सथ्याबामा पर टिप्पणी से भड़के विजय, स्टालिन के खिलाफ चुनाव आयोग जाने की तैयारी

सथ्याबामा पर टिप्पणी से भड़के विजय, स्टालिन के खिलाफ चुनाव आयोग जाने की तैयारी

प्रेषित समय :14:45:53 PM / Sun, Oct 4th, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

चेन्नई. तमिलनाडु के धरापुरम विधानसभा उपचुनाव से पहले मुख्यमंत्री और तमिलगा वेत्री कझगम (TVK) प्रमुख सी. जोसेफ विजय ने डीएमके अध्यक्ष एमके स्टालिन पर निशाना साधा है. विजय ने आरोप लगाया कि स्टालिन ने TVK उम्मीदवार पी. सथ्याबामा के बारे में चुनावी सभा के दौरान आपत्तिजनक और उनकी शारीरिक बनावट पर टिप्पणी करने वाली भाषा का इस्तेमाल किया. विजय ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए स्टालिन के कथित बयान की कड़ी निंदा की और कहा कि उनकी पार्टी इस मामले को चुनाव आयोग के सामने उठाएगी. 

यह विवाद 6 अक्टूबर को होने वाले धरापुरम उपचुनाव से ठीक पहले सामने आया है. स्टालिन शुक्रवार को धरापुरम में डीएमके उम्मीदवार एस. सुगन्या के समर्थन में चुनाव प्रचार कर रहे थे. रिपोर्ट के अनुसार, इसी दौरान उन्होंने सथ्याबामा के AIADMK छोड़कर TVK में शामिल होने के फैसले पर टिप्पणी करते हुए उनके लिए “पेट्टी बामा” और “पल्टी बामा” जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया. TVK नेताओं ने इन टिप्पणियों को आपत्तिजनक बताते हुए विरोध जताया है. 

विजय ने सोशल मीडिया पोस्ट में जताया विरोध
विजय ने अपने पोस्ट में स्टालिन के कथित बयान को लेकर कड़ा विरोध दर्ज कराया. उन्होंने आरोप लगाया कि चुनावी सभा के मंच से सथ्याबामा की शारीरिक बनावट को लेकर टिप्पणी करना महिला उम्मीदवार के प्रति अनुचित व्यवहार है.

विजय ने कहा कि चुनाव प्रचार के दौरान राजनीतिक विरोध और नीतिगत मुद्दों पर बहस हो सकती है, लेकिन व्यक्तिगत टिप्पणियों को लेकर उन्होंने आपत्ति जताई. उन्होंने यह भी कहा कि धरापुरम के मतदाता इस पूरे विवाद का जवाब चुनाव के माध्यम से देंगे. 

हालांकि, स्टालिन की ओर से इन आरोपों पर इस रिपोर्ट के समय कोई विस्तृत प्रतिक्रिया उपलब्ध नहीं थी. इसलिए कथित टिप्पणी के आशय और संदर्भ को लेकर अंतिम निष्कर्ष संबंधित पक्षों के पूर्ण बयान और उपलब्ध रिकॉर्ड के आधार पर ही निकाला जा सकता है.

TVK ने चुनाव आयोग जाने की बात कही
TVK नेता और मंत्री सीटीआर निर्मल कुमार ने भी इस मामले पर स्टालिन की आलोचना की. कोयंबटूर एयरपोर्ट पर पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने आरोप लगाया कि सथ्याबामा के खिलाफ बॉडी-शेमिंग और अपमानजनक टिप्पणी की गई.

उन्होंने कहा कि पार्टी इस मामले को चुनाव आयोग के समक्ष ले जाएगी और स्टालिन से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की जाएगी. निर्मल कुमार ने विशेष रूप से सथ्याबामा के अनुसूचित जाति से होने का उल्लेख करते हुए चुनावी राजनीति में महिलाओं के प्रति सम्मानजनक भाषा के इस्तेमाल की मांग की. 

इसी बातचीत में TVK नेता ने उनकी पार्टी पर मतदाताओं को पैसे बांटने के आरोपों को भी खारिज किया. उन्होंने कहा कि पार्टी की नीति वोट के बदले पैसे देने की नहीं है.

धरापुरम में आमने-सामने हैं प्रमुख दल
धरापुरम उपचुनाव ने तमिलनाडु की सियासत में मुकाबले को और दिलचस्प बना दिया है. यह उपचुनाव पूर्व AIADMK विधायक पी. सथ्याबामा के इस्तीफे के बाद हो रहा है. सथ्याबामा ने AIADMK छोड़कर TVK का दामन थामा और अब इसी पार्टी के टिकट पर चुनाव मैदान में हैं.

