अनिल मिश्र/रांची. झारखंड के हजारीबाग में जाली नोट से जुड़े मामले की जांच के सिलसिले में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने बुधवार सुबह बड़ी कार्रवाई की. एनआईए की टीम ने हजारीबाग शहर के बड़ा बाजार थाना क्षेत्र अंतर्गत हुरहुरू स्थित बाबा पथ में दो सगे भाइयों के आवास पर छापेमारी की. दोनों भाइयों की पहचान उदय साव और प्रदीप साव के रूप में हुई है. बताया जा रहा है कि दोनों मूल रूप से बिहार की राजधानी पटना के रहने वाले हैं. जाली नोट से जुड़े मामले में एनआईए की इस कार्रवाई के बाद इलाके में हलचल मच गई है. अब सभी की निगाहें जांच एजेंसी के आधिकारिक खुलासे पर टिकी हैं.
अहले सुबह पहुंची एनआईए की टीम, दोनों भाइयों के घर तलाशी
जानकारी के मुताबिक, बुधवार अहले सुबह पटना से पहुंची एनआईए की जांच टीम ने हजारीबाग के हुरहुरू स्थित बाबा पथ में उदय साव और प्रदीप साव के आवास पर दस्तक दी. टीम ने दोनों भाइयों के घरों में तलाशी अभियान चलाया. बताया जा रहा है कि यह कार्रवाई जाली नोट से संबंधित एक मामले की जांच को आगे बढ़ाने के उद्देश्य से की गई. जांच एजेंसी ने घर में मौजूद विभिन्न सामानों, दस्तावेजों और इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को खंगाला.
प्रिंटर समेत कई इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और दस्तावेज ले गई टीम
छापेमारी के दौरान जांच टीम ने कई महत्वपूर्ण इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों और दस्तावेजों की जांच की. स्थानीय स्तर पर मिली जानकारी के अनुसार, एनआईए की टीम अपने साथ प्रिंटर समेत कुछ इलेक्ट्रॉनिक मशीनें और महत्वपूर्ण दस्तावेज भी लेकर गई है. हालांकि, इन उपकरणों का जाली नोट के मामले से क्या संबंध है और जांच एजेंसी को तलाशी के दौरान किस तरह के साक्ष्य मिले हैं, इसकी आधिकारिक जानकारी अभी सामने नहीं आई है.
पटना के रहने वाले हैं दोनों सगे भाई
स्थानीय लोगों के मुताबिक, उदय साव और प्रदीप साव मूल रूप से बिहार के रहने वाले हैं और लंबे समय से हजारीबाग में रह रहे थे. मोहल्ले के लोगों का कहना है कि दोनों भाई ज्यादा लोगों से मेलजोल नहीं रखते थे और अपने काम से काम रखते थे. हालांकि, जाली नोट के मामले में उनकी कथित भूमिका क्या है और जांच एजेंसी को उनके ठिकानों तक पहुंचने के लिए कौन-से सुराग मिले, इस संबंध में फिलहाल कोई स्पष्ट जानकारी उपलब्ध नहीं है.
एनआईए के आधिकारिक खुलासे का इंतजार
एनआईए की इस कार्रवाई को लेकर हजारीबाग में चर्चाओं का दौर तेज हो गया है. जाली नोट से जुड़े मामले में दो सगे भाइयों के आवास पर छापेमारी ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं. जांच एजेंसी की ओर से अभी तक न तो छापेमारी के संबंध में विस्तृत आधिकारिक बयान जारी किया गया है और न ही बरामदगी का पूरा ब्योरा सार्वजनिक किया गया है.
जांच के दौरान कौन-कौन से दस्तावेज और उपकरण मिले, क्या इनका जाली नोट तैयार करने या उसके नेटवर्क से कोई संबंध है और दोनों भाइयों के खिलाफ आगे क्या कार्रवाई होगी, इन सवालों के जवाब मिलना अभी बाकी है. फिलहाल एनआईए की जांच जारी है और पूरे मामले में एजेंसी के आधिकारिक खुलासे का इंतजार किया जा रहा है.
Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-




