चेन्नइयन एफसी की आखिरी जंग, बेंगलुरु एफसी से घरेलू मैदान पर जीत के साथ सीजन खत्म करने उतरेगी टीम

चेन्नइयन एफसी की आखिरी जंग, बेंगलुरु एफसी से घरेलू मैदान पर जीत के साथ सीजन खत्म करने उतरेगी टीम

प्रेषित समय :21:27:35 PM / Fri, May 15th, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

चेन्नइयन एफसी इंडियन सुपर लीग 2025-26 सीजन के अपने अंतिम मुकाबले में शनिवार को घरेलू मैदान जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में Bengaluru FC से भिड़ेगी। पूरे सीजन में संघर्षों और उतार-चढ़ाव से गुजरने के बाद चेन्नइयन एफसी अब अपने घरेलू समर्थकों के सामने जीत के साथ अभियान समाप्त करने की कोशिश करेगी। टीम के मुख्य कोच Clifford Rayes Miranda ने मुकाबले से पहले आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में साफ कहा कि उनकी टीम इस मैच को हर हाल में सकारात्मक परिणाम के साथ खत्म करना चाहती है, लेकिन बेंगलुरु एफसी जैसी मजबूत टीम के खिलाफ चुनौती आसान नहीं रहने वाली।

चेन्नइयन एफसी के लिए यह सीजन काफी कठिन रहा है। टीम कई मौकों पर अच्छा खेल दिखाने के बावजूद लगातार अंक गंवाती रही। हालांकि टीम के प्रदर्शन के आंकड़े यह संकेत देते हैं कि मैदान पर उनकी रणनीति और खेल शैली पूरी तरह असफल नहीं रही। टीम ने गेंद पर नियंत्रण, मिडफील्ड में पकड़, विपक्षी बॉक्स में एंट्री और मौके बनाने जैसे कई विभागों में प्रभावशाली प्रदर्शन किया, लेकिन गोल करने की कमजोर क्षमता ने पूरे अभियान को प्रभावित किया। यही वजह रही कि टीम कई मैचों में बेहतर खेल के बावजूद जीत हासिल नहीं कर सकी।

मुख्य कोच क्लिफर्ड रेयेस मिरांडा ने कहा कि बेंगलुरु एफसी इस समय शानदार लय में है और नई कोचिंग व्यवस्था के बाद टीम ने तेजी से खुद को संभाला है। उन्होंने कहा कि शुरुआती दौर में नए कोच के आने के बाद बेंगलुरु को तालमेल बैठाने में थोड़ी परेशानी हुई थी, लेकिन अब टीम काफी बेहतर नजर आ रही है। मिरांडा ने कहा कि दोनों टीमों की खेल शैली काफी हद तक समान है। दोनों टीमें गेंद पर कब्जा बनाए रखने और मिडफील्ड में नियंत्रण स्थापित करने की कोशिश करती हैं। उन्होंने कहा कि बेंगलुरु एफसी का मिडफील्ड काफी मजबूत है और वे केंद्रीय क्षेत्र में अधिक खिलाड़ियों के साथ दबाव बनाते हैं, जो चेन्नइयन के लिए सबसे बड़ी चुनौती साबित हो सकती है।

कोच ने कहा कि बेंगलुरु एफसी ने अपने पिछले मुकाबले में Jamshedpur FC को उसके घरेलू मैदान पर हराकर शानदार संदेश दिया है। उन्होंने कहा कि जमशेदपुर को उसके घर में हराना आसान नहीं होता और यह जीत दर्शाती है कि बेंगलुरु इस समय अच्छे आत्मविश्वास में है। इसके बावजूद उन्होंने भरोसा जताया कि उनकी टीम घरेलू मैदान पर पूरी ताकत के साथ लड़ेगी और समर्थकों को निराश नहीं करेगी।

मिरांडा ने पूरे सीजन पर भी खुलकर बात की। उन्होंने स्वीकार किया कि चेन्नइयन एफसी जैसा बड़ा और सफल इतिहास रखने वाला क्लब इस बार उम्मीदों के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाया। उन्होंने कहा कि यह सीजन क्लब के लिए सबसे मुश्किल अभियानों में से एक रहा है और इसकी जिम्मेदारी वह खुद लेते हैं। कोच ने कहा कि जब उन्होंने जिम्मेदारी संभाली थी, तब क्लब प्रबंधन ने उन्हें उपलब्ध संसाधनों और परिस्थितियों के बारे में स्पष्ट जानकारी दी थी। इसके बावजूद उन्होंने पूरी मेहनत से टीम को सकारात्मक दिशा देने का प्रयास किया।

