लौटी हाड़ कंपाने वाली ठंड, उत्तर भारत की बर्फीली हवाओं ने फिर गिराया पारा, अगले 48 घंटे और बढ़ेगी ठिठुरन

लौटी हाड़ कंपाने वाली ठंड, उत्तर भारत की बर्फीली हवाओं ने फिर गिराया पारा, अगले 48 घंटे और बढ़ेगी ठिठुरन

प्रेषित समय :20:10:32 PM / Sat, Dec 6th, 2025
Reporter : पलपल रिपोर्टर

जबलपुर। मध्य प्रदेश के प्रमुख शहर जबलपुर में मौसम ने एक बार फिर करवट ली है और उत्तर भारत की बर्फीली हवाओं के प्रभाव से कड़ाके की ठंड की वापसी हो गई है। दिसंबर माह की शुरुआत से ही मौसम में उतार-चढ़ाव का दौर जारी था, लेकिन अब सर्द हवाओं ने अपनी पकड़ मजबूत कर ली है, जिससे आम जनजीवन प्रभावित हुआ है।

मौसम विभाग के अनुसार, 6 दिसंबर 2025 की रात जबलपुर का न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया। शुक्रवार को बादल छंटने के कारण रात के तापमान में डेढ़ डिग्री तक की खासी गिरावट आई और यह 9.9 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया, जो सामान्य से एक डिग्री कम है। दिन में भी अधिकतम तापमान 25.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जिससे दिन में भी हल्की ठंडक बनी रही।

अगले 48 घंटों का पूर्वानुमान:

मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि हिमालयी क्षेत्रों में पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के सक्रिय होने और बारिश के साथ बर्फबारी होने से हवा का रुख उत्तरी हो गया है। इसी कारण मैदानी इलाकों तक ठंडी हवाएं पहुंच रही हैं।

  • 7 और 8 दिसंबर (रविवार और सोमवार) को जबलपुर सहित संभाग के जिलों में ठंड का असर और बढ़ने की संभावना है।

  • आगामी दो दिनों में दिन और रात के तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस तक की और गिरावट दर्ज की जा सकती है।

  • सुबह और शाम के समय कोहरे और ओस के चलते ठिठुरन बढ़ गई है, जिससे लोगों को अलाव का सहारा लेना पड़ रहा है।

  • शीतलहर जैसे हालात बन सकते हैं, खासकर सुबह और देर रात के समय।

जनजीवन पर असर और सलाह:

कड़ाके की ठंड की वापसी से खासकर बच्चों और बुजुर्गों की सेहत पर असर पड़ने की आशंका है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों को सलाह दी है कि वे गर्म कपड़े पहनें, सुबह की सैर से बचें और ठंडी हवाओं से अपना बचाव करें। दिन में हल्की धूप जरूर निकल रही है, लेकिन इसकी तीव्रता ठंड को पूरी तरह से खत्म करने में नाकाम है, इसलिए दिन में भी सर्दी का प्रभाव महसूस हो रहा है।

कुल मिलाकर, जबलपुर में अब दिसंबर माह की असली ठंड ने दस्तक दे दी है, और अगले कुछ दिनों तक तापमान में गिरावट जारी रहने से लोगों को सर्दी से राहत मिलने की उम्मीद कम है।

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-