मुंबई. वैश्विक बाजारों से मिले कमजोर संकेतों और आगामी केंद्रीय बैंक बैठकों के चलते आज मंगलवार को भारतीय शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव देखा गया. घरेलू सूचकांक सेंसेक्स और निफ्टी लगभग सपाट स्तर पर बंद हुए.
30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 69.86 अंक की गिरावट के साथ 76,765.92 पर बंद हुआ. कारोबार के दौरान सेंसेक्स 76,988.48 के उच्च स्तर और 76,672.77 के निचले स्तर के बीच घूमता रहा. वहीं, पचास शेयरों वाला एनएसई निफ्टी 10.60 अंक फिसलकर 23,985.35 के स्तर पर आ गया.
हिंदुस्तान यूनिलीवर के शेयरों में भारी गिरावट
बाजार में गिरावट की मुख्य वजह एफएमसीजी दिग्गज हिंदुस्तान यूनिलीवर के निराशाजनक नतीजे रहे. चालू वित्त वर्ष की जून तिमाही में कंपनी का समेकित शुद्ध लाभ 3.17 प्रतिशत घटकर 2,680 करोड़ रह गया. ऊंचे टैक्स और असाधारण मदों के कारण मुनाफे में आई इस कमी से एचयूएल का शेयर 6.97 प्रतिशत तक टूट गया. इसके अलावा भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, एनटीपीसी, आईसीआईसीआई बैंक, पावर ग्रिड और रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों में भी बिकवाली देखी गई.
आईटी सेक्टर और कच्चे तेल से मिली राहत
गिरावट के बीच आईटी सेक्टर ने बाजार को सहारा दिया. टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज, टेक महिंद्रा, इन्फोसिस, टाइटन और इटरनल के शेयरों में अच्छी खरीदारी दर्ज की गई, जिसने सूचकांकों को और नीचे जाने से बचा लिया. इसके साथ ही अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड 2.8 प्रतिशत गिरकर 85.87 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया, जिससे मुद्रास्फीति (महंगाई) और कंपनियों की लागत बढ़ने की चिंताएं थोड़ी कम हुईं.

