छत्तीसगढ़: धान खरीदी के नियमों में बड़ा बदलाव: एग्रीस्टैक पर पंजीयन अनिवार्य, पुराना पोर्टल खत्म

छत्तीसगढ़: धान खरीदी के नियमों में बड़ा बदलाव: एग्रीस्टैक पर पंजीयन अनिवार्य, पुराना पोर्टल खत्म

प्रेषित समय :17:36:00 PM / Sun, Sep 6th, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

रायपुर. छत्तीसगढ़ में खरीफ विपणन वर्ष 2026-27 के तहत न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर धान बेचने वाले लाखों किसानों के लिए बड़ी खबर है. राज्य सरकार ने केंद्र सरकार की पहल पर धान खरीदी व्यवस्था में महत्वपूर्ण बदलाव करते हुए एग्रीस्टैक (AgriStack) पोर्टल पर पंजीयन कराना पूरी तरह अनिवार्य कर दिया है. जिन किसानों का रजिस्ट्रेशन इस पोर्टल पर नहीं होगा, वे इस बार अपना धान नहीं बेच पाएंगे.

पुराना 'एकीकृत किसान पोर्टल' हुआ समाप्त
नए नियमों के लागू होने के साथ ही प्रदेश में वर्षों से चल रहा पुराना 'एकीकृत किसान पोर्टल' अब पूरी तरह बंद कर दिया गया है.

एकमात्र मान्य आधार: एग्रीस्टैक पोर्टल पर दर्ज डिजिटल रिकॉर्ड ही धान खरीदी की पात्रता तय करेगा.

डिजिटल क्रॉप सर्वे: किसानों के मान्य कृषि रकबे की पहचान इसी पोर्टल के आंकड़ों और डिजिटल क्रॉप सर्वे के जरिए की जाएगी.

पंजीयन की अंतिम तिथि 31 अक्टूबर
राज्य शासन के अनुसार, किसान 1 जुलाई से 31 अक्टूबर तक एग्रीस्टैक पोर्टल पर अपना नया पंजीयन या पुराने विवरण में संशोधन करवा सकते हैं.

पंजीयन कराने के माध्यम:
स्वयं ऑनलाइन: किसान आधिकारिक वेबसाइट छत्तीसगढ़ फार्मर रजिस्ट्री (CGFR) के माध्यम से घर बैठे पंजीयन कर सकते हैं.

निःशुल्क केंद्र: नजदीकी सहकारी समिति (सोसाइटी), चॉइस सेंटर, पटवारी या ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी की मदद से भी नि:शुल्क रजिस्ट्रेशन कराया जा सकता है.

संयुक्त खाताधारकों के लिए कड़े नियम
इस नई व्यवस्था में सह-खातेदारों के लिए नियमों को सख्त किया गया है:

प्रत्येक सदस्य का पंजीयन जरूरी: संयुक्त जमीन की स्थिति में केवल परिवार के मुखिया का पंजीयन काफी नहीं होगा.

हिस्सेदारी के अनुसार बिक्री: खसरे में दर्ज सभी सह-खातेदारों (जैसे भाई, बहन, बेटियां) का अलग-अलग एग्रीस्टैक पंजीयन अनिवार्य है, तभी वे अपनी हिस्सेदारी का धान बेच सकेंगे.

जिला प्रशासन अलर्ट, शिविर लगाकर होगा सत्यापन
धान खरीदी व्यवस्था को पारदर्शी और सुगम बनाने के लिए जिला प्रशासन ने तैयारियां शुरू कर दी हैं. दुर्ग कलेक्टर अभिजीत सिंह ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में विशेष शिविर लगाकर किसानों का सत्यापन, सहमति और एग्रीस्टैक पंजीयन कराया जा रहा है.

आंकड़े एक नजर में (सत्र 2025-26)
कुल पंजीकृत किसान: 27.40 लाख

धान बेचने वाले किसान: 25.49 लाख

पंजीकृत किसानों में वृद्धि: लगभग 1.91 लाख (7.5% अधिक)

प्रशासन ने सभी किसानों से अपील की है कि वे अंतिम तिथि का इंतजार किए बिना समय पर अपना एग्रीस्टैक पंजीयन सुनिश्चित कराएं.

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-