एमपी: सुको के आदेश के बाद भोजशाला से आधा किमी दूर नमाज के लिए प्रशासन ने स्थान किया तय, मुस्लिम पक्ष को नामंजूर

एमपी: सुको के आदेश के बाद भोजशाला से आधा किमी दूर नमाज के लिए प्रशासन ने स्थान किया तय, मुस्लिम पक्ष को नामंजूर

प्रेषित समय :15:25:15 PM / Fri, Jul 17th, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

धार. मध्य प्रदेश के धार में स्थित भोजशाला प्रकरण में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के पालन की दिशा में जिला प्रशासन ने शुक्रवार को मस्जिद पक्ष के लिए नमाज का स्थान तय कर दिया. सुबह आदेश की प्रमाणित प्रति मिलने के बाद अधिकारियों ने उसका अध्ययन किया और भोजशाला परिसर से करीब आधा किलोमीटर दूर मालीवाड़ा में एक खुले स्थान का चयन कर इसकी जानकारी मस्जिद पक्ष को दे दी.

हालांकि, शुक्रवार को यहां नमाज अदा नहीं की गई. मुस्लिम समाज की तरफ से अब्दुल समद सदर मौलाना वेलफेयर सोसाइटी ने कहा है कि यह जगह विवादित स्थल से 2 किलोमीटर दूर दी गई है, जो हमें मंजूर नहीं है. इसको लेकर सभी याचिकाकर्ता और इंटर विनर वापस से सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाएंगे. साथ ही यह भी स्पष्ट किया है कि वह अगले शुक्रवार कुछ प्रशासन द्वारा मुहैया कराई गई जमीन पर नमाज अदा नहीं करेंगे. इस तरह से मुस्लिम पक्ष ने अपनी स्थिति स्पष्ट कर दी है.

ऐतिहासिक भोजशाला के मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट द्वारा दिया गया आदेश जिला प्रशासन को प्राप्त होने के बाद प्रशासन आदेश के पालन को लेकर सक्रिय हो गया था. आदेश के अनुसार मुस्लिम पक्ष को नमाज करवाने के लिए खुला स्थान देने को लेकर प्रशासनिक अधिकारी हाईलेवल मीटिंग कर सभी संभावित विकल्पों को खंगाला.

उल्लेखनीय है कि हाई कोर्ट की इंदौर खंडपीठ के आदेश के बाद से भोजशाला में नमाज पर रोक लगा दी गई थी. इसके पूर्व हर शुक्रवार को मुस्लिम समाज दोपहर 1 से 3 बजे तक यहां नमाज अदा करता था. सुप्रीम कोर्ट ने भोजशाला परिसर से सटे अथवा उसके निकट स्थित स्थान पर नमाज के लिए जगह उपलब्ध कराने की बात कही है. वहीं हिंदू पक्ष ने भोजशाला के समीप 300 मीटर तक नमाज अदा करने को लेकर आपत्ति जताई है. ऐसे में सबकी निगाहें प्रशासन के निर्णय पर टिकी हुई थी.

सुप्रीम कोर्ट द्वारा 14 जुलाई को दिया गया आदेश जिला प्रशासन को प्राप्त हो गया है, जिसके बाद जिला प्रशासन की हाईलेवल मीटिंग की गई. बैठक में कलेक्टर राजीव रंजन मीना, एसपी सचिन शर्मा, एएसपी विजय डावर, एसडीएम, तहसीलदार दिनेश उइके सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे. मामले को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन किया जाएगा.

5 अगस्त को होगी अंतिम सुनवाई

सुप्रीम कोर्ट ने भोजशाला मामले की अपीलों को पांच अगस्त को अंतिम सुनवाई के लिए सूचीबद्ध किया है. इसका अर्थ यह नहीं है कि उसी दिन अंतिम फैसला आ जाएगा. अदालत सुनवाई पूरी कर निर्णय सुरक्षित रख सकती है या आगे की तारीख भी तय कर सकती है. फैसले के बाद 17 जुलाई का पहला शुक्रवार आज है. अब पांच अगस्त की सुनवाई से पहले 24 और 31 जुलाई को दो शुक्रवार आएंगे. ऐसे में इन दोनों दिनों की नमाज की अंतरिम व्यवस्था और प्रशासन द्वारा सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का पालन सबसे बड़ी परीक्षा होगी.
 

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-