बिहार में EOW का बड़ा एक्शन, इंजीनियर नारद दास के 4 ठिकानों पर छापे; घर से 50 लाख कैश और सोना बरामद

बिहार में EOW का बड़ा एक्शन, इंजीनियर नारद दास के 4 ठिकानों पर छापे; घर से 50 लाख कैश और सोना बरामद

प्रेषित समय :15:48:47 PM / Thu, Oct 8th, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

मुजफ्फरपुर. बिहार में आर्थिक अपराध इकाई (EOW) ने आय से अधिक संपत्ति के मामले में योजना एवं विकास विभाग के कार्यपालक अभियंता नारद दास से जुड़े कई ठिकानों पर एक साथ कार्रवाई की. गुरुवार को मुजफ्फरपुर, पटना, भागलपुर और मुंगेर में स्थित चार परिसरों पर जांच टीमों ने तलाशी ली.

EOW के मुताबिक, मुजफ्फरपुर स्थित आवास से करीब 50 लाख रुपये नकद के अलावा बड़ी मात्रा में सोने के आभूषण और कई महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद किए गए हैं.

मुजफ्फरपुर के फ्लैट में मिली नकदी और ज्वेलरी
जांच टीम ने काजी मोहम्मदपुर थाना क्षेत्र के नया टोला स्थित राधिका अपार्टमेंट में छापेमारी की. बताया जा रहा है कि यह फ्लैट नारद दास से जुड़ा हुआ है.

विशेष अदालत से सर्च वारंट मिलने के बाद EOW की टीम ने परिसर की तलाशी शुरू की. तलाशी के दौरान नोटों की गड्डियां और आभूषण मिले. बरामद सोने की मात्रा और उसकी बाजार कीमत का आकलन जांच टीम द्वारा किया जा रहा है.

आय से अधिक संपत्ति मामले में जांच
EOW की शुरुआती जांच के अनुसार, नारद दास पर उनकी ज्ञात आय के मुकाबले अधिक संपत्ति अर्जित करने का आरोप है. जांच एजेंसी का दावा है कि कथित तौर पर उनकी संपत्ति वैध आय से करीब 64.93 प्रतिशत अधिक पाई गई है.

एजेंसी अब यह पता लगाने में जुटी है कि संपत्ति खरीदने और अन्य निवेश के लिए धन का स्रोत क्या था.

तीन अन्य शहरों में भी दस्तावेजों की जांच
मुजफ्फरपुर के अलावा पटना, भागलपुर और मुंगेर में भी EOW की अलग-अलग टीमें तलाशी अभियान चला रही हैं. जांच के दौरान जमीन और मकान से जुड़े दस्तावेज, बैंक खातों की जानकारी, फिक्स्ड डिपॉजिट तथा अन्य वित्तीय निवेश से संबंधित कागजात खंगाले जा रहे हैं.

जांच एजेंसी यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आरोपी अधिकारी के नाम या उनसे जुड़े लोगों के नाम पर कितनी चल-अचल संपत्ति मौजूद है.

बैंक खातों और लॉकर की भी होगी जांच
छापेमारी में मिले दस्तावेजों और वित्तीय रिकॉर्ड के आधार पर आगे की जांच की जा रही है. बैंक खातों और लॉकरों की पड़ताल के बाद संपत्ति और निवेश से जुड़ी तस्वीर और स्पष्ट होने की उम्मीद है.

फिलहाल EOW की कार्रवाई जारी है और बरामद नकदी, सोने के आभूषण तथा दस्तावेजों का सत्यापन किया जा रहा है. जांच पूरी होने के बाद ही कथित आय से अधिक संपत्ति का वास्तविक दायरा स्पष्ट हो सकेगा.

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-