न्यूयॉर्क. क्रिप्टोकरेंसी और कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित डेटा सेंटर कारोबार से जुड़ी कंपनी गैलेक्सी डिजिटल के शीर्ष अधिकारियों ने दावा किया है कि बाजार कंपनी के वास्तविक मूल्य का सही आकलन नहीं कर रहा है. कंपनी का कहना है कि निवेशक उसके क्रिप्टो कारोबार और तेजी से बढ़ रहे एआई इंफ्रास्ट्रक्चर व्यवसाय को अलग-अलग देखकर मूल्यांकन कर रहे हैं, जबकि दोनों मिलकर कंपनी की दीर्घकालिक विकास क्षमता को मजबूत बनाते हैं.
कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी माइक नोवोग्राट्ज़ ने निवेशकों के साथ बातचीत में कहा कि गैलेक्सी डिजिटल के शेयरों को भविष्य की विकास संभावनाओं के अनुरूप मूल्य नहीं मिल रहा है. उनके अनुसार कंपनी केवल डिजिटल परिसंपत्तियों तक सीमित नहीं है, बल्कि वह कृत्रिम बुद्धिमत्ता के लिए आवश्यक डेटा सेंटर और ऊर्जा अवसंरचना के क्षेत्र में भी तेजी से विस्तार कर रही है.
कंपनी के मुख्य वित्तीय अधिकारी एंथनी पैकेट ने बताया कि पहली तिमाही के दौरान गैलेक्सी डिजिटल ने लगभग 6.5 करोड़ डॉलर मूल्य के अपने ही शेयर वापस खरीदे हैं. इस दौरान करीब 32 लाख क्लास-ए शेयरों की पुनर्खरीद की गई. यह खरीद कंपनी के उस कार्यक्रम के तहत हुई है, जिसमें अधिकतम 20 करोड़ डॉलर तक के शेयर वापस खरीदने की अनुमति दी गई है.
कंपनी का कहना है कि शेयर पुनर्खरीद का फैसला इस विश्वास को दर्शाता है कि मौजूदा बाजार मूल्य कंपनी की वास्तविक क्षमता से कम है. साथ ही प्रबंधन ने यह भी स्पष्ट किया कि पुनर्खरीद के बावजूद कंपनी अपनी वित्तीय स्थिति को मजबूत बनाए रखने पर ध्यान दे रही है.
गैलेक्सी डिजिटल ने अपने हेलिओस डेटा सेंटर परिसर की प्रगति को भी कंपनी के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण बताया है. पश्चिमी टेक्सास स्थित इस परिसर से अब शुरुआती राजस्व प्राप्त होना शुरू हो गया है. कंपनी के अनुसार पहले चरण का कार्य दूसरी तिमाही के अंत तक लगभग पूरा हो जाएगा, जबकि अगले वर्ष दूसरे और तीसरे चरण के माध्यम से लगभग 800 मेगावाट अतिरिक्त विद्युत क्षमता उपलब्ध होने की उम्मीद है.
कंपनी ने बताया कि हेलिओस परिसर के लिए कुल 1.6 गीगावाट से अधिक क्षमता को मंजूरी मिल चुकी है और उसके पास परिसर के आसपास लगभग 1500 एकड़ अतिरिक्त भूमि भी उपलब्ध है. इसके अलावा करीब 1.8 गीगावाट अतिरिक्त ऊर्जा क्षमता वाले अन्य संभावित परियोजनाओं का भी मूल्यांकन किया जा रहा है.
माइक नोवोग्राट्ज़ ने कहा कि डेटा सेंटर का कारोबार मूल रूप से ऊर्जा उपलब्धता पर आधारित है. दुनिया भर में बिजली की बढ़ती मांग और एआई सेवाओं के विस्तार के कारण उच्च क्षमता वाले डेटा सेंटरों की आवश्यकता लगातार बढ़ रही है. उन्होंने कहा कि कंपनी हेलिओस के अलावा अन्य स्थानों पर भी नए डेटा सेंटर स्थापित करने की संभावनाओं पर काम कर रही है.
क्रिप्टोकरेंसी बाजार को लेकर उन्होंने स्वीकार किया कि मौजूदा वर्ष टोकन की कीमतों के लिहाज से चुनौतीपूर्ण रहा है, लेकिन उद्योग अब सट्टा कारोबार से आगे बढ़कर टोकन आधारित शेयर, मुद्रा बाजार कोष और स्थिर डिजिटल मुद्राओं जैसी संस्थागत सेवाओं की ओर बढ़ रहा है. उनके अनुसार यदि प्रस्तावित क्लैरिटी अधिनियम पारित हो जाता है तो पारंपरिक वित्तीय संस्थानों की बड़ी संख्या क्रिप्टो बाजार में प्रवेश कर सकती है.
कंपनी ने यह भी संकेत दिया कि आने वाले महीनों में नए रणनीतिक साझेदारी समझौतों की घोषणा की जा सकती है. प्रबंधन का मानना है कि संस्थागत निवेशकों की बढ़ती भागीदारी और एआई अवसंरचना के विस्तार से कंपनी की दीर्घकालिक विकास संभावनाएं और मजबूत होंगी. वर्ष 2026 में अब तक गैलेक्सी डिजिटल के शेयरों में 30 प्रतिशत से अधिक की बढ़त दर्ज की जा चुकी है.
Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-

