* प्रदीप द्विवेदी (ऐस्ट्रोपॉलिटिकल एनालिसिस).
अमेरिका में राष्ट्रपति पद के लिए वर्ष 2020 के चुनाव के पहले लिखा था कि- डोनाल्ड ट्रंप को कोई चमत्कार ही अमेरिकन राष्ट्रपति के चुनाव में जीत दिला सकता है.
उनकी प्रचलित कुंडली पर नजर डालें तो गुरु की महादशा में ट्रंप पहली बार अमेरिका के राष्ट्रपति बने, लेकिन उनका कार्यकाल कई विवादों से घिरा रहा, खासकर, बेलगाम बयानों और अविश्वसनीय सियासी व्यवहार ने उनकी पॉलिटिकल इमेज को काफी नुकसान पहुंचाया.
डोनाल्ड ट्रंप का फिलहाल समय अच्छा चल रहा है, लेकिन बहुत जल्दी बाजी बदल सकती है. यदि 20 अप्रैल 2026 से पहले वे सारी स्थिति को सुधारने में कामयाब नहीं रहते हैं, तब उनके लिए मुश्किलें बढ़ती जाएंगी, क्योंकि 20 अप्रैल के बाद जहां उनके निर्णय लेने की क्षमता और योग्यता पर बुरा असर पड़ेगा, वहीं झूठी आशाएं भ्रमित कर देंगी. यहां तक की, कई मित्रों से भी संबंध खराब हो सकते हैं. इसके अलावा स्वास्थ्य के मोर्चे पर दिक्कतें शुरू हो सकती हैं.
वैसे 2026 का उत्तरार्ध राहत दे सकता है, लेकिन सितंबर माह में अचानक समस्या खड़ी हो सकती है. भाषा पर अगर नियंत्रण नहीं रहा, तो बड़ी परेशानी में पड़ सकते हैं.
इस दौरान ऊपर से सब कुछ अच्छा नजर आ सकता है, लेकिन अंदर से परेशानी बढ़ेगी और सहयोगियों से भी विवाद संभव है. पद खोने का भी खतरा बना है. महिलाओं के मामले में सतर्क रहने की खास जरूरत है, अचानक बदनामी हो सकती है.
आनेवाले वर्षों पर नजर डालें, तो यह वर्ष तो परेशानियों से भरा है, लेकिन 2027 के उत्तरार्ध में काफी हद तक राहत मिलेगी. इसी तरह वर्ष 2028 भी ठीक-ठाक है, तो 2029 भी बेहतर नतीजे दे सकता है, लेकिन 2030 के उत्तरार्ध से एक बार फिर बड़ी परेशानी खड़ी हो सकती है.
कुल मिलाकर देखें तो इस पूरे साल सतर्क रहने की जरूरत है, खासकर हेल्थ को लेकर सवालिया निशान है, यदि लापरवाही रही तो कुछ भी अनहोनी हो सकती है.
खास बात यह है कि जिन पर डोनाल्ड ट्रंप भरोसा कर रहे हैं, वे उनकी उम्मीदों पर खरा नहीं उतरेंगे!

