नगर प्रतिनिधि, जबलपुर.नवरात्र पर्व पर मां दुर्गा के दर्शन के लिए उमड़ने वाली श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए जबलपुर यातायात पुलिस ने शहर के प्रमुख धार्मिक स्थलों, बाजारों और व्यस्त मार्गों के लिए विशेष यातायात योजना तैयार की है। शहर में करीब 1900 स्थानों पर मां दुर्गा की प्रतिमाएं स्थापित किए जाने के कारण सप्तमी, अष्टमी और नवमी की शाम से देर रात तक सड़कों पर भारी भीड़ रहने की संभावना है। इसे देखते हुए कई प्रमुख मार्गों पर तीन और चार पहिया वाहनों के प्रवेश पर रोक लगाई गई है। बड़ी खेरमाई, बूढ़ी खेरमाई, गढ़ाफाटक महाकाली, पड़ाव महाकाली और कछपुरा महाकाली प्रतिमा के दर्शन मार्गों के साथ बड़ा फुहारा, सुनरहाई, नुनहाई और सदर बाजार क्षेत्र में भी यातायात व्यवस्था बदली रहेगी।
यातायात पुलिस का उद्देश्य श्रद्धालुओं को सुरक्षित आवागमन उपलब्ध कराना, धार्मिक स्थलों के आसपास जाम रोकना और पैदल दर्शन करने वालों के लिए रास्ते सुगम बनाए रखना है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि किसी मार्ग पर भीड़ का दबाव बढ़ने पर दोपहिया वाहनों को भी वैकल्पिक मार्गों पर भेजा जा सकता है। मौके की स्थिति के अनुसार निर्धारित यातायात व्यवस्था में बदलाव भी संभव है। ऐसे में वाहन चालकों को सलाह दी गई है कि वे मंदिरों और बाजारों की ओर जाने से पहले वैकल्पिक मार्गों की जानकारी रखें और यातायात पुलिस के निर्देशों का पालन करें।
बड़ी खेरमाई मंदिर जाने वाले मार्गों पर रहेगी रोक
नवरात्र के दौरान बड़ी खेरमाई मंदिर में दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। इसे देखते हुए मंदिर की ओर जाने वाले प्रमुख रास्तों पर तीन और चार पहिया वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा। भानतलैया, बकरा मार्केट और अनवरगंज की तरफ से बड़ी खेरमाई मंदिर की ओर जाने वाले वाहन आगे नहीं जा सकेंगे।
इन मार्गों पर यातायात का दबाव बढ़ने से संकरी सड़कों पर जाम की स्थिति बन सकती है। इसलिए वाहन चालकों को मंदिर के आसपास जाने के लिए निर्धारित प्रतिबंधित मार्गों से बचना होगा। श्रद्धालुओं को सलाह दी गई है कि वे अपने वाहन ऐसे स्थानों पर खड़े न करें, जहां से पैदल यात्रियों की आवाजाही बाधित हो या आपातकालीन वाहनों को निकलने में परेशानी आए।
बूढ़ी खेरमाई मंदिर और मिलौनीगंज में बदलेगा यातायात
बूढ़ी खेरमाई मंदिर क्षेत्र में भी दर्शनार्थियों की भीड़ को ध्यान में रखते हुए यातायात नियंत्रण किया जाएगा। मछली मार्केट, मिलौनीगंज चौक और चारखंबा की तरफ से बूढ़ी खेरमाई मंदिर की ओर तीन और चार पहिया वाहनों का प्रवेश बंद रहेगा।
मिलौनीगंज चौक और चारखंबा जैसे व्यस्त स्थानों पर त्योहार के दौरान वाहनों और पैदल श्रद्धालुओं की आवाजाही एक साथ बढ़ने से यातायात प्रभावित हो सकता है। ऐसे में पुलिस की ओर से निर्धारित प्रवेश बिंदुओं पर वाहनों को रोका जाएगा। स्थानीय वाहन चालकों को भीड़ वाले मार्गों से बचते हुए वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करना चाहिए।
गढ़ाफाटक में महाकाली दर्शन के लिए विशेष व्यवस्था
गढ़ाफाटक क्षेत्र में महाकाली प्रतिमा के दर्शन के लिए जाने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए यातायात पुलिस ने विशेष व्यवस्था की है। शंकर घी भंडार, चरहाई क्रॉसिंग, लोहिया पुल और रानीताल चौक प्वाइंट से महाकाली प्रतिमा की ओर तीन और चार पहिया वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा।
