दीपावली और छठ पर पश्चिम मध्य रेल के तीनों मंडलों में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम, ड्रोन, बॉडी वॉर्न कैमरों और सीसीटीवी से निगरानी

दीपावली और छठ पर पश्चिम मध्य रेल के तीनों मंडलों में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम, ड्रोन, बॉडी वॉर्न कैमरों और सीसीटीवी से निगरानी

प्रेषित समय :17:35:24 PM / Sat, Nov 7th, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

जबलपुर. दीपावली और छठ महापर्व के दौरान यात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए पश्चिम मध्य रेल प्रशासन ने जबलपुर, भोपाल और कोटा मंडलों के प्रमुख स्टेशनों पर सुरक्षा एवं यात्री सुविधाओं के व्यापक इंतजाम किए हैं. यात्रियों की आवाजाही सुगम बनाने के लिए जबलपुर, मदन महल, कटनी, सतना, भोपाल, रानी कमलापति, इटारसी, बीना और कोटा सहित प्रमुख स्टेशनों पर अतिरिक्त टिकट काउंटर, हेल्प डेस्क और होल्डिंग एरिया बनाए गए हैं. टिकट काउंटरों पर भीड़ कम करने के लिए ऑटोमैटिक टिकट वेंडिंग मशीन (एटीवीएम) और यूटीएस ऑन मोबाइल ऐप के इस्तेमाल को भी प्रोत्साहित किया जा रहा है.

यात्री सुरक्षा के लिए रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) और वाणिज्य विभाग की टीमें स्टेशनों और ट्रेनों में सघन जांच कर रही हैं. कोटा मंडल में निगरानी और भीड़ नियंत्रण को प्रभावी बनाने के लिए आरपीएफ जवानों को 100 बॉडी वॉर्न कैमरे और तात्कालिक उद्घोषणा के लिए 60 नेकबैंड माइक उपलब्ध कराए गए हैं. वहीं, पूरे जोन में 840 से अधिक सीसीटीवी कैमरों के साथ ड्रोन सर्विलांस, मेटल डिटेक्टर, लगेज स्कैनर और डॉग स्क्वाड की मदद से निगरानी की जा रही है. मंडल स्तर के कंट्रोल रूम और वॉर रूम के बीच भी लगातार समन्वय बनाया गया है.

त्योहारी सीजन में ट्रेनों और स्टेशन परिसरों में पटाखे, पेट्रोल, केरोसिन जैसी ज्वलनशील एवं विस्फोटक सामग्री के अवैध परिवहन को रोकने के लिए विशेष जांच दल तैनात किए गए हैं. इसके अलावा ट्रेनों के समयबद्ध संचालन, प्लेटफॉर्म संबंधी उद्घोषणाओं, खानपान की गुणवत्ता और स्टेशनों की साफ-सफाई पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है. अकेले यात्रा करने वाली महिला यात्रियों की सुरक्षा और सहायता के लिए आरपीएफ की 'मेरी सहेली' टीमें सक्रिय हैं. साथ ही सादे कपड़ों में भी जवानों की गश्त कराई जा रही है.

पश्चिम मध्य रेल प्रशासन ने यात्रियों से रेल नियमों का पालन करने और ज्वलनशील या प्रतिबंधित सामग्री लेकर यात्रा नहीं करने की अपील की है. यात्रियों को अनजान व्यक्तियों से खाने-पीने की वस्तुएं स्वीकार नहीं करने की सलाह भी दी गई है. किसी भी आपात स्थिति, संदिग्ध गतिविधि या सहायता के लिए रेल मदद हेल्पलाइन नंबर 139 पर संपर्क किया जा सकता है.

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-