ट्रेनों में सक्रिय किन्नर गिरोह पर आरपीएफ का शिकंजा, यात्रियों से जबरन वसूली करने वाले छह किन्नर दबोचे गए

ट्रेनों में सक्रिय किन्नर गिरोह पर आरपीएफ का शिकंजा, यात्रियों से जबरन वसूली करने वाले छह किन्नर दबोचे गए

प्रेषित समय :15:42:25 PM / Thu, Jun 4th, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

जबलपुर. जबलपुर रेलवे स्टेशन और यहां से गुजरने वाली ट्रेनों में यात्रियों से जबरन रुपये वसूलने और अभद्र व्यवहार करने वाले किन्नर गिरोहों के खिलाफ रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने सख्त अभियान शुरू कर दिया है. हाल के दिनों में दो अलग-अलग कार्रवाइयों में कुल छह किन्नरों को पकड़कर उनके खिलाफ रेलवे एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है. आरपीएफ का कहना है कि स्टेशन परिसर और ट्रेनों में यात्रियों की सुरक्षा तथा सुविधा प्रभावित करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा.

ताजा मामले में जबलपुर मुख्य रेलवे स्टेशन परिसर में तीन किन्नरों को यात्रियों से रुपये मांगते और अव्यवस्था फैलाते हुए पकड़ा गया. जानकारी के अनुसार आरपीएफ के उप निरीक्षक अरविंद सिंह और आरक्षक प्रवीण उपाध्याय स्टेशन के कटनी छोर की ओर नियमित गश्त कर रहे थे. इसी दौरान उनकी नजर तीन किन्नरों पर पड़ी जो यात्रियों से रुपये मांग रहे थे और स्टेशन परिसर में अनावश्यक भीड़ तथा अव्यवस्था की स्थिति पैदा कर रहे थे. शिकायत मिलने के बाद आरपीएफ टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए तीनों को हिरासत में लिया और पूछताछ के लिए आरपीएफ थाना लेकर पहुंची.

पकड़े गए आरोपियों की पहचान सुनैना (20 वर्ष), मोनू (20 वर्ष) और आशिकी किन्नर (32 वर्ष) के रूप में हुई है. तीनों कटनी जिले के एनकेजे थाना क्षेत्र के पीछे स्थित इलाके के निवासी बताए गए हैं. रेलवे एक्ट के अंतर्गत आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद उन्हें न्यायालय की शर्तों से अवगत कराया गया और बंधपत्र पर रिहा कर दिया गया. अधिकारियों ने उन्हें भविष्य में इस तरह की गतिविधियों से दूर रहने की चेतावनी भी दी है.

इसी बीच जबलपुर से होकर गुजरने वाली ट्रेनों में यात्रियों से जबरन बधाई और रुपये वसूलने वाले किन्नर गिरोह की सक्रियता का एक और मामला सामने आया है. ट्रेन क्रमांक 22909 वलसाड-पुरी एक्सप्रेस में सफर कर रहे यात्रियों ने शिकायत की थी कि कुछ किन्नर अनारक्षित कोच में चढ़कर यात्रियों से जबरन रुपये मांग रहे हैं. यात्रियों द्वारा पैसे देने से इनकार करने पर अभद्र व्यवहार किया जा रहा था, जिससे कोच के भीतर तनाव और विवाद की स्थिति बन रही थी.

यात्रियों की शिकायत मिलते ही जबलपुर आरपीएफ पोस्ट प्रभारी राजीव खरब ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए. सूचना के अनुसार कुछ किन्नर ट्रेन के अनारक्षित डिब्बे में सवार होकर यात्रियों को परेशान कर रहे थे. इसके बाद आरपीएफ की विशेष टीम गठित की गई और जवानों को मुख्य स्टेशन के आउटर क्षेत्र में तैनात किया गया ताकि ट्रेन के पहुंचने से पहले आरोपियों को पकड़ने की रणनीति बनाई जा सके.

जैसे ही वलसाड-पुरी एक्सप्रेस जबलपुर स्टेशन के आउटर क्षेत्र में पहुंची और उसकी गति धीमी हुई, अनारक्षित कोच से तीन किन्नर एक-एक कर नीचे कूद गए. हालांकि पहले से सतर्क आरपीएफ जवानों की नजर उन पर पड़ चुकी थी. आरोपियों ने भागने की कोशिश की, लेकिन जवानों ने घेराबंदी कर उन्हें मौके पर ही दबोच लिया. इसके बाद तीनों को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई.

आरपीएफ द्वारा पकड़े गए आरोपियों की पहचान आंध्र प्रदेश के गंटूर जिले के वन टाउन थाना क्षेत्र स्थित तेनामी वाइकुंटा पुरम निवासी बेलमकोन्डा दिनेश उर्फ बी. नीलीमा (43), नर्मदापुरम जिले के इटारसी स्थित नूरानी मस्जिद नाला मोहल्ला निवासी काली किन्नर गुरु (42) तथा बबली (52) के रूप में हुई है. तीनों के खिलाफ रेलवे नियमों के तहत आवश्यक कार्रवाई की गई.

जांच के दौरान आरपीएफ को यह भी जानकारी मिली कि सतना, कटनी, जबलपुर और इटारसी रेलखंड के बीच कई किन्नर समूह लंबे समय से ट्रेनों में सक्रिय हैं. ये समूह यात्रियों से जबरन रुपये वसूलने का काम करते हैं और शिकायत मिलने की स्थिति में बच निकलने के लिए विभिन्न तरीके अपनाते हैं. सूत्रों के अनुसार ये लोग ट्रेनों के शौचालयों में छिप जाते हैं, कपड़े बदल लेते हैं या स्टेशन पहुंचने से पहले चलती ट्रेन से उतरकर फरार हो जाते हैं. यही कारण है कि इनके खिलाफ कार्रवाई करना सुरक्षा एजेंसियों के लिए चुनौती बना रहता है.

आरपीएफ अधिकारियों के अनुसार पकड़े गए तीनों आरोपी एक ही गुरु के चेले बताए जा रहे हैं. प्रारंभिक जांच में इनकी गुरु का नाम रेशमा सामने आया है. सुरक्षा एजेंसियां अब इस पूरे नेटवर्क की जानकारी जुटाने में लगी हैं ताकि ट्रेनों में सक्रिय ऐसे गिरोहों की गतिविधियों पर प्रभावी रोक लगाई जा सके.

रेलवे अधिकारियों का कहना है कि ट्रेनों और स्टेशन परिसरों में यात्रियों को परेशान करने, जबरन रुपये मांगने या अभद्र व्यवहार करने वालों के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जाएगा. यात्रियों से भी अपील की गई है कि यदि यात्रा के दौरान कोई व्यक्ति जबरन पैसे मांगता है, डराता-धमकाता है या असुविधा पैदा करता है तो तुरंत रेलवे हेल्पलाइन 139 या निकटतम आरपीएफ कर्मी को सूचना दें.

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-