रविवार 06 अप्रैल , 2025

China ने यूएसए को दी चेतावनी, भारत के साथ हमारे संबंधों में दखलअंदाजी न करे बाइडेन सरकार

China ने यूएसए को दी चेतावनी, भारत के साथ हमारे संबंधों में दखलअंदाजी न करे बाइडेन सरकार

प्रेषित समय :16:42:39 PM / Wed, Nov 30th, 2022

बीजिंग. पेंटागन की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि चीन ने अमेरिकी अधिकारियों को भारत के साथ उसके संबंधों में दखलअंदाजी नहीं करने की चेतावनी दी है. पेंटागन की रिपोर्ट में चीन की ओर से कहा गया है कि वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर भारत के साथ अपने गतिरोध के दौरान चीनी अधिकारियों ने संकट की गंभीरता को कम करने की कोशिश की.

रिपोर्ट में दावा किया गया है कि चीन ने एलएसी की स्थिरता को बनाए रखने और भारत के साथ अपने द्विपक्षीय संबंधों के अन्य क्षेत्रों को नुकसान पहुंचाने से गतिरोध को रोकने के बीजिंग के इरादे पर जोर दिया. पेंटागन ने रिपोर्ट में कहा, पीआरसी (पीपुल्स रिपब्लिक ऑफ चाइना) भारत को संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ अधिक निकटता से भागीदार बनाने से रोकने के लिए सीमा पर तनाव को खत्म करना चाहता है.

अमेरिका पर क्यों भड़का चीन?

पीआरसी अधिकारियों ने अमेरिकी अधिकारियों को चेतावनी दी है कि वे भारत के साथ पीआरसी के संबंधों में हस्तक्षेप न करें. दरअसल, पेंटागन ने कहा था कि 2021 में पीएलए ने चीन-भारत सीमा पर एक खंड में बलों की तैनाती को बनाए रखा और एलएसी के साथ बुनियादी ढांचे का निर्माण जारी रखा. इससे पहले मई 2020 में चीन और भारतीय सैनिकों के बीच एलएसी पर झड़प भी हुई थी.

पेंटागन ने कहा कि दोनों देशों ने एक-दूसरे की सेना को वापस लेने और गतिरोध से पहले की स्थिति में लौटने की मांग की, लेकिन न तो चीन और न ही भारत उन शर्तों पर सहमत हुए. पीआरसी ने भारतीय बुनियादी ढांचे के निर्माण पर गतिरोध को दोषी ठहराया, जिसे उसने पीआरसी क्षेत्र पर अतिक्रमण के रूप में देखा, जबकि भारत ने चीन पर भारत के क्षेत्र में आक्रामक घुसपैठ शुरू करने का आरोप लगाया.

पीएलए ने सेना की मौजूदगी बरकरार रखी है

रिपोर्ट में कहा गया है कि 2020 की झड़प के बाद से पीएलए ने लगातार बल की उपस्थिति बनाए रखी है और एलएसी के साथ बुनियादी ढांचे का निर्माण जारी रखा है. रिपोर्ट में कहा गया है कि 2020 की गालवान घाटी की घटना पिछले 46 वर्षों में दोनों देशों के बीच सबसे घातक संघर्ष थी.

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-

यूएसए में अब गांजा रखना क्राइम नहीं, प्रेसीडेंट बाइडन ने हजारों लोगों को जेल से रिहा करने का दिया आदेश

गुजरात के प्रिंस मानवेंद्र ने यूएसए में की समलैंगिक से शादी, 2006 में किया था खुद को गे घोषित

यूएसए में 1994 के बाद पहली बार इतनी ज्यादा बढ़ाई गई ब्याज दर, भारत पर यह होगा असर

राजस्थान: डॉगी की मौत पर मालिक ने कराया मुंडन, इलाज के लिए यूएसए से ढाई लाख की दवा मंगाई थी, मृत्युभोज कराया

रूस ने बनाई अपने दुश्मन देशों की लिस्ट, यूएसए, यूके सहित 31 देशों को माना दुश्मन, चीनी मीडिया ने किया दावा

Leave a Reply