भोपाल. युवाओं में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति को केवल व्यक्तिगत समस्या मानने के बजाय इसे परिवार, शिक्षा और सामाजिक भविष्य से जोड़ते हुए 12 एमपी बटालियन एनसीसी और आरकेडीएफ विश्वविद्यालय भोपाल के तत्वावधान में 11 सितंबर को ‘ड्रग्स से आजादी’ जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया. कार्यक्रम में एनसीसी कैडेट्स, विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों और शिक्षकों ने सहभागिता कर नशे के विरुद्ध सामाजिक जागरूकता को अभियान का रूप देने का संकल्प लिया.
नशे के खिलाफ जागरूकता को बनाया अभियान का आधार
यूथ4नेशन फाउंडेशन और ग्लोबल रिसर्च एंड वेलफेयर सोसायटी के संयुक्त सहयोग से हुए कार्यक्रम में इस बात पर जोर दिया गया कि नशे की रोकथाम केवल कानून और प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं है. युवाओं के बीच जागरूकता, सही मार्गदर्शन और सामाजिक भागीदारी भी इसकी रोकथाम में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है. कार्यक्रम में नशे की आदत से होने वाले शारीरिक, मानसिक और सामाजिक प्रभावों को लेकर विद्यार्थियों के साथ संवाद किया गया.
युवाओं को बनाया जाएगा जागरूकता का माध्यम
कार्यक्रम का नेतृत्व लेफ्टिनेंट (प्रो.) चंद्र बहादुर सिंह दांगी ने किया. उन्होंने कैडेट्स से कहा कि एनसीसी का अनुशासन केवल प्रशिक्षण और परेड तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य युवाओं में जिम्मेदारी और सामाजिक चेतना विकसित करना भी है. उन्होंने कैडेट्स से आग्रह किया कि वे स्वयं नशे से दूर रहने के साथ अपने आसपास के युवाओं को भी इसके दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करें.
कार्यक्रम में यह विचार भी सामने आया कि युवा वर्ग यदि नशे के विरुद्ध जागरूकता का संदेश अपने शिक्षण संस्थानों, परिवारों और सामाजिक समूहों तक पहुंचाए तो अभियान का प्रभाव व्यापक हो सकता है. इसी दृष्टि से कैडेट्स को ‘यूथ एंबेसडर’ की भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया गया.
शपथ के साथ रैली का संकल्प
कार्यक्रम के अंतिम चरण में एनसीसी कैडेट्स और विद्यार्थियों ने नशा मुक्त भारत के निर्माण की शपथ ली. प्रतिभागियों ने नशे के सेवन से दूर रहने और दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करने का संकल्प दोहराया. इसके साथ ही नशे के खिलाफ जनजागरूकता बढ़ाने के लिए जागरूकता रैली आयोजित करने की दिशा में भी संकल्प लिया गया.
आयोजकों के अनुसार, ऐसे कार्यक्रमों का उद्देश्य विद्यार्थियों को केवल नशे के दुष्प्रभावों की जानकारी देना नहीं, बल्कि उन्हें सामाजिक परिवर्तन में सक्रिय भागीदारी के लिए तैयार करना है. कार्यक्रम में 12 एमपी बटालियन एनसीसी, भोपाल और आरकेडीएफ विश्वविद्यालय की सहभागिता रही, जबकि यूथ4नेशन फाउंडेशन तथा ग्लोबल रिसर्च एंड वेलफेयर सोसायटी ने सहयोग प्रदान किया.
Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-

