कोटा. वेस्ट सेंट्रल रेलवे एम्पलाइज यूनियन (डबलूसीआरईयू) ने पश्चिम मध्य रेलवे की महाप्रबंधक से भोपाल लॉबी में फोरमैन व मान्यता प्राप्त यूनियन के दबाव में जबर्दस्त अनियमितता बरतते हुए काफी कर्मचारियों को इन दिनों प्रताड़ित करने का काम किया जा रहा है.
डबलूसीआरईयू के महामंत्री एवं आल इंडिया रेलवे मेंस फेडरेशन (एआईआरएफ) के असिस्टेंट जनरल सेक्रेटरी का. मुकेश गालव ने पमरे की महाप्रबंधक श्रीमती शोभना बंदोपाध्याय को की गई शिकायत में किया गया है, कि रेलवे बोर्ड के स्पष्ट निर्देशों का पमरे के भोपाल मंडल की भोपाल लॉबी में घनघोर उल्लंघन किया जा रहा है, जिस पर तत्काल कठोर कार्रवाई की जानी चाहिए. का. गालव ने चेतावनी दी है कि यदि अनियमितताओं पर रोक नहीं लगाई जाती है तो यूनियन उग्र आंदोलन करने बाध्य होगी.
शिकायत में यह कहा गया
01. भोपाल लॉबी में पूर्व में कार्यरत ए. एल. एफ. लोको पायलट मेल कमलेश परिहार का ड्राफ्टेड कार्यकाल 03 वर्ष एवं 01 साल का एक्सटेंशन टोटल 04 वर्ष पूर्ण एवं आर. के. शर्मा लोको पायलट मेल का ड्राफ्टेड कार्यकाल 03 वर्ष अक्टूबर में पूर्ण होने पर उनके स्थान पर दो अन्य ए. एल. एफ. की पोस्टिंग भोपाल लॉबी में कर दी गई है, एवं नए पदस्थ ए. एल. एफ ने अपने पद पर स्वतंत्रता पूर्वक कार्य करना नवंबर में प्रारंभ भी कर दिया है, किंतु पूर्व में कार्यरत दोनों ए. एल. एफ. कमलेश परिहार एवं आर के शर्मा को अभी तक न ही रिफ्रेशर भेजा गया है और न ही लोको की हैंडलिंग दी जा रही है. उन्हें उनकी मर्जी के अनुसार कार्य करवाया जा रहा है. महाकुंभ के दौरान भी जहां रेलकर्मियों की अत्यंत आवश्यकता है, उनसे अभी भी लाइन पर कार्य नहीं करवाया जा रहा है, जिनसे अन्य रेलकर्मचारी में असंतोष व्याप्त हो रहा है .
02. भोपाल लॉबी में कार्यरत सहायक लोको पायलट प्रवीण अवस्थी, अंकित राज श्रीवास्तव, विशाल कदम, रोहित कुमार, मनोज लोधी लोको पायलट गुड्स, संतोष मालवीय लोको पायलट गुड्स आदि को महीने में कई बार लीव दी जा रही है, एवं उन्हें उनकी पसंद की गाड़ी लगाई जा रही है. परिणाम स्वरूप अन्य सहायक लोको पायलट एवं लोको पायलट गुड्स में उनसे प्रभावित हो रहे है, उन्हें समय से लीव नहीं मिल पा रही है . इनकी जांच प्रशासन निम्न कर्मचारियों की 06 माह की माइलेज शीट से कर सकता है .
03. लोको फोरमैन भोपाल द्वारा आपसी मतभेद के कारण ड्राफ्टेट पद पर कार्यरत ए. एल. एफ. डी. एस. गौतम को पीएमई में भेजा है, जबकि इससे पहले किसी भी ड्राफ्टेड कर्मचारी को उनके ड्राफ्टेड कार्यकाल के दौरान मेडिकल में नहीं भेजा जाता है, भोपाल डिपो में अन्य कई ड्राफ्टेड कर्मचारी कार्यरत है पर किसी भी कर्मचारी को कभी भी ड्राफ्टेड कार्यकाल के दौरान मेडिकल में नहीं भेजा गया है. मात्र लोको फोरमैन का उद्देश्य व्यक्ति विशेष को परेशान करने के उद्देश्य से रेल्वे के कार्यदिवस का नुकसान करके उन्हें मेडिकल के लिए भेजा गया.
लोको फोरमैन भोपाल का कार्यकाल 03 वर्ष अप्रैल 2024 में पूर्ण हो चुका है, एवं 04 वर्ष भी पूर्ण होने वाले है. अत: लोको फोरमैन भोपाल के पद पर नए लोको फोरमैन की नियुक्ति अति आवश्यक है. जिससे भोपाल लॉबी में व्याप्त समस्याओं का समाधान हो सके, एवं रनिंग स्टाफ सौहार्दपूर्ण वातावरण में कार्य कर सके. लोको फोरमैन भोपाल का रवैया अत्यंत अडिय़ल है, एवं वे मात्र व्यक्ति विशेष को ही लाभ देने के कारण अन्य रनिंग कर्मचारियों का शोषण कर रहे है. अत: शीघ्र अतिशीघ्र भोपाल लोको फोरमैन की जगह नए लोको फोरमैन की पदस्थापना की जाना चाहिए .
04. भोपाल लॉबी में ए. एल. एफ. हेतु लोकेश गोस्वामी, डी. एस. गौतम, आनंद रघुवंशी एवं गौरव चौरसिया कुल 04 ड्राफ्टेड है, फिर भी प्रशासन द्वारा आर. के. शर्मा को ए. एल. एफ. में भोपाल लॉबी में लगाया जा रहा है .
05. आरकेएमपी लॉबी में ए. एल. एफ. हेतु डालचंद, राजीव मालवीय, राजेश बघेल एवं डी.पी. गुप्ता ड्राफ्टेड है, फिर भी कमलेश परिहार को आरकेएमपी ए. एल. एफ. में कार्य करवाया जा रहा है.
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