जबलपुर में पटवारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरु, कैडर रिव्यू, पदोन्नति, वेतन विसंगति के मुद्दे उठाए

जबलपुर में पटवारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरु, कैडर रिव्यू, पदोन्नति, वेतन विसंगति के मुद्दे उठाए

प्रेषित समय :16:31:00 PM / Mon, Aug 3rd, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

जबलपुर। एमपी के जबलपुर में मध्य प्रदेश पटवारी संघ की अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी है। जिला शाखा जबलपुर के तत्वावधान में लगभग 498 पटवारी अपनी लंबित मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। उनकी प्रमुख मांगों में कैडर रिव्यू, पदोन्नति और समयमान वेतनमान शामिल हैं। पटवारियों ने स्पष्ट किया है कि जब तक इन मांगों का निराकरण नहीं होता, आंदोलन वापस नहीं लिया जाएगा।
                                 संघ ने आरोप लगाते हुए कहा कि कैडर रिव्यू की फाइलें लंबे समय से अटकी हुई हैं। जहां अन्य विभागों के कर्मचारियों को पदोन्नति मिल रही है, वहीं पटवारी संवर्ग को इससे वंचित रखा जा रहा है। इसके अतिरिक्त, पिछले 25 वर्षों में नायब तहसीलदार की विभागीय परीक्षा केवल एक बार 2018 में आयोजित की गई है, जिसे अविलंब कराने की मांग की गई है। पटवारियों ने वसीयत या राजस्व मामलों में सीधे एफआईआर से बचाव के लिए जज प्रोटेक्शन एक्ट के दायरे में शामिल करने की भी मांग उठाई है। पटवारियों ने अपने वित्तीय बकाए और प्रशासनिक प्रताडऩा का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया है। स्वामित्व योजना, कृषि संगणना, लघु सिंचाई संगणना और फार्मर आईडी शिविरों जैसे शासकीय कार्यों के वर्षों से लंबित मानदेय का भुगतान न होने पर आगामी सरकारी कार्यों के बहिष्कार का ऐलान किया गया है। साथ ही, पटवारी संघ के पदाधिकारियों के स्थानांतरण नीति 2026 (क्र. 35) के नियमों के विपरीत किए गए तबादलों को तत्काल निरस्त करने तथा नियमित परामर्शदात्री बैठकों के आयोजन की मांग कलेक्टर से की गई है। जिलाध्यक्ष जागेंद्र पिपरी ने कहा कि जब भी पटवारी अपने अधिकारों के लिए आवाज उठाते हैं, तो जनहित याचिका का हवाला देकर हड़ताल समाप्त करा दी जाती है, जो अन्यायपूर्ण है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने उनकी 5-सूत्रीय मांगों पर अति शीघ्र ठोस निर्णय नहीं लिया, तो जबलपुर जिले के समस्त पटवारी अपने परिवारों के साथ मंत्रियों व विधायकों का घेराव करेंगे और आमरण अनशन पर बैठने के लिए विवश होंगे।
 

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-