न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज में बुमराह और हार्दिक को मिल सकता है आराम, चयन नीति और वर्कलोड मैनेजमेंट पर बड़ा संकेत

न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज में बुमराह और हार्दिक को मिल सकता है आराम, चयन नीति और वर्कलोड मैनेजमेंट पर बड़ा संकेत

प्रेषित समय :22:55:30 PM / Mon, Dec 29th, 2025
Reporter : पलपल रिपोर्टर

भारत और न्यूजीलैंड के बीच जनवरी में प्रस्तावित तीन मैचों की वनडे सीरीज से पहले टीम चयन को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, भारतीय टीम के दो प्रमुख सितारे—जसप्रीत बुमराह और हार्दिक पांड्या—इस वनडे सीरीज में नजर नहीं आ सकते हैं। माना जा रहा है कि बीसीसीआई चयनकर्ता दोनों खिलाड़ियों को आराम देने पर गंभीरता से विचार कर रहे हैं। यह फैसला खिलाड़ियों के वर्कलोड मैनेजमेंट और आगामी बड़े टूर्नामेंटों की तैयारी को ध्यान में रखते हुए लिया जा सकता है।

भारत और न्यूजीलैंड के बीच यह वनडे सीरीज 11 जनवरी से शुरू होगी, जिसका पहला मुकाबला वडोदरा में खेला जाएगा। इसके बाद दूसरा वनडे 14 जनवरी को राजकोट में और तीसरा व अंतिम मैच 18 जनवरी को इंदौर में आयोजित किया जाएगा। सीरीज के लिए भारतीय टीम का औपचारिक ऐलान 4 या 5 जनवरी को किए जाने की संभावना है, लेकिन उससे पहले ही बुमराह और हार्दिक को लेकर चल रही चर्चाओं ने क्रिकेट जगत में हलचल बढ़ा दी है।

क्रिकबज और अन्य मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, चयनकर्ता इस सीरीज में बुमराह और हार्दिक दोनों को आराम दे सकते हैं। हालांकि दोनों खिलाड़ी पूरी तरह फिट हैं और किसी भी तरह की चोट की समस्या से जूझ नहीं रहे हैं, लेकिन लगातार अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट और आगे होने वाली पांच मैचों की टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज के साथ-साथ टी20 वर्ल्ड कप 2026 की तैयारी को देखते हुए यह कदम उठाया जा सकता है। बोर्ड का मानना है कि प्रमुख खिलाड़ियों को हर प्रारूप में लगातार खिलाने से चोट का खतरा बढ़ता है, इसलिए चयन नीति में संतुलन जरूरी है।

बताया जा रहा है कि बुमराह और हार्दिक न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज का हिस्सा होंगे, जहां उन्हें टीम की रीढ़ माना जा रहा है। टी20 प्रारूप में दोनों की भूमिका बेहद अहम है और आने वाले टी20 वर्ल्ड कप को देखते हुए टीम मैनेजमेंट उनकी फिटनेस और फ्रेशनेस को प्राथमिकता देना चाहता है। ऐसे में वनडे सीरीज से उन्हें आराम देना एक रणनीतिक फैसला माना जा रहा है।

अगर बुमराह और हार्दिक वनडे टीम से बाहर रहते हैं, तो इससे अन्य खिलाड़ियों को खुद को साबित करने का बड़ा मौका मिलेगा। खासतौर पर तेज गेंदबाजी विभाग और ऑलराउंडर स्लॉट में नए या कम अनुभवी खिलाड़ियों को आजमाया जा सकता है। चयनकर्ता लंबे समय से बेंच स्ट्रेंथ मजबूत करने पर जोर दे रहे हैं और यह सीरीज उसी दिशा में एक अहम कदम साबित हो सकती है।