इन स्थानों पर पुलिस की व्यवस्था का मुख्य उद्देश्य दर्शन मार्ग पर वाहनों की भीड़ को रोकना है। नवरात्र की प्रमुख तिथियों पर शाम के समय श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ने के साथ ही आसपास की सड़कों पर यातायात का दबाव भी बढ़ सकता है। ऐसे में वाहन चालकों को इन प्रतिबंधित बिंदुओं से आगे जाने की कोशिश करने के बजाय दूसरे रास्तों का इस्तेमाल करना होगा।
पड़ाव महाकाली प्रतिमा तक नहीं जा सकेंगे चार पहिया वाहन
पड़ाव महाकाली प्रतिमा के दर्शन मार्ग पर भी यातायात प्रतिबंध लागू रहेगा। शंकर घी भंडार, पांडे चौक और आगा चौक प्वाइंट से तीन और चार पहिया वाहनों को आगे जाने की अनुमति नहीं होगी।
पड़ाव क्षेत्र में प्रतिमा दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को यातायात व्यवस्था का ध्यान रखना होगा। वाहन चालकों को पुलिस के निर्देशों के अनुसार आगे बढ़ना होगा, ताकि मंदिर तक पहुंचने वाले रास्तों पर अनावश्यक भीड़ न हो। विशेष रूप से शाम और देर रात के समय वाहनों की आवाजाही नियंत्रित रखने पर जोर रहेगा।
कछपुरा महाकाली मार्ग पर तीन स्थानों से प्रवेश प्रतिबंधित
कछपुरा महाकाली माता प्रतिमा के दर्शन मार्ग पर यातायात नियंत्रित करने के लिए मेहता पेट्रोल पंप क्रॉसिंग, मेहता पेट्रोल पंप अंडरब्रिज क्रॉसिंग और दरवानी कोचिंग क्रॉसिंग को प्रमुख नियंत्रण बिंदु बनाया गया है। यहां से तीन और चार पहिया वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा।
इन स्थानों पर यातायात पुलिस की निगरानी के बीच वाहनों को निर्धारित वैकल्पिक मार्गों की ओर भेजा जा सकता है। दर्शन के लिए आने वाले लोगों को सलाह दी गई है कि वे अपने वाहनों के साथ प्रतिबंधित मार्गों में प्रवेश करने की कोशिश न करें। इससे न केवल जाम की आशंका कम होगी, बल्कि पैदल चलने वाले श्रद्धालुओं को भी सुरक्षित रास्ता मिल सकेगा।
सुनरहाई और नुनहाई में भी वाहनों की आवाजाही पर नियंत्रण
सुनरहाई और नुनहाई क्षेत्र में दुर्गा प्रतिमाओं के दर्शन के लिए पहुंचने वाले लोगों की भीड़ को देखते हुए कई प्रवेश बिंदुओं पर वाहनों को रोका जाएगा। कमानिया गेट, सराफा चौक, राजारसगुल्ला, हितकारिणी स्कूल और खटीक मोहल्ला प्वाइंट से तीन और चार पहिया वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा।
इन इलाकों में बाजारों और धार्मिक स्थलों के आसपास पैदल लोगों की आवाजाही अधिक रहने की संभावना है। संकरी सड़कों पर वाहनों की संख्या बढ़ने से श्रद्धालुओं को परेशानी हो सकती है। इसी कारण पुलिस ने इन क्षेत्रों में प्रवेश नियंत्रित करने का निर्णय लिया है।
यदि किसी स्थान पर भीड़ का दबाव बढ़ता है, तो दोपहिया वाहनों को भी डायवर्ट किया जा सकता है। इसलिए स्थानीय निवासियों और दर्शनार्थियों को मौके पर तैनात पुलिसकर्मियों के निर्देशों का पालन करना होगा।
बड़ा फुहारा और गंजीपुरा में निजी वाहनों की नो-एंट्री
शहर के व्यस्त कारोबारी क्षेत्र बड़ा फुहारा में भी यातायात व्यवस्था बदली रहेगी। सुपर बाजार, कछियाना क्रॉसिंग, गंजीपुरा, तुलाराम चौक और पांडे चौक प्वाइंट से तीन और चार पहिया वाहनों की आवाजाही प्रतिबंधित रहेगी।
नवरात्र के दौरान बड़ा फुहारा और आसपास के बाजारों में खरीदारी करने वालों तथा प्रतिमा दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ सकती है। ऐसे में बाजार क्षेत्र में वाहनों का प्रवेश सीमित रखना जाम से बचने के लिए जरूरी होगा।
