जबलपुर. एमपी के जबलपुर जिले के तिलवारा घाट इलाके में हुई दस्सीलाल की हत्या का खुलासा पुलिस ने कर दिया है. इस मामले में बेटे की रंजिश के चलते पिता को अपनी जान गंवानी पड़ी. घटना को जेल की सलाखों के पीछे बंद शातिर बदमाश संजू सारंग ने अंजाम दिलाया था. संजू का मृतक के बेटे मोनू के साथ पुराना विवाद था, जिसका बदला लेने के लिए उसने अपने गुर्गों शुभम पांडे, शरद बर्मन और एक नाबालिग को मैदान में उतारा था.
पुलिस के मुताबिक आरोपी पूरी तैयारी के साथ मोनू को खत्म करने आए थे, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था. झगड़े के दौरान बीच-बचाव करने आए पिता दस्सीलाल आरोपियों के चाकू का शिकार हो गए और एक बेगुनाह पिता को अपने बेटे की दुश्मनी की कीमत अपनी जान देकर चुकानी पड़ी.
पुलिस की तत्परता ने न सिर्फ इस अंधे कत्ल की गुत्थी को सुलझाया, बल्कि इन बेखौफ बदमाशों के अन्य कारनामों का भी भंडाफोड़ किया. पकड़े गए आरोपियों ने उसी रात गढ़ा स्टेशन के पास एक राहगीर से मोबाइल छीनकर उस पर भी जानलेवा हमला किया था.
पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया
पुलिस ने घेराबंदी कर तीनों आरोपियों को दबोच लिया है और उनके पास से कत्ल में इस्तेमाल किए गए दो चाकू, वारदात में प्रयुक्त मोटरसाइकिल और लूटा हुआ मोबाइल बरामद कर लिया है. फिलहाल पुलिस जेल में बंद मास्टरमाइंड और इन बदमाशों के बीच के कनेक्शन की कडिय़ाँ जोड़ रही है, ताकि अपराध के इस संगठित जाल को जड़ से मिटाया जा सके.

