इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 के सीजन में दिल्ली कैपिटल्स के स्टार ओपनर केएल राहुल की शुरुआत बेहद निराशाजनक और चौंकाने वाली रही है. टी20 क्रिकेट के लंबे अंतराल के बाद मैदान पर वापसी कर रहे राहुल अपनी लय हासिल करने के लिए संघर्ष करते नजर आ रहे हैं. शनिवार, 4 अप्रैल को दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में पांच बार की चैंपियन मुंबई इंडियंस के खिलाफ खेले गए अहम मुकाबले में राहुल मात्र 1 रन बनाकर पवेलियन लौट गए. इससे पहले लखनऊ सुपर जायंट्स के खिलाफ खेले गए सीजन के पहले मैच में भी वे खाता खोले बिना यानी 'गोल्डन डक' पर आउट हो गए थे. राहुल की इस लगातार विफलता ने न केवल दिल्ली कैपिटल्स की बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी है, बल्कि क्रिकेट विशेषज्ञों और प्रशंसकों के बीच उनकी टी20 फॉर्म को लेकर एक नई बहस छेड़ दी है.
तथ्यों पर गौर करें तो केएल राहुल लगभग एक साल बाद टी20 फॉर्मेट में वापसी कर रहे हैं. इससे पहले वे भारतीय टेस्ट और वनडे टीम की प्रतिबद्धताओं के कारण घरेलू टी20 टूर्नामेंट सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में भी हिस्सा नहीं ले पाए थे. उनकी पिछली प्रतिस्पर्धी मौजूदगी रणजी ट्रॉफी के फाइनल में थी, जहाँ कर्नाटक को जम्मू-कश्मीर के हाथों हार का सामना करना पड़ा था. टी20 वर्ल्ड कप 2024 और 2026 की विजेता भारतीय टीम का हिस्सा न होने और पिछले चार वर्षों से भारत के टी20 सेटअप से बाहर रहने के कारण, राहुल के खेल में उस आक्रामकता और टाइमिंग की कमी साफ झलक रही है जिसके लिए वे जाने जाते हैं. मुंबई इंडियंस के खिलाफ मैच में वे केवल 3 गेंदें खेल सके, जिससे टीम की शुरुआत लड़खड़ा गई और मध्यक्रम पर दबाव बढ़ गया.
यह स्थिति इसलिए भी चिंताजनक है क्योंकि पिछला आईपीएल सीजन (2025) राहुल के लिए शानदार रहा था, जहाँ उन्होंने 13 मैचों में 53.90 की औसत और लगभग 150 के स्ट्राइक रेट से 539 रन बनाए थे. उस प्रदर्शन के बावजूद उन्हें राष्ट्रीय टी20 टीम में जगह नहीं मिली थी. ऐसे में आईपीएल 2026 राहुल के लिए भारतीय टीम में वापसी का सबसे बड़ा द्वार था, लेकिन शुरुआती दो मैचों में मोहम्मद शमी और मुंबई के गेंदबाजों के सामने उनके घुटने टेकने से चयनकर्ताओं की नजरों में उनकी दावेदारी कमजोर पड़ती दिख रही है. सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' (पूर्व में ट्विटर) पर प्रशंसकों ने उनकी बल्लेबाजी शैली और दबाव झेलने की क्षमता पर कड़े सवाल उठाए हैं. कई फैंस का मानना है कि लंबे समय तक छोटे फॉर्मेट से दूर रहने के कारण राहुल की 'शॉट सिलेक्शन' और 'मैच अवेयरनेस' पर बुरा असर पड़ा है.
आंकड़ों के लिहाज से केएल राहुल आईपीएल इतिहास के छठे सबसे सफल भारतीय बल्लेबाज हैं, जिनके नाम 147 मैचों में 5223 रन दर्ज हैं. अंतरराष्ट्रीय टी20 में भी उनके नाम दो शतक और 22 अर्धशतक हैं, जो उनकी काबिलियत का प्रमाण हैं. हालांकि, दिल्ली कैपिटल्स के लिए अब सबसे बड़ी चुनौती यह है कि क्या वे राहुल को बतौर एंकर खिलाना जारी रखेंगे या उनके बल्लेबाजी क्रम में कोई बदलाव करेंगे. टीम प्रबंधन को उम्मीद है कि आगामी मैचों में राहुल अपनी पुरानी लय हासिल कर लेंगे, लेकिन अगर यह सिलसिला जारी रहा, तो दिल्ली को अपनी सलामी जोड़ी और रणनीति पर गंभीरता से पुनर्विचार करना होगा. फिलहाल, केएल राहुल के लिए यह सीजन एक कठिन अग्निपरीक्षा साबित हो रहा है, जहाँ उन्हें अपनी तकनीक के साथ-साथ अपनी मानसिक दृढ़ता को भी साबित करना होगा.
Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-