गंजीपुरा, कछियाना और तुलाराम चौक की ओर जाने वाले वाहन चालकों को अपनी यात्रा की योजना पहले से बनानी चाहिए। बाजार के आसपास अनधिकृत पार्किंग करने से यातायात व्यवस्था प्रभावित हो सकती है। इसलिए वाहन निर्धारित पार्किंग स्थलों पर ही खड़े करना बेहतर होगा।
सदर बाजार में पेंटी नाका से जयसवाल पेट्रोल पंप तक निगरानी
सदर बाजार क्षेत्र में भी नवरात्र के दौरान वाहनों की आवाजाही नियंत्रित रहेगी। पेंटी नाका चौक, टीआई क्रॉसिंग और जयसवाल पेट्रोल पंप प्वाइंट से बाजार की ओर जाने वाले वाहनों पर प्रतिबंध लगाया गया है।
सदर बाजार में स्थानीय खरीदारी, धार्मिक गतिविधियों और आम आवागमन के कारण सड़कों पर दबाव बढ़ने की आशंका है। ऐसे में वाहन चालकों को प्रतिबंधित प्रवेश बिंदुओं का ध्यान रखना होगा। बाजार के भीतर अनावश्यक वाहन ले जाने से बचने और वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करने से भीड़ नियंत्रित रखने में मदद मिल सकती है।
सवारी बसें बाईपास से चलेंगी, शहर के भीतर प्रवेश नहीं
नवरात्र के दौरान शहर की यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए सवारी बसों के संचालन में भी बदलाव किया गया है। सभी निर्धारित रूट की सवारी बसें आईएसबीटी दीनदयाल से पाटन-कटंगी बाईपास होकर चलेंगी। इन बसों का शहर के भीतर प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा।
इस व्यवस्था का उद्देश्य शहर के व्यस्त हिस्सों में बसों की आवाजाही से होने वाले अतिरिक्त यातायात दबाव को कम करना है। बस संचालकों और यात्रियों को बदले हुए मार्ग का ध्यान रखना होगा। यात्रियों को अपनी यात्रा शुरू करने से पहले बस के मार्ग और संबंधित जानकारी की पुष्टि कर लेनी चाहिए, ताकि उन्हें अनावश्यक परेशानी न हो।
भारी वाहनों की नो-एंट्री, आपातकालीन सेवाओं को छूट
यातायात पुलिस ने भारी वाहनों के लिए भी नो-एंट्री व्यवस्था लागू करने की जानकारी दी है। पाटन, कटंगी, अमखेरा, अंधमूक, बरगी हिल्स, सगड़ा, एकता मार्केट, महाराजपुर और खमरिया बाईपास से भारी वाहनों की शहर में आवाजाही प्रतिबंधित रहेगी।
त्योहार के दौरान भारी वाहनों की आवाजाही कम रखने से व्यस्त सड़कों पर जाम की आशंका घटाने में मदद मिलेगी। हालांकि, एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड जैसी आपातकालीन सेवाओं को प्रतिबंध से छूट दी गई है, ताकि जरूरत पड़ने पर मरीजों और आम नागरिकों तक तत्काल सहायता पहुंचाई जा सके।
श्रद्धालुओं से पुलिस के निर्देश मानने की अपील
नवरात्र की सप्तमी, अष्टमी और नवमी पर शाम से देर रात तक प्रमुख मंदिरों, प्रतिमा स्थलों और बाजारों में भीड़ बढ़ने की संभावना है। ऐसे में यातायात पुलिस की योजना तभी प्रभावी होगी, जब वाहन चालक और श्रद्धालु भी नियमों का पालन करेंगे।
पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वे प्रतिबंधित मार्गों पर वाहन लेकर न जाएं, निर्धारित वैकल्पिक रास्तों का उपयोग करें और भीड़ वाले इलाकों में यातायात कर्मियों के निर्देशों का पालन करें। किसी मार्ग पर अतिरिक्त भीड़ होने की स्थिति में मौके पर यातायात व्यवस्था बदली जा सकती है।
नवरात्र के दौरान बड़ी खेरमाई, बूढ़ी खेरमाई, गढ़ाफाटक, पड़ाव महाकाली, कछपुरा महाकाली, सुनरहाई, नुनहाई, बड़ा फुहारा, गंजीपुरा और सदर बाजार जैसे क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरती जाएगी। श्रद्धालुओं की सुरक्षा और निर्बाध आवागमन सुनिश्चित करने के लिए पुलिस की निगरानी के साथ नागरिकों का सहयोग भी महत्वपूर्ण रहेगा।
Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-

