उत्तर भारत के कई राज्यों में श्रावण मास 30 जुलाई 2026 से शुरू!

उत्तर भारत के कई राज्यों में श्रावण मास 30 जुलाई 2026 से शुरू!

प्रेषित समय :22:43:42 PM / Wed, Jul 29th, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

* प्रदीप लक्ष्मीनारायण द्विवेदी, बॉलीवुड एस्ट्रो एडवाइजर (व्हाट्सएप- 8875863494)
उत्तर भारत के कई राज्यों में श्रावण मास 30 जुलाई 2026 से शुरू होकर 28 अगस्त 2026 तक रहेगा, तो वागड़, गुजरात सहित दक्षिण, पश्चिम के कई राज्यों में 13 अगस्त 2026 से शुरू होकर 11 सितंबर 2026 तक रहेगा।

इस अंतर का कारण दो अलग-अलग पंचांग हैं। उत्तर भारत के ज्यादातर राज्यों में पूर्णिमांत पंचांग प्रचलित हैं, तो वागड़ सहित दक्षिण, पश्चिम के अनेक राज्यों में अमांत पंचाग के आधार पर निर्णय होता है।पूर्णिमांत का मतलब है- पूर्णिमा के बाद नया माह शुरू होना, तो अमांत का मतलब है- अमावस्या के बाद नया माह शुरू होना, इसलिए पूर्णिमांत पंचांग में श्रावण माह

पूर्णिमा के बाद शुरू होता है, तो अमांत पंचांग में श्रावण माह अमावास्या के बाद शुरू होता है और इसीलिए दोनों श्रावण माह में पंद्रह दिनों का अंतर है।

* श्रावण मास .-पूजा!
शुक्ल प्रतिपदा - रोटक .
शुक्ल द्वितीया - औदुम्बर .
शुक्ल तृतीया - स्वर्ण गौरी ., हरियाली तीज
शुक्ल चतुर्थी - दूर्वा गणपति .
शुक्ल पंचमी - नाग पंचमी
शुक्ल षष्ठी - सुपोदान .
शुक्ल सप्तमी - शीतला सप्तमी .
शुक्ल अष्टमी - देवी पवित्रारोपण
शुक्ल नवमी - कुमारी .
शुक्ल दशमी - आशा दशमी .
शुक्ल एकादशी - श्रीधर ., भगवान विष्णु एकादशी .
शुक्ल द्वादशी - भगवान विष्णु पवित्रारोपण
शुक्ल त्रयोदशी - कामदेव षोडश पूजा
शुक्ल चतुर्दशी - शिव पूजा
पूर्णिमा - रक्षा बंधन, हयग्रीव जयन्ती, श्रावणी कर्म
कृष्ण तृतीया - कजरी तीज
कृष्ण चतुर्थी - संकट चतुर्थी ., बहुला चतुर्थी
कृष्ण पञ्चमी - मानव कल्पादि .
कृष्ण षष्ठी - बलराम जयन्ती
कृष्ण अष्टमी - कृष्ण जन्माष्टमी .
कृष्ण चतुर्दशी - श्रावण शिवरात्रि .
अमावस्या - पिठोर .

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-