ठिकाने लगाने की योजना बनाई, ताकि किसी को हत्या की भनक न लगे। उन्होंने एक ग्राइंडर मशीन मंगाई और शव के टुकड़े-टुकड़े कर दिए। इन टुकड़ों को बैग में भरकर अलग-अलग स्थानों पर फेंक दिया गया, ताकि पहचान और जांच मुश्किल हो सके।

जांच में सामने आया कि शव का एक हिस्सा ईदगाह के पास नाले में फेंका गया था, जिसे पुलिस ने बरामद कर लिया। बाकी हिस्सों को आरोपियों ने राजघाट ले जाकर गंगा नदी में प्रवाहित कर दिया। इस पूरी प्रक्रिया में जिस तरह की निर्दयता दिखाई गई, उसने पुलिस अधिकारियों को भी हैरान कर दिया। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर हत्या में इस्तेमाल किया गया ग्राइंडर, लोहे की छड़, मूसल और अन्य औजार बरामद कर लिए हैं।

सोमवार 22 दिसंबर को पुलिस ने पत्नी रूबी और उसके प्रेमी गौरव को गिरफ्तार कर लिया और दोनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि इस बात की भी पड़ताल की जा रही है कि वारदात में किसी और की भूमिका तो नहीं थी और क्या आरोपियों ने पहले से इसकी पूरी योजना बनाई थी।

इस घटना के सामने आने के बाद संभल और आसपास के इलाकों में सनसनी फैल गई है। लोग यह सोचकर सिहर उठे हैं कि जिस घर में पति-पत्नी साथ रहते थे, वहीं इतनी खौफनाक साजिश रची गई। पड़ोसियों और परिचितों के मुताबिक, राहुल एक सामान्य जीवन जी रहा था और किसी को अंदाजा नहीं था कि उसके साथ ऐसा कुछ हो सकता है। वहीं, इस मामले ने एक बार फिर अवैध संबंधों, पारिवारिक कलह और अपराध के बीच के खतरनाक रिश्ते पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह मामला समाज के लिए एक गंभीर चेतावनी है। घरेलू विवाद अगर समय रहते सुलझाए न जाएं, तो वे किस हद तक खतरनाक रूप ले सकते हैं, इसका यह उदाहरण है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी तरह के पारिवारिक तनाव या विवाद की स्थिति में कानून और सामाजिक संस्थाओं की मदद लें, न कि हिंसा का रास्ता अपनाएं।

फिलहाल इस मामले में आगे की जांच जारी है। डीएनए रिपोर्ट और फोरेंसिक साक्ष्यों के आधार पर चार्जशीट तैयार की जाएगी। पुलिस यह भी सुनिश्चित कर रही है कि आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा मिले, ताकि इस तरह की घटनाओं पर रोक लग सके। संभल की यह घटना न सिर्फ एक परिवार की त्रासदी है, बल्कि पूरे समाज के लिए एक भयावह सवाल भी छोड़ जाती है कि आखिर रिश्तों में भरोसा और संवाद की कमी हमें किस अंधेरे रास्ते पर ले जा रही है।

 मेरठ के सौरभ हत्याकांड की याद दिलाने वाला यह मामला रिश्तों के भीतर छिपी क्रूरता और साजिश की भयावह तस्वीर पेश करता है। यहां एक पत्नी ने अपने बॉयफ्रेंड के साथ मिलकर अपने ही कारोबारी पति की नृशंस हत्या कर दी। हत्या के बाद दोनों ने शव को ग्राइंडर मशीन से कई टुकड़ों में काटा, फिर सबूत मिटाने के इरादे से शरीर के हिस्सों को अलग-अलग जगहों पर फेंक दिया।

1- नाले में मिला सड़ा-गला शव, टैटू से हुई पहचान
थाना रजपुरा के कस्बा गंवा निवासी 40 वर्षीय राहुल जूते का कारोबार करता था। उसकी शादी 15 साल पहले चंदौसी के मोहल्ला चुन्नी निवासी रूबी से हुई थी। दंपती के दो बच्चे हैं—12 साल का बेटा और 10 साल की बेटी। 18 नवंबर से राहुल अचानक लापता हो गया। 15 दिसंबर की सुबह पतरौला रोड स्थित ईदगाह के पास नाले में एक युवक का सड़ा-गला शव मिला, जिसे कुत्ते नोच रहे थे। शव की हालत बेहद खराब थी और पहचान संभव नहीं हो पा रही थी। पांच दिन बाद पोस्टमॉर्टम के दौरान कटे हुए हाथ पर गुदा ‘राहुल’ नाम दिखाई दिया, जिससे शव की शिनाख्त हुई।

