तमिलनाडु में पीएम मोदी ने फूंका चुनावी शंखनाद, बोले बनने जा रही एनडीए की डबल इंजन सरकार

तमिलनाडु में पीएम मोदी ने फूंका चुनावी शंखनाद, बोले बनने जा रही एनडीए की डबल इंजन सरकार

प्रेषित समय :21:04:40 PM / Fri, Jan 23rd, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

चेन्नई.मदुरंतकम में शुक्रवार को आयोजित एक विशाल जनसभा के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने साल 2026 के तमिलनाडु विधानसभा चुनावों का औपचारिक शंखनाद कर दिया. भारतीय जनता पार्टी के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) के शक्ति प्रदर्शन के रूप में देखी जा रही इस रैली में प्रधानमंत्री ने सत्तारूढ़ डीएमके सरकार पर अब तक का सबसे तीखा हमला बोला. मंच पर एआईएडीएमके महासचिव एडप्पादी के पलानीस्वामी, पीएमके नेता अंबुमणि रामदास और एएमएमके प्रमुख टीटीवी दिनाकरण जैसे दिग्गजों की मौजूदगी ने राज्य के राजनीतिक समीकरणों को पूरी तरह से बदल दिया है. प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में स्पष्ट रूप से कहा कि तमिलनाडु की जनता अब परिवारवाद और भ्रष्टाचार से ऊब चुकी है और राज्य में डीएमके की विदाई की उल्टी गिनती शुरू हो चुकी है. उन्होंने विश्वास जताया कि आगामी चुनावों के बाद तमिलनाडु में एनडीए की भारी बहुमत वाली 'डबल इंजन' सरकार बनेगी जो केंद्र और राज्य के बीच विकास के तालमेल को एक नई ऊंचाई पर ले जाएगी.

प्रधानमंत्री मोदी ने डीएमके पर जनता के विश्वास के साथ विश्वासघात करने का गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि इस पार्टी ने केवल अपने स्वार्थों को साधा है और जनहित की अनदेखी की है. उन्होंने कहा कि तमिलनाडु की महान संस्कृति और विरासत को केवल एनडीए ही सुरक्षित रख सकती है. इस दौरान उन्होंने मंच पर मौजूद गठबंधन सहयोगियों के साथ एकजुटता दिखाई, जो इस बात का संकेत है कि विपक्ष इस बार पूरी ताकत के साथ मैदान में उतरने को तैयार है. विशेष रूप से एएमएमके नेता टीटीवी दिनाकरण का गठबंधन में शामिल होना चर्चा का विषय रहा. दिनाकरण ने स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी ने बिना किसी दबाव या मजबूरी के स्वेच्छा से एनडीए का साथ देने का फैसला किया है ताकि तमिलनाडु से डीएमके के शासन को उखाड़ फेंका जा सके. उन्होंने इस गठबंधन को राज्य की भलाई के लिए एकमात्र विकल्प बताया और कार्यकर्ताओं से एकजुट होकर चुनाव की तैयारियों में जुटने का आह्वान किया.

रैली के दौरान प्रधानमंत्री ने केंद्र सरकार की योजनाओं का जिक्र करते हुए यह समझाने का प्रयास किया कि कैसे एक अनुकूल राज्य सरकार के अभाव में तमिलनाडु के लोग विकास की मुख्यधारा से पीछे छूट रहे हैं. उन्होंने जोर देकर कहा कि जब केंद्र और राज्य दोनों जगह एक ही विचारधारा और गठबंधन की सरकार होगी, तो विकास की रफ्तार दोगुनी हो जाएगी. सभा में उमड़ी भारी भीड़ और गठबंधन के बड़े नेताओं की एक साथ उपस्थिति ने राजनीतिक विश्लेषकों को यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि क्या 2026 में तमिलनाडु का राजनीतिक इतिहास बदलने वाला है. एआईएडीएमके महासचिव ईपीएस और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष नयनार नागेंद्रन के बीच का सामंजस्य यह दर्शाता है कि गठबंधन में सीटों के बंटवारे और चुनावी रणनीति को लेकर अंदरूनी तौर पर ठोस काम हो चुका है.

अंत में प्रधानमंत्री ने तमिल संस्कृति के प्रति अपना सम्मान जताते हुए जनता से अपील की कि वे इस बार बदलाव का हिस्सा बनें और राज्य को भ्रष्टाचार के दलदल से बाहर निकालें. मदुरंतकम की यह रैली न केवल भाजपा के लिए बल्कि पूरे एनडीए कुनबे के लिए एक संजीवनी की तरह देखी जा रही है, जिसने चुनाव से काफी पहले ही माहौल को गरमा दिया है. राजनीतिक गलियारों में अब यह चर्चा तेज है कि प्रधानमंत्री मोदी का यह दौरा तमिलनाडु की राजनीति में सत्ता परिवर्तन की नींव रखने वाला साबित होगा और आने वाले महीनों में राज्य में चुनावी गतिविधियां और तेज होंगी.

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-