निसान ग्रेविट के साथ भारतीय ऑटोमोबाइल बाजार में नई क्रांति की तैयारी, 7-सीटर फैमिली कार सेगमेंट में मचेगा तहलका

निसान ग्रेविट के साथ भारतीय ऑटोमोबाइल बाजार में नई क्रांति की तैयारी, 7-सीटर फैमिली कार सेगमेंट में मचेगा तहलका

प्रेषित समय :21:31:13 PM / Thu, Dec 18th, 2025
Reporter : पलपल रिपोर्टर

जापानी ऑटोमोबाइल दिग्गज निसान मोटर इंडिया ने भारतीय सड़कों पर अपनी पकड़ मजबूत करने के लिए एक बेहद महत्वाकांक्षी योजना का खुलासा किया है, जिसने देश के मध्यम वर्गीय परिवारों और कार प्रेमियों के बीच जबरदस्त उत्सुकता पैदा कर दी है। गुरुवार 18 दिसंबर 2025 को कंपनी ने आधिकारिक तौर पर अपनी नई 7-सीटर कार 'ग्रेविट' (Gravite) को भारतीय बाजार में उतारने की घोषणा की है। यह लॉन्च केवल एक नई गाड़ी का बाजार में आना भर नहीं है, बल्कि निसान की उस नई वैश्विक रणनीति का हिस्सा है जिसके तहत भारत को एक प्रमुख विनिर्माण और रणनीतिक केंद्र के रूप में देखा जा रहा है। कंपनी ने स्पष्ट किया है कि अगले 14 से 16 महीनों के भीतर वह तीन नए मॉडल पेश करेगी, जिनमें 'ग्रेविट' सबसे पहला और महत्वपूर्ण नाम है। इस खबर ने ऑटो सेक्टर के जानकारों और उन ग्राहकों को अपनी ओर खींचा है जो एक ऐसी फैमिली कार की तलाश में थे जिसमें स्पेस के साथ-साथ स्पोर्टी लुक का तड़का भी हो। ग्रेविट को खासतौर पर भारतीय परिवारों की जरूरतों, सड़कों की स्थिति और बजट को ध्यान में रखकर डिजाइन किया गया है, जो इसे बाजार में पहले से मौजूद प्रतिस्पर्धियों के लिए एक बड़ी चुनौती बना सकता है।

निसान ग्रेविट की सबसे बड़ी खासियत इसका वह स्पोर्टी ट्विस्ट है, जो आमतौर पर इस बजट की 7-सीटर कारों में देखने को नहीं मिलता। कंपनी के अनुसार, ग्रेविट को जनवरी 2026 की शुरुआत में लॉन्च किया जाएगा। हालांकि निसान ने अभी तक इसकी कीमतों का आधिकारिक ऐलान नहीं किया है, लेकिन ऑटोमोबाइल गलियारों में चल रही चर्चाओं और बाजार की स्थिति को देखते हुए यह अनुमान लगाया जा रहा है कि इसकी शुरुआती कीमत ₹6 लाख से ₹9 लाख (एक्स-शोरूम) के बीच हो सकती है। इतनी आक्रामक कीमत पर एक 7-सीटर गाड़ी का मिलना निश्चित रूप से उन ग्राहकों के लिए एक बड़ा आकर्षण होगा जो कम बजट में बड़ी गाड़ी का सपना देखते हैं। ग्रेविट के डिजाइन की बात करें तो इसमें एक नया फ्रंट फेस और निसान की सिग्नेचर ग्रिल दी गई है, जो इसे सड़क पर एक मस्कुलर और बोल्ड लुक प्रदान करती है। इसके बोनट पर बड़े अक्षरों में लिखी गई ‘GRAVITE’ की लेटरिंग और एलईडी लाइट्स के साथ क्रोम इंसर्ट्स इसे प्रीमियम एहसास दिलाते हैं।

निसान के इस बड़े ऐलान के पीछे एक सोची-समझी विस्तार योजना छिपी है। निसान के चेयरमैन (अफ्रीका, पश्चिम एशिया, भारत और ओशनिया) मैसिमिलियानो मेसिना ने कहा कि आगामी मॉडल शृंखला वैश्विक अनुभवों पर आधारित जरूर है, लेकिन इन्हें 'मेड इन इंडिया' और 'मेड फॉर इंडिया' की तर्ज पर तैयार किया गया है। ग्रेविट के बाद, कंपनी 2026 के मध्य तक अपनी मिड-साइज एसयूवी 'टेक्टॉन' (Tekton) और 2027 की शुरुआत में एक और नई 7-सीटर एसयूवी उतारने की तैयारी में है। निसान का लक्ष्य केवल कारें बेचना नहीं है, बल्कि अपनी पहुंच को देश के कोने-कोने तक पहुंचाना भी है। इसी कड़ी में कंपनी वित्त वर्ष 2026-27 के अंत तक अपने बिक्री नेटवर्क को 155 से बढ़ाकर 250 तक ले जाने वाली है। यह विस्तार योजना दर्शाती है कि निसान भारत को भविष्य के ऑटोमोबाइल हब के रूप में देख रहा है, जहां से इन मॉडलों को न केवल भारत में बेचा जाएगा बल्कि दूसरे देशों में निर्यात भी किया जाएगा।

