जबलपुर/नरसिंहपुर. भ्रष्टाचार के खिलाफ लोकायुक्त जबलपुर द्वारा चलाए जा रहे अभियान के तहत सोमवार 1 जून को बड़ी कार्रवाई करते हुए एक पटवारी को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया. लोकायुक्त टीम ने गोटेगांव तहसील के पटवारी घनश्याम गढ़वाल को नामांतरण प्रकरण में रिश्वत लेते हुए दबोच लिया. कार्रवाई के बाद राजस्व महकमे में हड़कंप की स्थिति बन गई.
जमीन का नामांतरण कराने के लिए मांगी थी रिश्वत
लोकायुक्त पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार आवेदक संदीप कुमार, पिता बलराम सिंह, निवासी पड़रिया, पोस्ट गजे, तहसील गोटेगांव, जिला नरसिंहपुर की माताजी ममता देवी ने 29 अप्रैल 2026 को ग्राम मुआर में लगभग 7 एकड़ कृषि भूमि खरीदी थी. उक्त भूमि के नामांतरण की प्रक्रिया पूर्ण करने के लिए संबंधित हल्का पटवारी घनश्याम गढ़वाल द्वारा आवेदक से 10 हजार रुपये रिश्वत की मांग की जा रही थी.
रिश्वत की मांग से परेशान होकर आवेदक ने पुलिस अधीक्षक लोकायुक्त जबलपुर कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई. शिकायत प्राप्त होने के बाद लोकायुक्त टीम ने मामले का गोपनीय सत्यापन कराया. जांच के दौरान पटवारी द्वारा रिश्वत मांगने की शिकायत सही पाई गई. सत्यापन के दौरान आरोपी 10 हजार रुपये की जगह 5 हजार रुपये लेने पर तैयार हो गया.
निजी कार्यालय में हुई कार्रवाई
पूर्व नियोजित योजना के तहत सोमवार 1 जून को लोकायुक्त टीम ने जाल बिछाया. आरोपी पटवारी घनश्याम गढ़वाल, हल्का नंबर-41 ग्राम मुरदई, तहसील गोटेगांव को उसके निजी कार्यालय, महिंद्रा शोरूम के बगल, टीला गोटेगांव में आवेदक से 5 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ लिया गया. जैसे ही आरोपी ने रिश्वत की राशि स्वीकार की, पहले से तैनात लोकायुक्त टीम ने उसे मौके पर ही दबोच लिया.
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में किया सफल ट्रैप
यह कार्रवाई पुलिस महानिदेशक लोकायुक्त योगेश देशमुख के भ्रष्टाचार के विरुद्ध सख्त कार्रवाई संबंधी निर्देशों तथा पुलिस महानिरीक्षक लोकायुक्त मनोज सिंह के मार्गदर्शन में संपन्न की गई. ट्रैप कार्रवाई में टीएलओ निरीक्षक राहुल गजभिए, निरीक्षक्ष जितेंद्र यादव सहित लोकायुक्त जबलपुर की विशेष टीम शामिल रही.
Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-


