नई दिल्ली. भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार लेग स्पिनर युजवेंद्र चहल ने फर्स्ट क्लास क्रिकेट से संन्यास लेने की आधिकारिक घोषणा कर दी है. 36 वर्षीय चहल का यह फैसला तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है. इसके साथ ही उनके करियर में रेड-बॉल क्रिकेट का सफर हमेशा के लिए समाप्त हो गया है. हालांकि, चहल ने साफ किया है कि वह सीमित ओवरों यानी वनडे और टी20 फॉर्मेट में खेलना जारी रखेंगे और उनका अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कहने का कोई इरादा नहीं है. चहल ने सोशल मीडिया पर एक बेहद भावुक पोस्ट लिखकर अपने इस बड़े फैसले की जानकारी साझा की.
लॉर्ड्स में खेला आखिरी रेड-बॉल मैच, टेस्ट कैप न मिलने का छलका दर्द
चहल ने अपने फर्स्ट क्लास करियर का आखिरी मुकाबला इंग्लैंड के ऐतिहासिक लॉर्ड्स मैदान पर नॉर्थम्पटनशायर के लिए खेला. संन्यास का ऐलान करते हुए चहल ने लिखा कि जब वह 10 साल के थे, तब उन्होंने पहली बार हाथ में लाल गेंद पकड़ी थी. रेड-बॉल क्रिकेट ने उन्हें धैर्य, संघर्ष और हर विकेट के लिए लडऩा सिखाया. चहल ने भावुक होते हुए लिखा कि भारत के लिए टेस्ट कैप पहनना हमेशा से उनका सबसे बड़ा सपना रहा, जो कई वर्षों तक उनके दिल में जिंदा था. यह सपना भले ही पूरा न हो सका, लेकिन उन्हें अपने फर्स्ट क्लास सफर पर गर्व और संतोष है. उन्होंने हरियाणा क्रिकेट एसोसिएशन, रणबीर सिंह महिंद्रा और अनिरुद्ध सिंह चौधरी का उनके अटूट समर्थन के लिए विशेष आभार व्यक्त किया.
49 मैचों में चटकाए 148 विकेट, ऐसा रहा फर्स्ट क्लास करियर
फर्स्ट क्लास क्रिकेट में युजवेंद्र चहल का रिकॉर्ड बेहद प्रभावी रहा. उन्होंने अपने करियर में कुल 49 मैच खेले, जिनकी 79 पारियों में उन्होंने 32.27 की औसत और 3.13 की इकोनॉमी से 148 विकेट अपने नाम किए. इस दौरान उन्होंने 6 बार पारी में पांच विकेट और 8 बार चार विकेट लेने का कारनामा किया. उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन एक पारी में 44 रन देकर 6 विकेट और एक मैच में 99 रन देकर 9 विकेट रहा.
व्हाइट-बॉल में वापसी की भूख बाकी, टीम इंडिया में फिर से जगह बनाने का लक्ष्य
रेड-बॉल से संन्यास लेने के बावजूद चहल का इरादा सीमित ओवरों की क्रिकेट में पूरी तरह सक्रिय रहने का है. चहल ने जोर देकर कहा कि अपने देश भारत के लिए खेलने की भूख उनके भीतर आज भी पूरी तरह जिंदा है और उन्हें विश्वास है कि उनके अंदर काफी क्रिकेट बाकी है. उन्होंने कहा कि वह वनडे और टी20 टीम में वापसी का मौका हासिल करने के लिए अपनी पूरी ताकत झोंक देंगे.
गौरतलब है कि चहल काफी समय से भारतीय राष्ट्रीय टीम से बाहर चल रहे हैं. उन्होंने भारत के लिए अपना आखिरी वनडे जनवरी 2023 और आखिरी टी20 अगस्त 2023 में खेला था. वे टी20 वर्ल्ड कप 2024 की विजेता भारतीय टीम की 15 सदस्यीय स्क्वॉड का हिस्सा जरूर थे, लेकिन उन्हें पूरे टूर्नामेंट में प्लेइंग इलेवन में मौका नहीं मिल सका था. भारत के लिए 72 वनडे मैचों में 121 विकेट और 80 टी20 मैचों में 96 विकेट ले चुके चहल अब पूरी तरह सीमित ओवरों और आईपीएल व विदेशी लीग्स पर अपना ध्यान केंद्रित करेंगे.

