जबलपुर को फिर मिली मुंबई की सीधी उड़ान, इंदौर की हवाई सेवा 25 अक्टूबर से होगी बंद

जबलपुर को फिर मिली मुंबई की सीधी उड़ान, इंदौर की हवाई सेवा 25 अक्टूबर से होगी बंद

प्रेषित समय :19:09:03 PM / Wed, Oct 7th, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

जबलपुर. संस्कारधानी के हवाई यात्रियों के लिए 25 अक्टूबर से एयर कनेक्टिविटी का नया दौर शुरू होने जा रहा है. इंडिगो के विंटर शेड्यूल में जबलपुर से मुंबई की सीधी उड़ान की वापसी हुई है, लेकिन इसी बदलाव के साथ इंदौर और नवी मुंबई के लिए सीधी विमान सेवा शेड्यूल से बाहर हो गई है. यानी जबलपुर एयरपोर्ट से उड़ानों की संख्या और प्रमुख महानगरों से जुड़ाव का स्वरूप बदलने वाला है. नया शेड्यूल 25 अक्टूबर से 31 दिसंबर तक प्रभावी रहेगा.

सबसे बड़ा बदलाव यह है कि जबलपुर से मुंबई के लिए अब यात्रियों को सीधी उड़ान मिलेगी. वहीं इंदौर जाने वाले यात्रियों के सामने हवाई सफर का विकल्प फिलहाल कमजोर पड़ता दिखाई दे रहा है. खासकर उन यात्रियों के लिए यह बदलाव महत्वपूर्ण है, जिनका नियमित आना-जाना दोनों शहरों के बीच नौकरी, कारोबार, शिक्षा या अन्य कामकाज के सिलसिले में होता है.

पांच शहरों से जुड़ेगा जबलपुर का नया नेटवर्क
विंटर शेड्यूल के अनुसार जबलपुर एयरपोर्ट से प्रतिदिन पांच उड़ानों का संचालन प्रस्तावित है. इनमें दिल्ली के लिए दो उड़ानें तथा मुंबई, बेंगलुरु और हैदराबाद के लिए एक-एक उड़ान शामिल है. इस तरह एयरपोर्ट से देश के प्रमुख व्यावसायिक और महानगरीय केंद्रों तक सीधा संपर्क बना रहेगा.

दिल्ली के लिए दो उड़ानें होने से यात्रियों को दिन में अलग-अलग समय पर यात्रा का विकल्प मिलेगा. बेंगलुरु की उड़ान आईटी और रोजगार से जुड़े यात्रियों के लिए महत्वपूर्ण मानी जाती है, जबकि हैदराबाद के लिए सीधी सेवा दक्षिण भारत से संपर्क को बनाए रखेगी. मुंबई की वापसी इस नेटवर्क में सबसे बड़ा बदलाव है.

हालांकि, रूट की संख्या को केवल उड़ानों की संख्या से नहीं देखा जा सकता. इंदौर और नवी मुंबई जैसे रूटों का हटना यह संकेत देता है कि एयरलाइन ने आगामी विंटर सीजन के लिए यात्रियों की मांग और परिचालन जरूरतों के आधार पर नेटवर्क में पुनर्गठन किया है.

मुंबई के लिए सीधी उड़ान से यात्रियों को राहत
मुंबई जाने वाले यात्रियों के लिए नया शेड्यूल राहत लेकर आया है. 25 अक्टूबर से जबलपुर से मुंबई के लिए रोजाना सीधी उड़ान उपलब्ध होगी. फ्लाइट 6ई792 शाम 7:40 बजे जबलपुर से रवाना होकर मुंबई जाएगी. वहीं मुंबई से आने वाली 6E791 उड़ान शाम 7:10 बजे जबलपुर पहुंचेगी.

सीधी उड़ान उपलब्ध होने का सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि मुंबई जाने वाले यात्रियों को कनेक्टिंग फ्लाइट पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा. कारोबार, चिकित्सा, शिक्षा और निजी कामों के लिए मुंबई जाने वाले यात्रियों के लिए समय की बचत भी महत्वपूर्ण होगी.