2- जांच में सामने आया पत्नी का अफेयर, घर से मिले खून के सबूत
शव की पहचान होते ही पुलिस ने जांच तेज की। पता चला कि राहुल 18 नवंबर से लापता था और 24 नवंबर को उसकी पत्नी रूबी ने गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस को रिपोर्ट में देरी पर शक हुआ। गांव और परिजनों से पूछताछ में महिला के अवैध संबंधों की जानकारी सामने आई। 21 दिसंबर को जब पुलिस ने घर की तलाशी ली, तो तख्त, लोहे की रॉड और बिजली के हीटर पर खून के सूखे धब्बे मिले। फोरेंसिक टीम ने इन सभी साक्ष्यों को कब्जे में लेकर जांच के लिए भेजा।

3- सख्ती से पूछताछ में टूटी पत्नी, हत्या की पूरी साजिश कबूली
पुलिस की सख्ती के आगे रूबी टूट गई। उसने कबूल किया कि उसका गौरव नाम के युवक से प्रेम संबंध था। 18 नवंबर 2025 की रात राहुल ने दोनों को आपत्तिजनक हालत में पकड़ लिया था। इस पर राहुल ने विरोध किया और सामाजिक रूप से बदनाम करने की बात कही। इसी दौरान रूबी ने जूते में कील ठोकने वाले हथौड़े से और गौरव ने लोहे की रॉड से राहुल के सिर पर ताबड़तोड़ वार किए। राहुल जमीन पर गिर पड़ा और मौके पर ही उसकी मौत हो गई। इसके बाद एक कारीगर से ग्राइंडर मंगवाया गया और शव के कई टुकड़े कर दिए गए। पकड़े जाने से बचने के लिए 24 नवंबर को फर्जी गुमशुदगी दर्ज कराई गई।

4- सीसीटीवी से बचने के लिए की रेकी, शव के टुकड़े अलग-अलग जगह फेंके
पुलिस के अनुसार, आरोपी बेहद शातिर थे। हत्या के बाद राहुल के कपड़े जला दिए गए। शव के धड़ और कटे हुए हाथ को घर से करीब 800 मीटर दूर नाले में फेंक दिया गया, जबकि सिर को रामघाट पर गंगा नदी में बहा दिया गया। शव के टुकड़े फेंकने से पहले रास्तों की रेकी की गई, ताकि कहीं भी सीसीटीवी कैमरे में उनकी मौजूदगी न आए। रात का समय चुना गया, इसी वजह से कोई विजुअल सबूत नहीं मिला।

इस हत्याकांड में एक अहम गवाह खुद दंपती की 10 साल की बेटी बनी। बच्ची ने पुलिस को बताया कि घर पर अक्सर दो-तीन लोग आते थे, जो उसके लिए चॉकलेट लाते थे। उसने कहा कि जिन लोगों ने उसके पापा को मारा, उन्हें फांसी की सजा मिलनी चाहिए।

पुलिस अधीक्षक कृष्ण कुमार विश्नोई ने बताया कि हत्या अवैध संबंधों के चलते की गई है। पत्नी और उसके बॉयफ्रेंड ने जुर्म कबूल कर लिया है। शव काटने में इस्तेमाल ग्राइंडर समेत सभी हथियार बरामद कर लिए गए हैं। दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया गया है और पुलिस इस जघन्य अपराध में कड़ी से कड़ी सजा दिलाने की तैयारी में जुटी है।संभल की यह वारदात न सिर्फ एक परिवार की त्रासदी है, बल्कि समाज के लिए भी एक डरावनी चेतावनी है कि जब रिश्तों में विश्वास टूटता है, तो उसका अंजाम कितना भयावह हो सकता है।

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-