भारी बारिश के चलते 7 अगस्त तक बंद रहेगा गुजरात का डुमस बीच, लोगों के प्रवेश पर रोक

भारी बारिश के चलते 7 अगस्त तक बंद रहेगा गुजरात का डुमस बीच, लोगों के प्रवेश पर रोक

प्रेषित समय :19:26:10 PM / Sun, Aug 2nd, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

सूरत. गुजरात में लगातार हो रही भारी बारिश के बीच सूरत के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल डुमस बीच को आम लोगों के लिए 7 अगस्त तक बंद रखने का निर्णय लिया गया है. पहले यह प्रतिबंध 31 जुलाई तक लागू किया गया था, लेकिन मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों और सुरक्षा कारणों को देखते हुए सूरत पुलिस ने इसकी अवधि एक सप्ताह और बढ़ा दी है. प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे प्रतिबंध का पालन करें और समुद्र तट पर जाने से बचें.

डुमस पुलिस थाने के पुलिस निरीक्षक एम.वी. पटेल ने बताया कि सूरत शहर में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण समुद्र तट पर पर्यटकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया गया है. उन्होंने कहा कि मौसम में फिलहाल सुधार के संकेत नहीं हैं, इसलिए 7 अगस्त तक आम नागरिकों के प्रवेश पर रोक जारी रहेगी. पुलिस और स्थानीय प्रशासन स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए हैं.

इस बीच भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने गुजरात के कई जिलों में भारी बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं को लेकर रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किया है. विभाग ने कुछ स्थानों पर 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने तथा मूसलाधार बारिश की संभावना जताई है. सूरत सहित कई जिलों में लोगों को सतर्क रहने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी गई है.

आईएमडी के अनुसार गुजरात के अहमदाबाद, गांधीनगर, भरूच, वडोदरा, आनंद, कच्छ, खेड़ा, महेसाणा, मोरबी, साबरकांठा, सुरेंद्रनगर सहित कई जिलों में रेड अलर्ट जारी किया गया है. वहीं सूरत, नवसारी, तापी, वलसाड, राजकोट, जूनागढ़, जामनगर, पोरबंदर और अन्य जिलों में ऑरेंज अलर्ट लागू है. मौसम विभाग ने लोगों को पेड़ों और कमजोर संरचनाओं के नीचे शरण लेने से बचने तथा स्थानीय प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की सलाह दी है.

लगातार बारिश के कारण दक्षिण गुजरात के कई इलाकों में जनजीवन प्रभावित हुआ है. नवसारी जिले में शनिवार सुबह से रात तक लगभग सात इंच बारिश दर्ज की गई. सबसे अधिक वर्षा वांसदा तहसील में 13 इंच रिकॉर्ड की गई, जबकि नवसारी और खेरगाम में आठ-आठ इंच बारिश हुई. भारी वर्षा के चलते जिले से होकर गुजरने वाली पूर्णा और कावेरी नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं, जिससे निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है.

नवसारी जिला प्रशासन के अनुसार एहतियात के तौर पर 9,236 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है. प्रशासन राहत एवं बचाव कार्यों पर लगातार नजर बनाए हुए है और संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी गई है. अधिकारियों का कहना है कि यदि बारिश का सिलसिला जारी रहा तो आवश्यकता के अनुसार अतिरिक्त सुरक्षा और राहत उपाय भी किए जाएंगे.

प्रशासन ने पर्यटकों और स्थानीय नागरिकों से अपील की है कि वे मौसम सामान्य होने तक समुद्र तटों, नदी किनारों और जलभराव वाले क्षेत्रों में जाने से बचें. डुमस बीच को लेकर जारी प्रतिबंध फिलहाल 7 अगस्त तक प्रभावी रहेगा और इसके बाद मौसम की स्थिति की समीक्षा कर आगे का निर्णय लिया जाएगा.

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-