जबलपुर और मुंबई के बीच सीधा हवाई संपर्क क्षेत्रीय अर्थव्यवस्था के लिहाज से भी अहम माना जाता है. मुंबई देश का बड़ा कारोबारी और वित्तीय केंद्र है. ऐसे में दोनों शहरों के बीच सीधी उड़ान उपलब्ध होने से व्यावसायिक यात्रियों के साथ उन लोगों को भी सुविधा मिलेगी, जिन्हें कम समय में महानगर पहुंचना होता है.

इंदौर जाने वालों के सामने बढ़ेगी परेशानी
नए शेड्यूल का दूसरा पहलू इंदौर के यात्रियों से जुड़ा है. जबलपुर-इंदौर के बीच वर्तमान सीधी हवाई सेवा को 25 अक्टूबर से लागू होने वाले शेड्यूल में जगह नहीं मिली है. ऐसे में दोनों शहरों के बीच विमान से सीधी यात्रा का विकल्प समाप्त होने की स्थिति बन गई है.

इंदौर और जबलपुर के बीच नियमित रूप से यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए यह बदलाव सामान्य रूट परिवर्तन से ज्यादा महत्वपूर्ण है. दोनों शहर मध्य प्रदेश के प्रमुख आर्थिक, शैक्षणिक और प्रशासनिक केंद्र हैं. इंदौर में पढ़ाई करने वाले विद्यार्थियों, निजी क्षेत्र में काम करने वाले कर्मचारियों, कारोबारियों और विभिन्न पेशेवरों के लिए सीधी उड़ान समय बचाने का माध्यम थी.

अब यात्रियों को अपनी यात्रा के लिए ट्रेन या सड़क मार्ग का सहारा लेना पड़ सकता है. जिन यात्रियों के लिए हवाई यात्रा जरूरी है, वे किसी अन्य शहर के माध्यम से कनेक्टिंग फ्लाइट का विकल्प तलाश सकते हैं. इससे यात्रा का समय और कुल खर्च दोनों बढ़ने की संभावना है.

नवी मुंबई की जगह अब मुंबई पर फोकस
नए शेड्यूल में नवी मुंबई की सीधी उड़ान भी शामिल नहीं है. इसके स्थान पर मुंबई के लिए सेवा दी गई है. दोनों एयरपोर्ट मुंबई महानगर क्षेत्र में होने के बावजूद यात्रियों के लिए उनकी लोकेशन महत्वपूर्ण होती है.

नवी मुंबई जाने वाले यात्रियों को एयरपोर्ट बदलने के बाद अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए अतिरिक्त सड़क यात्रा करनी पड़ सकती है. वहीं मुंबई एयरपोर्ट पर उतरने वाले यात्रियों के लिए शहर के अलग-अलग हिस्सों तक पहुंच की सुविधा अलग हो सकती है. इसलिए यह बदलाव केवल नाम बदलने तक सीमित नहीं है, बल्कि यात्रियों के गंतव्य के अनुसार उनकी पूरी यात्रा को प्रभावित कर सकता है.

हैदराबाद रूट पर विमान की क्षमता बढ़ने की उम्मीद
विंटर शेड्यूल में हैदराबाद की सीधी सेवा जारी रखी गई है. जबलपुर से फ्लाइट 6ई473 शाम 5:25 बजे हैदराबाद के लिए रवाना होगी, जबकि हैदराबाद से आने वाली 6E6291 शाम 4:55 बजे जबलपुर पहुंचेगी.

इस रूट पर एटीआर की जगह एयरबस विमान के संचालन की जानकारी सामने आई है. यदि एयरबस का संचालन नियमित रूप से होता है तो इससे एक उड़ान में उपलब्ध सीटों की क्षमता बढ़ सकती है. इसका सीधा लाभ उन यात्रियों को मिल सकता है, जिन्हें हैदराबाद की यात्रा करनी होती है या वहां से आगे दूसरे शहरों के लिए कनेक्टिंग फ्लाइट लेनी होती है.

इस बदलाव का असर जबलपुर की दक्षिण भारत से हवाई कनेक्टिविटी पर भी पड़ सकता है. हैदराबाद कई शहरों के लिए कनेक्टिंग हब की भूमिका निभाता है, इसलिए बड़े विमान के संचालन से अप्रत्यक्ष रूप से अन्य शहरों तक पहुंच के विकल्प भी बढ़ सकते हैं.

