नई दिल्ली. साउथ दिल्ली सुपरस्टार्ज ने बुधवार को दिल्ली प्रीमियर लीग 2026 के क्वालीफायर-1 में सेंट्रल दिल्ली किंग्स को 15 रन से हराकर फाइनल में जगह बना ली. अरुण जेटली स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में साउथ दिल्ली ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में सात विकेट पर 193 रन बनाए और इसके बाद सेंट्रल दिल्ली की पूरी टीम को 19.4 ओवर में 178 रन पर समेट दिया.
साउथ दिल्ली की जीत की नींव अनमोल शर्मा और कप्तान-विकेटकीपर तेजस्वी दहिया ने रखी. अनमोल ने 42 गेंदों पर 67 रन की तेजतर्रार पारी खेली, जिसमें आठ चौके और दो छक्के शामिल रहे. उनके साथ तेजस्वी ने 33 गेंदों पर 57 रन बनाए. उनकी पारी में तीन चौके और चार छक्के रहे. दोनों बल्लेबाजों ने ऐसे समय टीम को संभाला, जब शुरुआती ओवरों में बड़े स्कोर की राह पूरी तरह आसान नहीं दिख रही थी.
अनमोल और तेजस्वी की साझेदारी ने साउथ दिल्ली की पारी को गति दी. दोनों ने मैदान के चारों ओर शॉट लगाए और रन गति को लगातार बनाए रखा. आखिरी ओवरों में प्रांशु विजयरण ने छह गेंदों पर नाबाद 11 और विजन पंचाल ने तीन गेंदों पर नाबाद सात रन बनाकर टीम को 193 रन तक पहुंचाया. सेंट्रल दिल्ली की ओर से गवनीश खुराना ने तीन विकेट लेकर साउथ दिल्ली के बल्लेबाजों पर अंकुश लगाने की कोशिश की, जबकि केशव डबास को दो सफलता मिली.
194 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी सेंट्रल दिल्ली किंग्स की शुरुआत बेहद खराब रही. टीम ने शुरुआती झटकों के कारण 71 रन तक अपने पांच विकेट गंवा दिए. इस स्थिति में ऐसा लग रहा था कि साउथ दिल्ली आसानी से मुकाबला अपने पक्ष में कर लेगी, लेकिन केशव डबास और वंश बेदी ने मैच का रुख कुछ देर के लिए बदल दिया.
डबास ने 35 गेंदों पर 59 रन की आक्रामक पारी खेली, जबकि वंश बेदी ने महज 24 गेंदों में 52 रन ठोक दिए. बेदी ने अपनी पारी में पांच चौके और चार छक्के लगाए. दोनों ने तेजी से रन बनाते हुए सेंट्रल दिल्ली को मुकाबले में वापस ला दिया. एक समय ऐसा लगने लगा था कि शुरुआती झटकों के बावजूद किंग्स लक्ष्य तक पहुंच सकती है.
डबास और बेदी की साझेदारी ने साउथ दिल्ली के गेंदबाजों पर दबाव बढ़ा दिया था. दोनों बल्लेबाजों ने जोखिम उठाते हुए लगातार बाउंड्री लगाईं और आवश्यक रन गति को बनाए रखा. लेकिन जैसे-जैसे लक्ष्य नजदीक आया, साउथ दिल्ली ने दबाव में अपनी गेंदबाजी को संभाला और महत्वपूर्ण मौकों पर विकेट निकालकर वापसी की.
साउथ दिल्ली की ओर से दिवांश रावत ने निर्णायक भूमिका निभाई. उन्होंने 29 रन देकर तीन विकेट लिए. विजन पंचाल ने भी दो विकेट हासिल किए और पारी के अंतिम हिस्से में सेंट्रल दिल्ली की उम्मीदें समाप्त कर दीं. सेंट्रल दिल्ली की पूरी टीम 19.4 ओवर में 178 रन पर आउट हो गई और साउथ दिल्ली ने 15 रन से मुकाबला अपने नाम कर लिया. मैच के अंतिम ओवरों में लगातार विकेट गिरने से सेंट्रल दिल्ली की वह वापसी, जो कुछ देर पहले संभव नजर आ रही थी, जीत में नहीं बदल सकी.
इस जीत के साथ साउथ दिल्ली सीधे प्रतियोगिता के फाइनल में पहुंच गई है. क्वालीफायर-1 हारने के बावजूद सेंट्रल दिल्ली किंग्स के लिए प्रतियोगिता खत्म नहीं हुई है. उसे अब क्वालीफायर-2 में खेलने का एक और मौका मिलेगा. यानी सेंट्रल दिल्ली के पास फाइनल में पहुंचने के लिए अभी एक रास्ता खुला हुआ है.
