अमित शाह का दावा- 2027 में पंजाब में बनेगी NDA सरकार, अकाली दल से गठबंधन की अटकलें तेज

अमित शाह का दावा- 2027 में पंजाब में बनेगी NDA सरकार, अकाली दल से गठबंधन की अटकलें तेज

प्रेषित समय :14:55:24 PM / Thu, Oct 22nd, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

नई दिल्ली. पंजाब की राजनीति में 2027 के विधानसभा चुनावों को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने दावा किया है कि आगामी विधानसभा चुनाव में राज्य में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) की सरकार बनेगी. उनके इस बयान के बाद भारतीय जनता पार्टी (BJP) और शिरोमणि अकाली दल (SAD) के बीच दोबारा गठबंधन होने की संभावनाओं पर चर्चा शुरू हो गई है.

अमित शाह ने दिल्ली में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान पंजाब की आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि राज्य की जनता मौजूदा सरकार के कामकाज से संतुष्ट नहीं है. उन्होंने दावा किया कि आगामी चुनाव में पंजाब की सत्ता में बदलाव होगा और एनडीए सरकार बनाएगा.

पंजाब में नशे के कारोबार को खत्म करने का दावा

गृह मंत्री ने पंजाब में नशे की समस्या को लेकर भी बड़ा बयान दिया. उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार का लक्ष्य वर्ष 2029 तक पंजाब से नशे के कारोबार को समाप्त करना है. शाह ने आरोप लगाया कि राज्य में आम आदमी पार्टी की सरकार के कार्यकाल में नशे का कारोबार बढ़ा है.

उन्होंने दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और पंजाब सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि केवल राजनीतिक बयानबाजी से समस्याओं का समाधान नहीं हो सकता, बल्कि सरकारों को अपने कामकाज के नतीजे भी दिखाने पड़ते हैं. शाह ने दावा किया कि अगले विधानसभा चुनाव में आम आदमी पार्टी को पंजाब में बड़ा राजनीतिक नुकसान उठाना पड़ सकता है.

पंजाब दौरे पर पीड़ित परिवारों से मिले थे अमित शाह

अमित शाह हाल के महीनों में पंजाब का दौरा कर नशे के खिलाफ अभियान को लेकर अपनी प्रतिबद्धता जता चुके हैं. अपने हालिया दौरे के दौरान उन्होंने गुरदासपुर, संगरूर और मानसा में उन परिवारों से मुलाकात की थी, जिन्होंने नशे के खिलाफ आवाज उठाने के दौरान अपने परिजनों को खोया.

इस दौरान उन्होंने पीड़ित परिवारों को भरोसा दिलाया कि नशा तस्करी में शामिल लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी. उन्होंने यह भी कहा कि नशे के खिलाफ आवाज उठाने वालों को डराने या उनकी आवाज दबाने की कोशिशों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा.

भाजपा-अकाली दल के बीच फिर बन सकता है गठबंधन?

अमित शाह के बयान के बाद भाजपा और शिरोमणि अकाली दल के संभावित गठबंधन को लेकर राजनीतिक चर्चाएं तेज हो गई हैं. दोनों दल लंबे समय तक पंजाब की राजनीति में सहयोगी रहे हैं. हालांकि, फिलहाल शाह के बयान को दोनों पार्टियों के बीच औपचारिक गठबंधन की घोषणा नहीं माना जा सकता.

भाजपा और अकाली दल का गठबंधन वर्ष 2020 में कृषि कानूनों को लेकर हुए विवाद के बाद टूट गया था. उस समय शिरोमणि अकाली दल ने कृषि कानूनों के विरोध में एनडीए से अलग होने का फैसला किया था. इसके बाद दोनों दलों ने 2022 के पंजाब विधानसभा चुनाव अलग-अलग लड़े.

2022 के चुनाव में AAP को मिला था भारी बहुमत

पंजाब विधानसभा चुनाव 2022 में आम आदमी पार्टी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 117 में से 92 सीटों पर जीत दर्ज की थी और राज्य में सरकार बनाई थी. वहीं, शिरोमणि अकाली दल को तीन सीटें मिली थीं, जबकि भाजपा दो सीटों पर सिमट गई थी.

अब 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले भाजपा की ओर से पंजाब में सरकार बनाने का दावा और अकाली दल के साथ संभावित गठबंधन की चर्चाएं राज्य की राजनीति में अहम मुद्दा बन सकती हैं. हालांकि, दोनों दलों के बीच गठबंधन को लेकर अंतिम तस्वीर आने वाले समय में ही स्पष्ट होगी.

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-