DMK ने उनके खिलाफ एस. सुगन्या को उम्मीदवार बनाया है, जबकि AIADMK ने के. भानुमति को मैदान में उतारा है. ऐसे में सथ्याबामा का दल बदलना भी चुनाव प्रचार के प्रमुख मुद्दों में शामिल है.

स्टालिन की टिप्पणी को लेकर सामने आया विवाद इसी राजनीतिक पृष्ठभूमि में और महत्वपूर्ण हो गया है. एक तरफ DMK सथ्याबामा के TVK में जाने को लेकर सवाल उठा रही है, वहीं TVK उनके खिलाफ व्यक्तिगत टिप्पणी किए जाने का आरोप लगाकर जवाब दे रही है.

स्टालिन और विजय के बीच पहले से जारी है राजनीतिक टकराव
विजय और स्टालिन के बीच यह पहला सार्वजनिक राजनीतिक टकराव नहीं है. उपचुनाव से पहले दोनों नेताओं ने अलग-अलग इलाकों में प्रचार किया है और एक-दूसरे पर राजनीतिक निशाना साधा है.

2 अक्टूबर को धरापुरम में प्रचार के दौरान स्टालिन ने विजय से चुनाव आयोग और विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR से जुड़े मुद्दे पर उनके रुख को लेकर सवाल किया था. स्टालिन ने विजय से पूछा था कि क्या वह BJP से डरते हैं. उन्होंने विजय के मुख्यमंत्री के रूप में आचरण पर भी टिप्पणी की थी.

इसके जवाब में अब विजय ने सथ्याबामा से जुड़ी स्टालिन की कथित टिप्पणियों को मुद्दा बनाया है. इससे उपचुनाव के अंतिम चरण में दोनों दलों के बीच राजनीतिक बयानबाजी और तेज होती दिखाई दे रही है.

महिला उम्मीदवार को लेकर विवाद ने पकड़ा जोर
इस पूरे विवाद का एक प्रमुख पहलू चुनाव प्रचार के दौरान महिला उम्मीदवार को लेकर इस्तेमाल की गई भाषा है. TVK नेताओं का आरोप है कि सथ्याबामा की राजनीतिक भूमिका और उनके दल बदलने पर सवाल उठाने के बजाय उनकी शारीरिक बनावट को लेकर टिप्पणी की गई.

दूसरी ओर, स्टालिन की बताई गई टिप्पणियों का संदर्भ उनके दल बदलने के राजनीतिक फैसले पर कटाक्ष से जुड़ा बताया जा रहा है. ऐसे में विवाद का केंद्र यह है कि चुनावी आलोचना की सीमा कहां तक होनी चाहिए और क्या व्यक्तिगत टिप्पणी को राजनीतिक प्रचार का हिस्सा बनाया जाना उचित है.

हालांकि, इस मामले में दोनों पक्षों के दावों और बयानों को अलग-अलग देखना जरूरी है. फिलहाल TVK की ओर से लगाए गए आरोपों के आधार पर ही टिप्पणी को आपत्तिजनक या बॉडी-शेमिंग बताया जा रहा है. 

6 अक्टूबर को होना है उपचुनाव
धरापुरम समेत तमिलनाडु में उपचुनाव 6 अक्टूबर को निर्धारित हैं. मतदान से कुछ दिन पहले सामने आया यह विवाद राजनीतिक अभियान में नया मुद्दा बन गया है.

TVK की ओर से चुनाव आयोग में शिकायत किए जाने की बात कही गई है. यदि शिकायत दाखिल होती है, तो चुनाव आयोग के स्तर पर मामले की जांच और संबंधित पक्षों से जवाब मांगे जाने की प्रक्रिया आगे बढ़ सकती है.

फिलहाल राजनीतिक बयानबाजी के बीच धरापुरम में चुनाव प्रचार जारी है. एक ओर DMK अपने उम्मीदवार के पक्ष में अभियान चला रही है, वहीं TVK सथ्याबामा को लेकर उठे विवाद को महिला सम्मान और चुनावी भाषा के मुद्दे से जोड़कर सामने रख रही है.

इस पूरे मामले में आगे की तस्वीर चुनाव आयोग के समक्ष शिकायत, संबंधित नेताओं के अगले बयानों और चुनाव प्रचार के दौरान सामने आने वाले घटनाक्रम से स्पष्ट होगी. 

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-