मुकाबले में साउथ दिल्ली की जीत का सबसे बड़ा अंतर उसकी बल्लेबाजी और गेंदबाजी के बीच संतुलन रहा. पहले अनमोल और तेजस्वी ने मजबूत स्कोर की नींव रखी और फिर गेंदबाजों ने सेंट्रल दिल्ली की शुरुआती पारी को झटके दिए. हालांकि डबास और बेदी ने बीच में मुकाबले को पूरी तरह जीवंत कर दिया था, लेकिन साउथ दिल्ली के गेंदबाज आखिरी चरण में दबाव बनाए रखने में सफल रहे.
सेंट्रल दिल्ली के लिए डबास और बेदी की बल्लेबाजी सकारात्मक पहलू रही. 71 रन पर पांच विकेट गंवाने के बाद जिस तरह दोनों ने आक्रामक अंदाज में रन बनाए, उससे टीम की वापसी की उम्मीद जगी. डबास ने अनुभव के साथ पारी को आगे बढ़ाया, जबकि बेदी ने तेजी से रन बनाकर आवश्यक रन गति को काबू में रखने की कोशिश की. लेकिन दोनों के आउट होने के बाद निचले क्रम पर लक्ष्य तक पहुंचने का दबाव बढ़ गया.
साउथ दिल्ली के लिए अनमोल शर्मा की 67 रन की पारी और तेजस्वी दहिया के 57 रन विशेष रूप से महत्वपूर्ण रहे. दोनों ने मिलकर टीम को ऐसा स्कोर दिया, जिसने दूसरी पारी में गेंदबाजों को मुकाबले में बने रहने का पर्याप्त मौका दिया. 193 रन का लक्ष्य टी-20 क्रिकेट में चुनौतीपूर्ण था और शुरुआती विकेटों ने साउथ दिल्ली को स्पष्ट बढ़त भी दिलाई.
दिल्ली प्रीमियर लीग के इस सत्र में सेंट्रल दिल्ली किंग्स और साउथ दिल्ली सुपरस्टार्ज दोनों मजबूत टीमों के रूप में प्लेऑफ तक पहुंची थीं. लीग चरण के बाद क्वालीफायर-1 में दोनों का आमना-सामना हुआ और विजेता को सीधे फाइनल का टिकट मिलना था. साउथ दिल्ली ने इस मौके को अपने पक्ष में कर लिया. प्रतियोगिता का फाइनल 30 अगस्त को खेला जाना है.
इस मुकाबले की खास बात यह भी रही कि सेंट्रल दिल्ली ने हार के बावजूद मैच को एकतरफा नहीं होने दिया. 194 रन के लक्ष्य के सामने 71 रन पर पांच विकेट गंवाने के बाद डबास और बेदी ने जिस तरह से रन बनाए, उससे अंतिम ओवरों तक मुकाबले में रोमांच बना रहा. साउथ दिल्ली को आखिरी चार गेंदों में ही जीत की औपचारिक पुष्टि हुई, जब उसने सेंट्रल दिल्ली की अंतिम विकेट भी हासिल कर ली.
अब साउथ दिल्ली सुपरस्टार्ज फाइनल में अपने प्रतिद्वंद्वी का इंतजार करेगी, जबकि सेंट्रल दिल्ली किंग्स के सामने वापसी का मौका होगा. क्वालीफायर-2 जीतने वाली टीम ही फाइनल में साउथ दिल्ली से भिड़ेगी. इस तरह क्वालीफायर-1 का नतीजा साउथ दिल्ली के लिए सीधे खिताबी मुकाबले का टिकट लेकर आया, जबकि सेंट्रल दिल्ली को एक और मुकाबले के जरिए फाइनल तक पहुंचने की चुनौती का सामना करना होगा.
बुधवार के मुकाबले में 15 रन की जीत ने यह भी दिखाया कि टी-20 क्रिकेट में मजबूत शुरुआत के बावजूद आखिरी चरण में गेंदबाजी कितनी निर्णायक हो सकती है. सेंट्रल दिल्ली ने बीच के ओवरों में शानदार वापसी की, लेकिन साउथ दिल्ली ने दबाव के अंतिम दौर में विकेट निकालकर मैच अपने हाथ से जाने नहीं दिया. अब उसकी नजर 30 अगस्त के फाइनल में खिताब की ओर होगी.
Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-

