रायपुर. छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के मोवा थाना क्षेत्र में हुए सनसनीखेज गोलीकांड में एक और हृदयविदारक खबर सामने आई है. अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रही आरोपी की दूसरी साली, दुर्गेश्वरी, ने भी बुधवार सुबह उपचार के दौरान दम तोड़ दिया. इस घटना में अब तक दो सगी बहनों की मौत हो चुकी है, जिससे पूरे इलाके में मातम और आक्रोश का माहौल है.
विवाद की जड़: बच्चों से न मिल पाना बना सनक का कारण
पुलिस की प्रारंभिक जांच और स्थानीय सूत्रों के अनुसार, आरोपी जितेन्द्र वर्मा का अपनी पत्नी के साथ लंबे समय से विवाद चल रहा था. मंगलवार की रात यह विवाद उस समय खूनी संघर्ष में बदल गया जब आरोपी अपने बच्चों से मिलने की जिद करने लगा. बताया जा रहा है कि ससुराल पक्ष द्वारा बच्चों से मिलने से रोके जाने पर जितेन्द्र इस कदर आक्रोशित हुआ कि उसने अपना आपा खो दिया.
वारदात का घटनाक्रम
नशे की हालत में हमला: चश्मदीदों और पुलिस के अनुसार, वारदात के वक्त आरोपी नशे में धुत्त था.
अंधाधुंध फायरिंग: विवाद के दौरान जितेन्द्र ने अपनी लाइसेंसी पिस्टल निकाली और वहां मौजूद अपनी दोनों सालियों पर करीब 3 राउंड फायरिंग कर दी.
मौके पर ही एक की मौत: गोलीबारी के तुरंत बाद दोनों बहनों को गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने गीतांजलि को मृत घोषित कर दिया था.
दुर्गेश्वरी का निधन: दूसरी बहन दुर्गेश्वरी की हालत नाजुक बनी हुई थी, जिसने बुधवार सुबह अंतिम सांस ली.
आरोपी ने खुद को पुलिस के हवाले किया
हैरान कर देने वाली बात यह है कि सरेआम गोलियां चलाने के बाद आरोपी जितेन्द्र वर्मा भागने के बजाय खुद अपनी पिस्टल के साथ थाने पहुंचा और आत्मसमर्पण कर दिया. पुलिस ने तत्काल प्रभाव से आरोपी को हिरासत में लेकर हथियार जब्त कर लिया है.
पुलिस की कार्रवाई
घटना की गंभीरता को देखते हुए रायपुर नॉर्थ जोन के वरिष्ठ अधिकारी और डीसीपी मयंक गुर्जर दलबल के साथ मौके पर पहुंचे.

