नर्मदापुरम. एमपी के नर्मदापुरम जिले के रातापानी टाइगर रिजर्व अंतर्गत देलावाड़ी परिक्षेत्र में आरटीओ (क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय) की तख्ती लगी गाड़ी से सागौन तस्करी का मामला उजागर हुआ है. पकड़ी गई गाड़ी और तस्कर दोनों नर्मदापुरम के हैं. तस्कर आरटीओ की तख्ती लगी गाड़ी से किस-किस काम में उपयोग कर अपराध कर रहे थे, इसकी जानकारी निकालने में नर्मदापुरम आरटीओ कार्यालय भी लगा है.
वन विभाग ने शुक्रवार रात कार्रवाई करते हुए सुरेश पिता कान्हा निवासी सुरई ढाबा, अर्पित यादव पिता शारदा प्रसाद यादव निवासी मालाखेड़ी, नीलेश यादव पिता छोटेलाल यादव निवासी मालाखेड़ी तथा सोहेल शेख पिता नासिर शेख निवासी मालाखेड़ी (नर्मदापुरम) को गिरफ्तार किया है. आरटीओ लिखी पकड़ाई बोलेरो गाड़ी क्रमांक एमपी 05 टी 2187 अर्पित यादव के नाम दर्ज है. गिरफ्तार आरोपी नीलेश यादव ट्रैक्टर से चोरी की रेत का परिवहन करता है. आरोपियों के खिलाफ वन अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर पूछताछ की जा रही है.
देलावाड़ी परिक्षेत्र में पकड़ाई दो गाड़ी
दरअसल, शुक्रवार रात को रेहटी वनमंडल औबेदुल्लागंज के पद्मश्री डॉ. व्हीएस वाकणकर रातापानी टाइगर रिजर्व अंतर्गत देलावाड़ी परिक्षेत्र के अमड़ो क्षेत्र में वन विभाग ने अवैध सागौन तस्करी के खिलाफ कार्रवाई कर दो गाडिय़ों को पकड़ा. कार्रवाई के दौरान 19 नग सागौन की सिल्ली, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 2 लाख रुपए बताई जा रही है, जब्त की गई. साथ ही एक होंडा सिटी कार और एक बोलेरो वाहन भी जब्त किए गए. कार्रवाई के दौरान सबसे चौंकाने वाली बात यह सामने आई कि पकड़ी गई बोलेरो एमपी 05 टी 2187 में बड़े अक्षरों में आरटीओ लिखा था. उस पर हूटर भी लगा था. आशंका जताई जा रही है कि वाहन को सरकारी वाहन जैसा स्वरूप देकर जांच से बचने और अवैध लकड़ी का परिवहन करने के लिए इस्तेमाल किया जा रहा था. वन विभाग ने दोनों वाहनों को जब्त कर लिया है.
जानकारी जुटा रहे, करेंगे कार्रवाई
आरटीओ प्रमोद कापसे ने कहा कि आरटीओ कार्यालय में दो गाड़ी अटैच हैं, जिसमें एक सरकारी है. उडऩदस्ते में भी दो गाड़ी अटैच हैं, जो यह नहीं है. फर्जी तरह से ही उपयोग किया जा रहा था. सीहोर आरटीओ के क्षेत्र अंतर्गत गाड़ी पकड़ाई हैं, लेकिन आरोपी और गाड़ी नर्मदापुरम की है. इसलिए हम भी इसकी जानकारी जुटा रहे हैं कि हमारे जिले में भी कहीं अपराधिक गतिविधियां इस गाड़ी से की जा रही थी या नहीं? गाड़ी के खिलाफ कार्रवाई के लिए पुलिस थाने को लिखा जाएगा.
Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-

