पुणे हत्याकांड में नया मोड़, चेतन चौधरी के वकील बोले केवल प्रेमी होने के आधार पर फंसाया गया

पुणे हत्याकांड में नया मोड़, चेतन चौधरी के वकील बोले केवल प्रेमी होने के आधार पर फंसाया गया

प्रेषित समय :21:05:26 PM / Wed, Jun 24th, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर
पुणे. चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड में एक नया मोड़ सामने आया है. मामले में गिरफ्तार आरोपी चेतन चौधरी की ओर से अदालत में पेश हुए बचाव पक्ष के वकील ने दावा किया है कि उनके मुवक्किल के खिलाफ कोई ठोस आरोप नहीं हैं और उन्हें केवल मुख्य आरोपी सिया गोयल का प्रेमी होने के कारण मामले में फंसाया गया है. वहीं पुलिस का कहना है कि जांच में मिले इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य, सीसीटीवी फुटेज और दोनों आरोपियों के बीच हुई बातचीत ने हत्या की साजिश में उनकी भूमिका को मजबूत किया है. गौरतलब है कि 18 जून को पुणे के व्यवसायी केतन विष्णु अग्रवाल की लोनावला के लोहगढ़ किले के पास संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी. प्रारंभिक तौर पर इसे एक दुर्घटना माना गया था, लेकिन जांच आगे बढ़ने पर मामला हत्या का निकला. इसके बाद पुलिस ने मृतक की मंगेतर सिया गोयल और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी को गिरफ्तार कर लिया. चेतन चौधरी की ओर से पैरवी कर रहे अधिवक्ता राम शाहणे ने कहा कि प्राथमिकी में उनके मुवक्किल की भूमिका स्पष्ट रूप से वर्णित नहीं है. उन्होंने कहा कि एफआईआर में केवल इतना उल्लेख है कि चेतन चौधरी सिया गोयल का प्रेमी है. वकील के अनुसार किसी व्यक्ति का किसी से संबंध होना अपने आप में अपराध में उसकी संलिप्तता सिद्ध नहीं करता. उन्होंने अदालत में दलील दी कि चेतन के खिलाफ लगाए गए आरोप अभी तक ठोस और स्पष्ट नहीं हैं. बचाव पक्ष का कहना है कि जांच अभी प्रारंभिक चरण में है और पुलिस सात दिन की रिमांड मांगकर मामले की गहन जांच कर रही है. ऐसे में केवल संदेह या संबंधों के आधार पर किसी व्यक्ति को दोषी नहीं ठहराया जा सकता. वकील ने यह भी कहा कि उनके मुवक्किल को मामले में अनुचित रूप से शामिल किया गया है और जांच पूरी होने के बाद वास्तविक तथ्य सामने आएंगे. दूसरी ओर पुलिस का दावा है कि चेतन चौधरी की भूमिका को लेकर कई महत्वपूर्ण साक्ष्य सामने आए हैं. जांच एजेंसियों के अनुसार जिस दिन केतन अग्रवाल अपनी मंगेतर सिया गोयल के साथ लोहगढ़ किले पहुंचे थे, उस दिन चेतन चौधरी उनसे पहले ही वहां मौजूद था. पुलिस ने तलहटी क्षेत्र के सीसीटीवी फुटेज की जांच की, जिसमें एक व्यक्ति गर्मी के मौसम में हुडी पहनकर और सिर ढंककर घूमता दिखाई दिया. पुलिस का कहना है कि यह व्यक्ति चेतन चौधरी था. पुलिस अधिकारियों के अनुसार घटना वाले दिन सुबह का तापमान लगभग 33 डिग्री सेल्सियस था, ऐसे में हुडी पहनकर घूमना असामान्य प्रतीत हुआ. इसी आधार पर जांचकर्ताओं को संदेह हुआ और आगे की पड़ताल में कई महत्वपूर्ण तथ्य सामने आए. जांच में यह भी पता चला कि चेतन चौधरी कथित रूप से अपनी पहचान छिपाने के लिए अपना मोबाइल फोन अपने घर पर छोड़कर गया था, ताकि उसकी लोकेशन घटनास्थल से न जुड़ सके. पुलिस ने यह भी दावा किया है कि दोनों आरोपियों के बीच दो हजार से अधिक बार बातचीत हुई थी. इसके अलावा सीसीटीवी फुटेज और अन्य डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर दोनों से पूछताछ की गई. पुलिस के अनुसार पूछताछ के दौरान दोनों आरोपियों ने अपराध में अपनी संलिप्तता स्वीकार की है. हालांकि इन दावों की पुष्टि अभी न्यायिक प्रक्रिया के दौरान होना बाकी है. फिलहाल सिया गोयल और चेतन चौधरी दोनों को सात दिन की पुलिस हिरासत में भेजा गया है. पुलिस मामले के विभिन्न पहलुओं की जांच कर रही है और हत्या की कथित साजिश से जुड़े सबूत जुटा रही है. वहीं बचाव पक्ष लगातार यह दावा कर रहा है कि चेतन चौधरी के खिलाफ प्रत्यक्ष और ठोस साक्ष्य मौजूद नहीं हैं. ऐसे में अब इस बहुचर्चित मामले में आगे की जांच और अदालत की कार्यवाही पर सभी की नजरें टिकी हुई हैं. Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-