उन्होंने कहा कि आंकड़े बताते हैं कि टीम ने कई क्षेत्रों में अच्छा प्रदर्शन किया, लेकिन फुटबॉल केवल आंकड़ों से नहीं बल्कि परिणामों से तय होती है। कई मैचों में चेन्नइयन एफसी ने विपक्षी टीम से बेहतर खेल दिखाया, ज्यादा मौके बनाए और गेंद पर नियंत्रण रखा, लेकिन गोल में तब्दील करने की कमी ने टीम को नुकसान पहुंचाया। कोच का मानना है कि यदि टीम अपने बनाए गए मौकों को बेहतर तरीके से भुना पाती तो सीजन की तस्वीर अलग हो सकती थी।

प्रेस कॉन्फ्रेंस में कोच के साथ मौजूद चेन्नइयन एफसी के युवा खिलाड़ी S Prakadeswaran भी चर्चा का केंद्र बने रहे। 19 वर्षीय यह खिलाड़ी इस सीजन टीम की सबसे बड़ी सकारात्मक खोजों में से एक माना जा रहा है। हाल ही में जमशेदपुर एफसी के खिलाफ उन्होंने अपने करियर का पहला सीनियर गोल दागा था। प्राकदेश्वरन ने कहा कि अंडर-13 स्तर से सीधे आईएसएल तक का सफर आसान नहीं था। शुरुआती दिनों में उन्हें काफी संघर्ष करना पड़ा, लेकिन लगातार मेहनत और कोच के मार्गदर्शन से उन्होंने खुद को बेहतर बनाया।

युवा खिलाड़ी ने कहा कि कोच क्लिफर्ड मिरांडा ने उन्हें न केवल तकनीकी पहलुओं पर मार्गदर्शन दिया, बल्कि अपने खेल अनुभवों के जरिए मानसिक रूप से भी मजबूत बनाया। उन्होंने कहा कि पूरी टीम ने उन्हें हर परिस्थिति में समर्थन दिया और सीनियर खिलाड़ियों ने उन्हें मैच की परिस्थितियों को समझने और दबाव में बेहतर फैसले लेने की सीख दी। प्राकदेश्वरन ने यह भी कहा कि उन्हें अपने प्रदर्शन पर जितना समर्थन प्रशंसकों से मिला, उसकी उन्होंने कभी कल्पना नहीं की थी। उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया पर कई प्रशंसकों ने उन्हें व्यक्तिगत संदेश भेजकर हौसला बढ़ाया और जब भी वह मैदान पर उतरते हैं तो स्टेडियम में गूंजने वाले नारों से उनका आत्मविश्वास बढ़ जाता है।

हालांकि अंतिम मुकाबले से पहले चेन्नइयन एफसी को चोटों और निलंबन की समस्या का भी सामना करना पड़ रहा है। कोच मिरांडा ने पुष्टि की कि टीम के कई महत्वपूर्ण खिलाड़ी इस मुकाबले में उपलब्ध नहीं रहेंगे। घायल खिलाड़ियों में Elsinho, Mohammed Ali Bemammer, Laldinliana Renthlei, Vivek S और Vignesh Dakshinamurthy शामिल हैं। वहीं Alberto Noguera निलंबन के कारण इस मुकाबले से बाहर रहेंगे। इन खिलाड़ियों की अनुपस्थिति टीम के लिए मुश्किलें बढ़ा सकती है, लेकिन कोच का कहना है कि उपलब्ध खिलाड़ी पूरी प्रतिबद्धता के साथ मैदान पर उतरेंगे।

अब सभी की नजर शनिवार को होने वाले इस मुकाबले पर टिकी हुई है। चेन्नइयन एफसी जहां घरेलू मैदान पर जीत के साथ सीजन समाप्त करना चाहेगी, वहीं बेंगलुरु एफसी अपनी शानदार लय को बरकरार रखते हुए सीजन का अंत जीत के साथ करना चाहेगी। फुटबॉल प्रेमियों को इस मुकाबले में दो आक्रामक और गेंद पर नियंत्रण पसंद करने वाली टीमों के बीच रोमांचक टक्कर देखने की उम्मीद है।

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-