जबलपुर. एमपी के जबलपुर में गोहलपुर स्थित रेडिमेड गारमेंट एंड फैशन डिजाइनिंग क्लस्टर में 8 दिन बिजली आपूर्ति ठप रहने से 200 से अधिक उत्पादन इकाइयों का कामकाज बंद रहा. जिससे हजारों कारीगरों के सामने रोजगारका संकट खड़ा हो गया, वहीं व्यापारियों को लाखों रुपए का नुकसान उठाना पड़ा.
खबर है कि 9 जून से बाधित हो रही विद्युत आपूर्ति की शिकायत लगाकर की गई, इसके बाद अधिकारियों के कान पर जूं रेगी और 17 जून की रात को यहां पर बिजली की आपूर्ति शुरु हो पाई. खबर है कि बारिश के दौरान बिजली की अंडरग्राउंड केबल में फॉल्ट आने के कारण यह समस्या उत्पन्न हुई थी, जिसे सुधारने में बिजली विभाग को नौ दिन लग गए. गोहलपुर स्थित इस रेडिमेड गारमेंट एंड फैशन डिजाइनिंग क्लस्टर में वर्तमान में करीब 200 मैन्युफैक्चरिंग यूनिट संचालित हैं, जिनसे हजारों कारीगरों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार मिलता है. बिजली नहीं होने के कारण मशीनें बंद रहीं और उत्पादन पूरी तरह ठप हो गया.
क्लस्टर के प्रबंध निदेशक (एमडी) दीपक जैन ने कहा कि एक तकनीकी फॉल्ट को ठीक करने में 8 दिन लग जाना गंभीर चिंता का विषय है. उन्होंने कहा कि इस दौरान व्यापारियों को प्रतिदिन लाखों रुपए का नुकसान हुआ और बड़ी संख्या में कारीगरों का काम प्रभावित रहा. दीपक जैन ने बिजली विभाग की तकनीकी क्षमता को और मजबूत करने की आवश्यकता बताते हुए कहा कि भविष्य में ऐसी परिस्थितियों से बचने के लिए आधुनिक संसाधन और त्वरित मरम्मत व्यवस्था विकसित की जानी चाहिए.
बताया गया है कि क्लस्टर का बुनियादी ढांचा करीब 12 वर्ष पहले विकसित किया गया था. उस समय अत्याधुनिक तकनीक के तहत बिजली की केबलों को भूमिगत (अंडरग्राउंड) किया गया था. हालांकि हालिया बारिश के दौरान इन्हीं केबलों में फॉल्ट आने से पूरी बिजली व्यवस्था प्रभावित हो गई. बिजली विभाग के अधिकारियों के अनुसार बारिश के कारण अंडरग्राउंड केबलों में नमी और पानी पहुंचने से तकनीकी खराबी उत्पन्न हुई थी. मरम्मत कार्य पूरा होने के बाद 17 जून की देर रात बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई.
Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-