हार्दिक पांड्या की बात करें तो उन्होंने आखिरी बार भारत के लिए वनडे मुकाबला 9 मार्च 2025 को दुबई में खेला था, जब भारत और न्यूजीलैंड के बीच आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी का फाइनल हुआ था। उसके बाद से वह वनडे टीम से दूर हैं। वहीं जसप्रीत बुमराह को आखिरी बार भारत की वनडे जर्सी में 2023 वनडे वर्ल्ड कप के फाइनल में देखा गया था, जो अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेला गया था। इसके बाद बुमराह ने वनडे प्रारूप में भारत का प्रतिनिधित्व नहीं किया है।

इस बीच खबर यह भी है कि हार्दिक पांड्या घरेलू क्रिकेट में वापसी कर सकते हैं। रिपोर्ट्स के अनुसार, वह विजय हजारे ट्रॉफी 2025–26 में बड़ौदा की ओर से कुछ मैच खेलते नजर आ सकते हैं। बीसीसीआई ने हाल ही में यह निर्देश दिया है कि सभी अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी घरेलू क्रिकेट में भाग लें, ताकि घरेलू टूर्नामेंटों की प्रतिस्पर्धा और गुणवत्ता बनी रहे। इसी नीति के तहत रोहित शर्मा और विराट कोहली भी इस सीजन में क्रमशः मुंबई और दिल्ली के लिए खेलते हुए दिखाई दिए थे।

क्रिकबज की रिपोर्ट के मुताबिक, हार्दिक विजय हजारे ट्रॉफी के आखिरी तीन लीग मुकाबलों में से दो मैच खेल सकते हैं। बड़ौदा टीम की कप्तानी उनके बड़े भाई क्रुणाल पांड्या कर रहे हैं, ऐसे में यह घरेलू मंच हार्दिक के लिए लय हासिल करने और मैच फिटनेस बनाए रखने का एक अहम अवसर होगा। चयनकर्ता भी घरेलू प्रदर्शन के आधार पर खिलाड़ियों की फॉर्म पर नजर रखे हुए हैं।

भारतीय टीम के लिए न्यूजीलैंड के खिलाफ यह वनडे सीरीज इसलिए भी अहम मानी जा रही है क्योंकि यह भविष्य की वनडे योजनाओं को परखने का मौका देगी। हाल के वर्षों में भारत का फोकस ज्यादा टी20 और टेस्ट क्रिकेट पर रहा है, लेकिन वनडे प्रारूप में भी संतुलन बनाए रखना जरूरी है। ऐसे में टीम मैनेजमेंट नए चेहरों को आजमाने के साथ-साथ अनुभवी खिलाड़ियों को सही समय पर आराम देकर लंबी अवधि की रणनीति पर काम कर रहा है।

बुमराह और हार्दिक जैसे सीनियर खिलाड़ियों को आराम देने का फैसला हालांकि फैंस के लिए थोड़ा निराशाजनक हो सकता है, लेकिन क्रिकेट विशेषज्ञ इसे दूरदर्शी कदम मान रहे हैं। उनका कहना है कि अगर भारत को बड़े टूर्नामेंटों में लगातार सफलता चाहिए, तो खिलाड़ियों की फिटनेस और मानसिक ताजगी सबसे अहम है। लगातार खेलने से बेहतर है कि प्रमुख खिलाड़ियों को चुनिंदा सीरीज में ही उतारा जाए।

 न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे सीरीज से पहले बुमराह और हार्दिक को लेकर आया यह अपडेट भारतीय क्रिकेट की बदलती चयन नीति और प्रोफेशनल अप्रोच को दर्शाता है। अब सभी की निगाहें 4 या 5 जनवरी को होने वाले टीम ऐलान पर टिकी हैं, जहां यह साफ हो जाएगा कि चयनकर्ता इस सीरीज में किस संयोजन के साथ उतरते हैं। चाहे बुमराह और हार्दिक खेलें या नहीं, यह तय है कि यह सीरीज भारतीय टीम के भविष्य की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभाएगी।

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-