बाजार में ग्रेविट को लेकर जो सबसे बड़ी जिज्ञासा बनी हुई है, वह इसके फीचर्स और माइलेज को लेकर है। भारतीय ग्राहक माइलेज को लेकर काफी जागरूक रहते हैं, और अगर निसान ग्रेविट अपने लुक्स के साथ-साथ बेहतर ईंधन दक्षता प्रदान करती है, तो यह सेगमेंट लीडर्स के लिए बड़ी मुश्किल खड़ी कर सकती है। इसके अलावा, कार के भीतर मिलने वाला स्पेस और सेफ्टी फीचर्स भी ग्राहकों की पसंद को प्रभावित करेंगे। मेसिना ने इस बात पर जोर दिया है कि भारत अब निसान के लिए सिर्फ एक बाजार नहीं, बल्कि विकास और रणनीति का एक महत्वपूर्ण केंद्र बन गया है। आज की इस घोषणा ने ऑटोमोबाइल सेक्टर में नई हलचल पैदा कर दी है और लोग अब जनवरी 2026 का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं ताकि वे इस 'स्पोर्टी फैमिली कार' का अनुभव स्वयं ले सकें। निसान का यह दांव भारत में उसकी खोई हुई चमक को वापस दिलाने और मध्यम वर्गीय परिवारों के दिल में जगह बनाने की एक बड़ी कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।निसान ग्रेविट के इंजन और हाई-टेक इंटीरियर से जुड़ी नई जानकारियों ने इस 7-सीटर कार को लेकर ग्राहकों के बीच चल रही उत्सुकता को अब एक नए स्तर पर पहुंचा दिया है। निसान ने इस मॉडल को केवल बाहरी तौर पर स्पोर्टी नहीं बनाया है, बल्कि इसके भीतर मौजूद तकनीक और पावरट्रेन को भी आधुनिक भारतीय परिवारों की जरूरतों के हिसाब से तैयार किया है।

इंजन स्पेसिफिकेशन्स की बात करें तो ऑटोमोबाइल विशेषज्ञों का मानना है कि निसान ग्रेविट में 1.0 लीटर का टर्बो-पेट्रोल इंजन देखने को मिल सकता है, जो मैग्नाइट में पहले ही अपनी सफलता साबित कर चुका है। यह इंजन न केवल शहर के ट्रैफिक में बेहतर टॉर्क प्रदान करता है, बल्कि हाइवे पर 7 यात्रियों के साथ भी स्मूथ ड्राइविंग का अनुभव देता है। चर्चा यह भी है कि कंपनी इसमें मैनुअल और सीवीटी (CVT) ऑटोमैटिक दोनों गियरबॉक्स के विकल्प देगी, जिससे भीड़भाड़ वाले इलाकों में ड्राइविंग काफी आसान हो जाएगी। माइलेज के प्रति जागरूक भारतीय ग्राहकों के लिए निसान इसमें 18 से 20 किमी/लीटर तक का औसत देने की कोशिश कर रही है, जो इस सेगमेंट की अन्य गाड़ियों के मुकाबले काफी प्रतिस्पर्धी होगा।

इंटीरियर की दुनिया में कदम रखते ही आपको एक 'प्रीमियम केबिन' का एहसास होगा। ग्रेविट के हाई-टेक फीचर्स में सबसे खास 9-इंच का फ्लोटिंग टचस्क्रीन इन्फोटेनमेंट सिस्टम होने वाला है, जो वायरलेस एंड्रॉइड ऑटो और एप्पल कारप्ले को सपोर्ट करेगा। इसके अलावा, चालक की सुविधा के लिए इसमें एक फुल्ली डिजिटल इंस्ट्रूमेंट क्लस्टर दिया जा रहा है, जिसमें टायर प्रेशर मॉनिटरिंग सिस्टम (TPMS) और फ्यूल इकोनॉमी जैसी तमाम जानकारियां रीयल-टाइम में उपलब्ध होंगी। आरामदायक सफर के लिए इसमें रियर एसी वेंट्स के साथ ऑटोमैटिक क्लाइमेट कंट्रोल की सुविधा भी दी जाएगी, जो तीसरी पंक्ति (Third Row) के यात्रियों तक भी ठंडक पहुंचाएगी।

सुरक्षा के मोर्चे पर भी निसान कोई कसर नहीं छोड़ना चाहता। ग्रेविट में 6 एयरबैग्स, इलेक्ट्रॉनिक स्टेबिलिटी प्रोग्राम (ESP) और हिल स्टार्ट असिस्ट जैसे फीचर्स टॉप वेरिएंट्स में मिल सकते हैं। साथ ही, मध्यम बजट की कार होने के बावजूद इसमें 360-डिग्री कैमरा मिलने की संभावना है, जो तंग गलियों और पार्किंग में काफी मददगार साबित होगा। निसान की यह रणनीति स्पष्ट करती है कि वे ग्रेविट को केवल एक बजट कार नहीं, बल्कि एक 'वैल्यू फॉर मनी' हाई-टेक फैमिली क्रूजर के रूप में स्थापित करना चाहते हैं।

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-