उज्जैन. भगवान श्रीकृष्ण पर विवादित टिप्पणी के मामले में माफी मांगने के बावजूद बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री का विरोध जारी है. उज्जैन के टॉवर चौक पर आजाद समाज पार्टी के नेता दामोदर यादव ने उनके खिलाफ प्रदर्शन करते हुए धर्म को धंधा बनाने और भगवान श्रीकृष्ण का अपमान करने का आरोप लगाया. उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से बागेश्वर धाम आश्रम को सील करने और धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की कथाओं पर रोक लगाने की मांग की. इसके लिए उन्होंने 14 नवंबर तक का अल्टीमेटम दिया है.
15 नवंबर को एक हजार वाहनों के साथ आश्रम पहुंचने की चेतावनी
दामोदर यादव ने कहा कि वे धर्म विरोधी न कल थे, न आज हैं और न कभी होंगे. धर्म उनके लिए आत्मा के समान है. उन्होंने मुख्यमंत्री से कहा कि यदि वे स्वयं को भगवान श्रीकृष्ण का वंशज बताते हैं तो उन्हें भगवान का अपमान करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए. यादव ने चेतावनी दी कि 14 नवंबर तक मांग पूरी नहीं हुई तो 15 नवंबर को वे एक हजार वाहनों के काफिले के साथ बागेश्वर धाम पहुंचकर आश्रम में ताला लगाने जाएंगे.
धीरेंद्र शास्त्री के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी
प्रदर्शन के दौरान दामोदर यादव ने धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के खिलाफ आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया. उन्होंने मुख्यमंत्री से कहा कि छतरपुर में रहने वाले धीरेंद्र शास्त्री भगवान श्रीकृष्ण पर अनुचित टिप्पणियां कर रहे हैं, ऐसे में सरकार को कार्रवाई करनी चाहिए. उन्होंने कहा कि वे संविधान और मानवतावादी विचारधारा में विश्वास रखते हैं, लेकिन इसे कमजोरी नहीं समझा जाना चाहिए. यादव ने भगवान बिरसा मुंडा की जयंती पर आश्रम में ताला लगाने की चेतावनी भी दोहराई.
करैरा की कथा में टिप्पणी के बाद शुरू हुआ विवाद
दरअसल, हाल ही में शिवपुरी जिले के करैरा में श्रीराम कथा के दौरान धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने भगवान श्रीराम और श्रीकृष्ण के स्वरूप की तुलना करते हुए श्रीकृष्ण को टेढ़ा-मेढ़ा बताया था. उनकी इस टिप्पणी पर कई समाजों ने आपत्ति जताई. प्रदेश के अलग-अलग स्थानों पर विरोध प्रदर्शन हुए और पुतले भी जलाए गए. विरोध बढ़ने के बाद धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने अपनी टिप्पणी पर माफी मांग ली थी. इसके बावजूद उनके खिलाफ विरोध जारी है.
Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-


