रांची. झारखंड के धनबाद में डुमरी विधायक जयराम महतो और बरवाअड्डा थाना प्रभारी के बीच हुए विवाद ने तूल पकड़ लिया है. मामले को लेकर झारखंड पुलिस एसोसिएशन धनबाद ने कड़ा आक्रोश जताते हुए विधायक से 24 घंटे के भीतर सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की है.
एसोसिएशन का आरोप है कि विधायक ने थाना प्रभारी से फोन पर बातचीत के दौरान गाली-गलौज और अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया. संगठन के पदाधिकारियों ने कहा कि संवैधानिक पद पर रहते हुए किसी पुलिस अधिकारी के साथ अमर्यादित भाषा का प्रयोग उचित नहीं है. इससे पुलिस अधिकारियों और कर्मियों के मनोबल पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है. पुलिसकर्मी पूरी निष्ठा और जिम्मेदारी के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करते हैं, इसलिए उनके साथ अपमानजनक व्यवहार स्वीकार नहीं किया जाएगा. एसोसिएशन ने विधायक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर तत्काल कार्रवाई की भी मांग की है.
झारखंड पुलिस एसोसिएशन में लिखित शिकायत
बरवाअड्डा थाना प्रभारी ने इस पूरे मामले को लेकर झारखंड पुलिस एसोसिएशन रांची के अध्यक्ष को लिखित शिकायत दी है. शिकायत में आरोप लगाया गया है कि विधायक के साथ फोन पर बातचीत के दौरान गाली-गलौज के बाद जयराम महतो अपने समर्थकों के साथ बरवाअड्डा थाना पहुंचे. आरोप है कि विधायक थाना प्रभारी के कार्यालय कक्ष में प्रवेश कर गये और टेबल पर रखे सामान को नुकसान पहुंचाया. शिकायत में पुलिस अधिकारी के साथ अभद्र व्यवहार करने का भी आरोप लगाया गया है. झारखंड पुलिस एसोसिएशन के वरीय उपाध्यक्ष महताब आलम ने कहा कि पूरे मामले की जानकारी महासंघ को दे दी गई है. उन्होंने स्पष्ट किया कि 24 घंटे की समय-सीमा पूरी होने के बाद महासंघ के निर्देशानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी. एसोसिएशन ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो झारखंड पुलिस एसोसिएशन और झारखंड पुलिस मेंस एसोसिएशन रांची के निर्देश पर धनबाद जिले के पुलिस अधिकारी और कर्मी काला बिल्ला लगाकर विरोध दर्ज कराएंगे.
मैं फांसी पर चढ़ जाऊंगा, माफी नहीं मांगूंगा
पुलिस एसोसिएशन की मांग पर विधायक जयराम महतो ने भी कड़ा रुख अपनाया है. उन्होंने साफ शब्दों में कहा मैं फांसी पर चढ़ जाऊंगा, माफी नहीं मांगूंगा. विधायक ने पुलिस एसोसिएशन के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि उन्होंने थाना प्रभारी से व्यक्तिगत फोन पर बातचीत की थी. महज दो मिनट की बातचीत को बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया जा रहा है. जयराम महतो ने कहा कि यदि पुलिस संगठन अभद्र भाषा के इस्तेमाल का विरोध कर रहा है, तो उसे अपने वरिष्ठ अधिकारियों के खिलाफ भी आवाज उठानी चाहिए. उन्होंने दावा किया कि पुलिस विभाग में वरिष्ठ से लेकर कनिष्ठ अधिकारियों तक अभद्र भाषा के इस्तेमाल के मामले सामने आते रहते हैं, लेकिन उन पर संगठन की ओर से उसी तरह सवाल नहीं उठाया जाता.
अकेला विधायक हूं, इसलिए मेरे खिलाफ साजिश
जयराम महतो ने इस पूरे विवाद को अपने खिलाफ साजिश करार दिया. उन्होंने कहा कि वह अलग-अलग जातियों के बीच अकेले विधायक हैं और इसी वजह से उनके खिलाफ साजिश की जा रही है. विधायक ने पुलिस एसोसिएशन को चुनौती देते हुए दोहराया कि वह किसी भी परिस्थिति में माफी नहीं मांगेंगे.
Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-

