जबलपुर. एमपी के जबलपुर स्थित बरगी डैम में हुए क्रज हादसे व देश के विभिन्न हिस्सों में हाल में हुई नाव दुर्घटनाओं के बाद केंद्र सरकार ने अंतर्देशीय जल परिवहन की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर चिंता जताई है. यात्रियों और पर्यटकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए भारतीय अंतर्देशीय जलमार्ग प्राधिकरण (आईडब्ल्यूएआई) ने राज्यों को सुरक्षा नियमों का सख्ती से पालन कराने के निर्देश दिए हैं.
आईडब्ल्यूएआई के अध्यक्ष सुनील पालीवाल ने मध्यप्रदेश के मुख्य सचिव अनुराग जैन को पत्र लिखकर अंतर्देशीय पोत अधिनियम-2021 और उससे जुड़े नियमों के प्रभावी क्रियान्वयन की आवश्यकता बताई है. पत्र में कहा गया है कि उत्तर प्रदेश के वृंदावन में यमुना नदी और मध्यप्रदेश के बरगी डैम में हुई हालिया नाव दुर्घटनाओं में लोगों की मौत हुई है, जिससे जल परिवहन और पर्यटन स्थलों पर संचालित नौकाओं की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं.
आईडब्ल्यूएआई ने पत्र में स्पष्ट किया है कि अंतर्देशीय पोत अधिनियम-2021 के तहत बनाए गए नियमों का पालन अनिवार्य है. इनमें नावों की डिजाइन और निर्माण मानक, नियमित सर्वेक्षण और प्रमाणन, अनिवार्य पंजीयन, सुरक्षित नौवहन, संचार व्यवस्था, बीमा, यात्री सुरक्षा, लाइफ जैकेट और अन्य जीवनरक्षक उपकरणों की उपलब्धता, अग्निशमन व्यवस्था तथा प्रशिक्षित चालक दल की नियुक्ति जैसे प्रावधान शामिल हैं. प्राधिकरण ने कहा है कि नियमों का निर्माण केंद्र सरकार करती है, लेकिन उनका पालन और प्रवर्तन राज्य सरकारों की जिम्मेदारी है. कई राज्यों में अभी तक आवश्यक अधिसूचनाएं जारी नहीं हुई हैं, जिससे नियमों का प्रभावी क्रियान्वयन प्रभावित हो रहा है. आईडब्ल्यूएआई ने राज्यों से नामित अधिकारियों की नियुक्ति और लंबित अधिसूचनाएं जल्द जारी करने को कहा है.
मध्यप्रदेश में बढ़ सकती है निगरानी-
आईडब्ल्यूएआई के पत्र के बाद मध्यप्रदेश में बरगी डैम, तवा जलाशय, गांधी सागर, बाणसागर और अन्य जल पर्यटन स्थलों पर संचालित नावों और क्रूज सेवाओं की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की संभावना बढ़ गई है. संबंधित विभागों को नावों के पंजीयन, फिटनेस प्रमाणपत्र, बीमा, लाइफ जैकेट की उपलब्धता और चालक दल की योग्यता की जांच के निर्देश दिए जा सकते हैं.
मुख्य सचिव से समीक्षा बैठक का आग्रह-
आईडब्ल्यूएआई अध्यक्ष ने मुख्य सचिव अनुराग जैन से संबंधित विभागों और प्राधिकरणों के साथ विस्तृत समीक्षा बैठक करने तथा आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाने का आग्रह किया है. पत्र में कहा गया है कि सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन ही यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और जल परिवहन व्यवस्था में लोगों का भरोसा बनाए रखने का सबसे प्रभावी उपाय है.
30 अप्रेल को हुआ था बरगी डेम में हादसा-
गौरतलब है कि 30 अप्रैल 2026 को जबलपुर के बरगी डैम क्षेत्र में एक टूरिस्ट क्रूज बोट खराब मौसम और तेज लहरों के कारण पलट गई थी. हादसे के समय नाव में करीब 35 से 40 लोग सवार थे, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल थे. इस दुर्घटना में कई लोगों की जान चली गई थी, जिसके बाद सुरक्षा व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल उठे थे.

