जबलपुर/शहडोल. एमपी के शहडोल की रहने वाली नवजात बच्ची की तबीयत लगातार बिगडऩे पर परिजन उसे जबलपुर मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे, जहां जांच में पता चला कि बच्ची के दिल में जन्मजात छेद है. हालत गंभीर होने के कारण डॉक्टरों ने तत्काल बड़े सेंटर पर इलाज की सलाह दी. इसके बाद आज बच्ची को एयर एम्बुलेंस से मुंबई के नारायणा अस्पताल रवाना किया गया. इस दौरान पिता विक्रम दाहिया और मौसा अजय दाहिया भी बच्ची के साथ मौजूद रहे.
आरबीएसके प्रबंधक सुभाष शुक्ला ने बताया कि बच्ची को दो दिन पहले मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था. लगातार हालत बिगडऩे के बाद विशेषज्ञों ने जांच की, जिसमें गंभीर हृदय रोग की पुष्टि हुई. इसके बाद मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नवीन कोठारी को पूरी जानकारी दी गई. बच्ची की नाजुक स्थिति को देखते हुए तत्काल दस्तावेज तैयार कर एयर एम्बुलेंस की व्यवस्था की गई.
8 दिन की बच्ची के दिल में जन्मजात छेद मिला-
जांच के दौरान डॉक्टरों ने पाया कि नवजात बच्ची जन्मजात हृदय रोग से पीडि़त है. डॉक्टरों के अनुसार समय रहते इलाज नहीं मिलने पर स्थिति और गंभीर हो सकती थी. मेडिकल कॉलेज के पीडियाट्रिक हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. प्रदीप जैन से समन्वय कर बच्ची की मेडिकल रिपोर्ट तैयार की गई.
शहडोल से रेफर होकर जबलपुर लेकर आए थे परिजन-
आरबीएसके प्रभारी सुभाष शुक्ला ने बताया कि बुधवार को बच्ची के परिजनों से संपर्क किया गया था. इसके बाद शहडोल जिले की आरबीएसके प्रबंधक कंचन पटेल और मुंबई के नारायणा अस्पताल से समन्वय स्थापित कर इलाज की पूरी प्रक्रिया शुरू कराई गई. आज सभी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद बच्ची को एयर एम्बुलेंस से मुंबई रवाना किया गया.
मुख्यमंत्री बाल हृदय उपचार योजना, पीएमजेएवाई से मिला सहयोग
बच्ची को मुंबई भेजने की पूरी प्रक्रिया मुख्यमंत्री बाल हृदय उपचार योजना और पीएमजेएवाई के अंतर्गत पूरी कराई गई. एयरपोर्ट पर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नवीन कोठारी, जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. विनीता उप्पल, श्रीया अवस्थी तथा आरबीएसके टीम के धवल त्रिवेदी और विकास श्रीवास्तव मौजूद रहे. अधिकारियों ने परिजनों को आवश्यक सहयोग और सहायता उपलब्ध कराई.
Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-

