बेलफास्ट. आयरलैंड के खिलाफ पहले टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले में 15 वर्षीय युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को अंतिम एकादश में जगह नहीं मिलने के बाद क्रिकेट जगत में बहस छिड़ गई है. इंग्लैंड के पूर्व कप्तान माइकल वॉन ने भारतीय टीम प्रबंधन के फैसले पर हैरानी जताते हुए कहा कि मौजूदा फॉर्म को देखते हुए वैभव को टीम में शामिल किया जाना चाहिए था. वहीं भारत के पूर्व तेज गेंदबाज डोड्डा गणेश ने भी इस निर्णय पर सवाल उठाए हैं.
पहले टी20 मुकाबले से पहले क्रिकेट प्रशंसकों को उम्मीद थी कि वैभव सूर्यवंशी को भारतीय सीनियर टीम की ओर से पदार्पण का अवसर मिलेगा. हालांकि कप्तान श्रेयस अय्यर और टीम प्रबंधन ने अनुभवी सलामी जोड़ी अभिषेक शर्मा और संजू सैमसन पर भरोसा जताते हुए अंतिम एकादश में कोई बदलाव नहीं किया. इस फैसले के बाद वैभव को अपने अंतरराष्ट्रीय पदार्पण के लिए अभी और इंतजार करना होगा.
माइकल वॉन ने सामाजिक मंच 'एक्स' पर प्रतिक्रिया देते हुए लिखा कि उन्हें विश्वास नहीं हो रहा कि भारत ने वैभव सूर्यवंशी को टीम में शामिल नहीं किया. उन्होंने युवा बल्लेबाज की हालिया शानदार फॉर्म का उल्लेख करते हुए उन्हें वर्तमान समय के सर्वश्रेष्ठ टी20 खिलाड़ियों में से एक बताया. वॉन की इस टिप्पणी के बाद सोशल मीडिया पर भी चयन को लेकर व्यापक चर्चा शुरू हो गई.
वैभव सूर्यवंशी ने हाल के महीनों में अपने प्रदर्शन से सभी का ध्यान आकर्षित किया है. उन्होंने दांबुला में श्रीलंका 'ए' के खिलाफ केवल 11 गेंदों में अर्धशतक पूरा कर सूची-ए क्रिकेट का सबसे तेज अर्धशतक लगाने का रिकॉर्ड बनाया था. इससे पहले इंडियन प्रीमियर लीग में भी उन्होंने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 16 मैचों में 776 रन बनाए, जिसमें एक शतक और दो 90 से अधिक की पारियां शामिल थीं. उन्होंने एक सत्र में सर्वाधिक छक्के लगाने का रिकॉर्ड भी अपने नाम किया.
भारत के पूर्व तेज गेंदबाज डोड्डा गणेश ने भी टीम संयोजन पर सवाल उठाते हुए कहा कि आयरलैंड जैसी टीम के खिलाफ छह गेंदबाजी विकल्प रखने की आवश्यकता नहीं थी. उनका मानना है कि इस मुकाबले में वैभव सूर्यवंशी को पदार्पण का अवसर दिया जा सकता था.
टॉस के समय भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर ने चयन को लेकर टीम प्रबंधन का पक्ष रखा. उन्होंने कहा कि वैभव बेहद प्रतिभाशाली खिलाड़ी हैं और उनका भविष्य उज्ज्वल है, लेकिन फिलहाल टीम में ऐसे खिलाड़ी मौजूद हैं जिन्होंने पिछले कुछ समय में लगातार अच्छा प्रदर्शन किया है. कप्तान ने कहा कि टीम प्रबंधन अनुभवी खिलाड़ियों पर भरोसा बनाए रखना चाहता है और उचित समय आने पर वैभव को भी अवसर मिलेगा.
भारतीय टीम ने इस मुकाबले में तीन तेज गेंदबाज, एक हरफनमौला खिलाड़ी और दो स्पिनरों के संयोजन के साथ उतरने का फैसला किया. टीम प्रबंधन का मानना है कि मौजूदा संयोजन परिस्थितियों के अनुरूप अधिक संतुलित है.
अब क्रिकेट प्रेमियों की नजरें आयरलैंड के खिलाफ होने वाले दूसरे टी20 मुकाबले पर टिकी हैं. इसके बाद भारत को इंग्लैंड के खिलाफ पांच मैचों की टी20 श्रृंखला भी खेलनी है, जिसमें वैभव सूर्यवंशी टीम का हिस्सा हैं. ऐसे में माना जा रहा है कि यदि उन्हें अगले मुकाबलों में मौका मिलता है तो भारतीय क्रिकेट को एक नया युवा सितारा अंतरराष्ट्रीय मंच पर देखने को मिल सकता है.
Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-

