जबलपुर. शहर को स्वच्छता के शिखर पर पहुँचाने और नागरिकों को बेहतर वातावरण उपलब्ध कराने के संकल्प के साथ नगर निगम प्रशासन इन दिनों बेहद सख्त तेवर अपनाए हुए है। इसी अभियान के तहत निगमायुक्त राम प्रकाश अहिरवार के कड़े निर्देशों पर संभाग क्रमांक 14 के अंतर्गत आने वाली प्रसिद्ध फर्म 'मेकाल कार एक्सेसरीज' के खिलाफ बड़ी दंडात्मक कार्रवाई की गई है। नगर निगम की टीम जब क्षेत्र के निरीक्षण पर निकली थी, तब उन्होंने पाया कि उक्त फर्म द्वारा व्यावसायिक कचरा और गंदगी सीधे सार्वजनिक नाली में प्रवाहित की जा रही है। नाली में कचरा फेंके जाने की वजह से न केवल जल निकासी का मार्ग पूरी तरह बाधित हो रहा था, बल्कि इसके कारण आसपास के क्षेत्र में संक्रामक बीमारियों के फैलने और स्वास्थ्य संबंधी गंभीर खतरे पैदा होने की आशंका भी बढ़ गई थी। इस बड़ी लापरवाही को देखते हुए निगम की टीम ने मौके पर ही सख्त रुख अपनाया और मेकाल कार एक्सेसरीज पर 20,000 रुपये का भारी भरकम स्पॉट फाइन लगा दिया।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि जुर्माना केवल सांकेतिक नहीं है, बल्कि यह उन सभी के लिए एक चेतावनी है जो सार्वजनिक संपत्तियों और नागरिक सुविधाओं का दुरुपयोग करते हैं। जुर्माने की राशि को तत्काल मौके पर ही वसूल कर निगम के सरकारी कोष में जमा कराया गया।
इस कार्रवाई के बाद निगमायुक्त राम प्रकाश अहिरवार ने शहर के समस्त व्यापारियों और आम नागरिकों के लिए एक कड़ा संदेश जारी किया है। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा है कि शहर की स्वच्छता व्यवस्था और सुंदरता के साथ समझौता करने वाले किसी भी संस्थान या व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। नाली या सार्वजनिक स्थानों पर कचरा फेंकना न केवल कानूनन दंडनीय अपराध है, बल्कि यह एक सभ्य नागरिक के नैतिक कर्तव्यों के भी विरुद्ध है। उन्होंने सभी व्यावसायिक प्रतिष्ठानों से अपील की है कि वे ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के नियमों का कड़ाई से पालन करें और डस्टबिन का ही उपयोग करें।
Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-

