चैत्र नवरात्र के अवसर पर बिहार के गयाजी जिले में स्थित मां तारा नगरी केसपा में भक्तों की भीड़

चैत्र नवरात्र के अवसर पर बिहार के गयाजी जिले में स्थित मां तारा नगरी केसपा में भक्तों की भीड़

प्रेषित समय :19:03:38 PM / Tue, Mar 24th, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

अनिल मिश्र/पटना 

चैत्र नवरात्र के पावन अवसर पर प्रखंड अंतर्गत सांसद आदर्श ग्राम केसपा स्थित लोक आस्था के महाकेंद्र मां तारा देवी मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है. नवरात्रि को नारी शक्ति के पूजन का पर्व माना जाता है, जहां भक्तगण श्रद्धा और भक्ति के साथ माता की आराधना में लीन हैं.विगत वर्ष बिहार सरकार द्वारा केसपा ग्राम में मां तारा देवी महोत्सव का भव्य आयोजन किया गया था, लेकिन इस वर्ष महोत्सव के स्थगित होने से ग्रामीणों एवं श्रद्धालुओं में मायूसी देखी जा रही है. स्थानीय लोगों ने एक बार फिर बसंतीय नवरात्र के अवसर पर इस महोत्सव के आयोजन की मांग उठाई है.

इसी क्रम में नवरात्र अष्टमी की रात्रि 26 मार्च (बृहस्पतिवार) को प्रसिद्ध लोकगीत गायक संतोष सुरीला द्वारा भक्ति संगीत की विशेष प्रस्तुति दी जाएगी, जिसे लेकर श्रद्धालुओं में उत्साह है. अष्टमी की रात माता के भव्य श्रृंगार दर्शन के लिए दूर-दूर से लोग यहां पहुंचते हैं.आज भी मंदिर में दशकों पुरानी एक परंपरा चर्चा का विषय बनी हुई है. नवरात्र के प्रथम दिन से अष्टमी तक मंदिर के गर्भगृह में महिलाओं के प्रवेश पर रोक है. इसके बावजूद महिलाएं बड़ी संख्या में मंदिर पहुंचकर माता का दर्शन कर रही हैं. इस पर सामाजिक कार्यकर्ता हिमांशु शेखर ने इसे पुरुष प्रधान सोच की देन बताते हुए इस परंपरा में बदलाव की आवश्यकता पर बल दिया है.

मंदिर परिसर में पूजा-अर्चना के साथ हवन कुंड में विधिवत हवन किया जा रहा है. यहां स्थित हवन कुंड को लेकर श्रद्धालुओं के बीच विशेष आस्था है. यह अलौकिक कुंड आज तक कभी  भरा नहीं है, और अपने भीतर कई अलौकिक रहस्य समेटे हुए है. माता के दर्शन के बाद श्रद्धालु गांव में स्थापित भगवान बुद्ध की आदमकद प्रतिमा, गरुड़ पर सवार भगवान विष्णु तथा भगवान सूर्य की प्रतिमा के दर्शन भी कर रहे हैं, जिससे इस क्षेत्र का धार्मिक महत्व और बढ़ जाता है.नवरात्र के अवसर पर मंदिर के आसपास अस्थायी दुकानों की भी सजावट हो गई है, जहां पूजन सामग्री, प्रसाद और अन्य आवश्यक वस्तुएं उपलब्ध हैं. मां तारा नगरी केसपा भक्ति, आस्था और परंपरा का जीवंत केंद्र है.

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-