मुंबई. ठाणे जिले की अंबरनाथ नगर परिषद में एकनाथ शिंदे की शिवसेना को सत्ता से बाहर रखने के लिए स्थानीय भाजपा और कांग्रेस नेताओं को हाथ मिलाना भारी पड़ा है. इस गठबंधन पर दोनों पार्टियों के शीर्ष नेतृत्व ने कड़ा रुख अपनाया है. कांग्रेस ने अंबरनाथ के ब्लॉक अध्यक्ष प्रदीप पाटिल समेत सभी 12 नवनिर्वाचित पार्षदों को निलंबित कर दिया है. जबकि भाजपा भी कार्रवाई की तैयारी में है.
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस या असदुद्दीन ओवैसी की एआईएमआईएम के साथ कोई भी गठबंधन स्वीकार्य नहीं है और इसे तुरंत तोडऩे के लिए कहा गया है. पार्टी के संबंधित नेताओं के खिलाफ कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं.
इस बीच, महाराष्ट्र प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने अंबरनाथ ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष प्रदीप पाटिल और हाल ही में चुनकर आए सभी 12 नगरसेवकों (पार्षदों) को पार्टी से तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है. यह कार्रवाई प्रदेश अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल के आदेश पर की गई है.
प्रदेश कांग्रेस की ओर से जारी आधिकारिक पत्र में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि अंबरनाथ इकाई ने प्रदेश कार्यालय को बिना किसी पूर्व सूचना या अनुमति के भाजपा के साथ गठबंधन किया, जिसकी जानकारी पार्टी नेतृत्व को मीडिया के माध्यम से मिली. यह कृत्य कांग्रेस की छवि को नुकसान पहुंचाने वाला और पार्टी अनुशासन का खुला उल्लंघन है. इसलिए प्रदेश अध्यक्ष के निर्देश पर अंबरनाथ ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष प्रदीप पाटिल को कांग्रेस से निलंबित किया जा रहा है. साथ ही अंबरनाथ ब्लॉक कांग्रेस की पूरी कार्यकारिणी को भी बर्खास्त करने का फैसला लिया गया है. कांग्रेस के चिह्न पर चुनाव जीतकर आए सभी 12 पार्षदों को भी अनुशासन भंग करने के लिए निलंबित कर दिया गया है.
अजब-गजब गठबंधन क्यों?
अंबरनाथ में शिवसेना 27 सीट जीतकर सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी थी, लेकिन बहुमत के लिए 31 सीटों की जरूरत थी. सबसे बड़ी पार्टी होने के बावजूद शिवसेना को सत्ता से बाहर रखने के लिए भाजपा ने कांग्रेस और एनसीपी (अजित पवार) के साथ मिलकर अंबरनाथ विकास अघाड़ी गठबंधन बनाया और बहुमत हासिल कर लिया. भाजपा के 14 पार्षद, कांग्रेस के 12 पार्षद एनसीपी के 4 पार्षद जीते थे. इसके बाद भाजपा की तेजश्री करंजुले पाटिल नगर परिषद की अध्यक्ष चुनी गईं. हालांकि शिंदे की शिवसेना ने इस गठबंधन को अनैतिक व मौकापरस्ती बताया.
Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-

