एलएसी पर ठंड नहीं झेल पाये चीनी सैनिक, पीएलए ने बदल दी 90 प्रतिशत सेना

एलएसी पर ठंड नहीं झेल पाये चीनी सैनिक, पीएलए ने बदल दी 90 प्रतिशत सेना

प्रेषित समय :14:47:35 PM / Sun, Jun 6th, 2021

नई दिल्ली. लद्दाख में एलएसी पर भारत और चीन के बीच विवाद को एक साल से ज्यादा वक्त हो चुका है. बीच में इस विवाद में कुछ हल निकलता दिखाई दिया था, लेकिन ये विवाद अब तक पूरी तरह से सुलझा नहीं है. हालांकि इस बीच सूत्रों ने हवाले से कहा जा रहा है कि चीनी सैनिक लद्दाख में एलएसी पर ठंडे मौसम के सामने बेबस हैं.

चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी ने एलएसी पर तैनात अपनी 90 सेना को बदला है और नए सैनिकों को एलएसी पर तैनात किया है. पिछले साल अप्रैल-मई की समय सीमा के बाद से, चीन ने पूर्वी लद्दाख में भारतीय क्षेत्र के करीब 50,000 से अधिक सैनिकों को तैनात किया है और पैंगोंग झील क्षेत्र में आगे के स्थानों से सीमित सैनिकों की वापसी के बावजूद उन्हें वहां बनाए रखा है.

सूत्रों ने बताया कि चीनी सैनिकों के रोटेशन की बड़ी वजह मौसम है. सूत्रों ने बताया कि एलएसी पर तैनात चीनी सैनिक अत्यधिक ठंड और ऊंचाई में पेश आने वाली अन्य समस्याओं से गंभीर रूप से प्रभावित हुए हैं. सूत्रों ने ये भी बताया कि पैंगोंग लेक जैसे फ्रिक्शन पॉइंट पर तैनाती के दौरान भी चीनी सैनिकों को डेली बेसिस पर रोटेट किया जाता था.

वहीं भारतीय सेना दो साल के कार्यकाल के लिए ऊंचाई वाले क्षेत्रों में अपने सैनिकों को तैनात करती है और हर साल लगभग 40-50 प्रतिशत सैनिकों को रोटेट किया जाता है. इन परिस्थितियों में आईटीबीपी के जवानों का कार्यकाल कभी-कभी दो साल से भी ज्यादा लंबा होता है.

पिछले साल शुरुआत में चीन के आक्रमक रवैये के बाद भारत की तरफ से जोरदार जवाबी कार्रवाई की गई और सुनिश्चित किया कि उन्हें चीनी सैनिकों को जगह रोक कर रखा जाए. इसके बाद भारतीय सेना ने पैंगोंग झील के दक्षिणी किनारे पर सामरिक ऊंचाइयों पर कब्जा करके चीनी सेना को आश्चर्यचकित कर दिया, जहां से वे वहां चीनी तैनाती पर हावी थे. दोनों पक्ष इस साल की शुरुआत में पैंगोंग झील क्षेत्र में अपने-अपने स्थानों को खाली करने और वहां गश्त बंद करने पर सहमत हुए.

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-

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