दिल्ली के लिए दो विकल्प रहेंगे
दिल्ली रूट को नए शेड्यूल में मजबूत स्थिति दी गई है. जबलपुर से दिल्ली के लिए दो दैनिक उड़ानें प्रस्तावित हैं. पहली फ्लाइट 6ई964 सुबह 9:50 बजे और दूसरी 6ई662 शाम 6:50 बजे जबलपुर से रवाना होगी.

दिल्ली से आने वाली संबंधित उड़ानें सुबह 9:20 बजे और शाम 6:20 बजे जबलपुर पहुंचेंगी. दो समय स्लॉट उपलब्ध होने से यात्रियों को अपनी जरूरत के अनुसार सुबह या शाम की उड़ान चुनने का विकल्प मिलेगा.

दिल्ली से देश के दूसरे हिस्सों के लिए बड़ी संख्या में कनेक्टिंग फ्लाइट उपलब्ध होने के कारण यह रूट जबलपुर एयरपोर्ट के लिए भी महत्वपूर्ण है. प्रत्यक्ष उड़ान के अलावा दिल्ली के माध्यम से अन्य शहरों तक पहुंच बनाने वाले यात्रियों को भी इससे सुविधा मिल सकती है.

बेंगलुरु की उड़ान भी रहेगी जारी
आईटी और तकनीकी क्षेत्र के प्रमुख केंद्र बेंगलुरु के लिए भी रोजाना सीधी उड़ान जारी रहेगी. शेड्यूल के अनुसार जबलपुर से बेंगलुरु के लिए उड़ान दोपहर 1 बजे रवाना होगी और वहां से आने वाली उड़ान दोपहर 12:30 बजे जबलपुर पहुंचेगी.

बेंगलुरु की सीधी उड़ान का महत्व खासकर आईटी सेक्टर, निजी कंपनियों, विद्यार्थियों और रोजगार के लिए दक्षिण भारत जाने वाले यात्रियों के लिए है. ऐसे यात्रियों को फिलहाल कनेक्टिंग फ्लाइट की जरूरत नहीं होगी.

पांच रूट लेकिन नेटवर्क में बदलाव का संकेत
नए शेड्यूल को देखें तो जबलपुर एयरपोर्ट से पांच दैनिक उड़ानों का नेटवर्क दिखाई देता है, लेकिन रूटों के बदलाव से हवाई कनेक्टिविटी की तस्वीर पहले जैसी नहीं रहेगी. मुंबई की वापसी जहां यात्रियों के लिए सकारात्मक है, वहीं इंदौर और नवी मुंबई सेवाओं का बाहर होना नेटवर्क के दूसरे हिस्से को प्रभावित करेगा.

यह बदलाव इस बात की ओर भी संकेत करता है कि एयरलाइन अलग-अलग रूटों पर उपलब्ध मांग, विमान की उपलब्धता और परिचालन जरूरतों के अनुसार उड़ानों को पुनर्व्यवस्थित कर रही है. विंटर शेड्यूल में किसी रूट का उल्लेख नहीं होना फिलहाल उस अवधि में सेवा जारी नहीं रहने का संकेत माना जा रहा है.

31 दिसंबर तक लागू रहेगा शेड्यूल
इंडिगो का यह विंटर शेड्यूल 25 अक्टूबर से 31 दिसंबर तक प्रभावी रहेगा. इस दौरान उड़ानों के समय या संचालन में परिचालन कारणों से बदलाव संभव है. इसलिए यात्रियों के लिए टिकट बुक करने से पहले संबंधित उड़ान की स्थिति और समय की पुष्टि करना जरूरी होगा.

जबलपुर एयरपोर्ट से आने-जाने वाले यात्रियों के लिए आगामी विंटर सीजन इसलिए अहम रहेगा क्योंकि एक तरफ मुंबई की सीधी कनेक्टिविटी लौट रही है और दूसरी तरफ इंदौर तथा नवी मुंबई जैसे रूट फिलहाल नेटवर्क से बाहर हो रहे हैं. अब नजर इस बात पर रहेगी कि आगे एयरलाइन इन दोनों रूटों को दोबारा शुरू करती है या नए गंतव्यों को जबलपुर के हवाई नेटवर्क में शामिल किया जाता है.

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-