रहाणे के संन्यास पर भावुक हुए विराट कोहली, मेरे सबसे पसंदीदा टेस्ट साथी और सबसे भरोसेमंद फील्डर थे जिंक्स

रहाणे के संन्यास पर भावुक हुए विराट कोहली, मेरे सबसे पसंदीदा टेस्ट साथी और सबसे भरोसेमंद फील्डर थे जिंक्स

प्रेषित समय :20:15:35 PM / Thu, Jul 30th, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

नई दिल्ली. भारतीय क्रिकेट के दो सबसे भरोसेमंद बल्लेबाजों में शामिल विराट कोहली और अजिंक्य रहाणे की साझेदारियों ने टेस्ट क्रिकेट में कई यादगार जीत दिलाई हैं. अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से अजिंक्य रहाणे के संन्यास की घोषणा के बाद विराट कोहली ने उन्हें भावुक अंदाज में श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि रहाणे उनके "सबसे पसंदीदा टेस्ट बल्लेबाजी साथी" रहे हैं. कोहली का यह संदेश सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और क्रिकेट प्रशंसक दोनों खिलाड़ियों की यादगार साझेदारियों को याद कर रहे हैं.

विराट कोहली ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर रहाणे के साथ टेस्ट जर्सी में एक तस्वीर साझा की. इसके साथ उन्होंने लिखा, "जिंक्स, शानदार करियर के लिए बधाई. तुमने भारतीय क्रिकेट के लिए अद्भुत योगदान दिया है और अपने सफर पर गर्व कर सकते हो. स्लिप में सबसे सुरक्षित हाथ और टेस्ट क्रिकेट में मेरे सबसे पसंदीदा बल्लेबाजी साथी. तुम्हारे भविष्य के लिए ढेरों शुभकामनाएं. भगवान तुम्हें हमेशा खुश रखे."

कोहली के इस संदेश ने दोनों खिलाड़ियों के बीच वर्षों से चली आ रही दोस्ती और मैदान पर बने मजबूत तालमेल को एक बार फिर सामने ला दिया. भारतीय टेस्ट टीम के मध्यक्रम में विराट कोहली और अजिंक्य रहाणे की जोड़ी लंबे समय तक टीम की सबसे भरोसेमंद साझेदारियों में शामिल रही. कठिन विदेशी दौरों से लेकर घरेलू श्रृंखलाओं तक दोनों बल्लेबाजों ने कई महत्वपूर्ण मौकों पर टीम को संकट से बाहर निकाला.

गुरुवार को अजिंक्य रहाणे ने इंस्टाग्राम पर एक भावुक वीडियो साझा करते हुए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट और सभी प्रारूपों से संन्यास की घोषणा की. लगभग दो दशक लंबे करियर के बाद उन्होंने क्रिकेट के सबसे बड़े मंच को अलविदा कह दिया. उनके संन्यास के साथ भारतीय क्रिकेट के एक महत्वपूर्ण अध्याय का भी समापन हो गया.

रहाणे ने अपने अंतरराष्ट्रीय करियर में भारत के लिए 85 टेस्ट मैचों की 144 पारियों में 5,077 रन बनाए. इस दौरान उन्होंने 12 शतक और 26 अर्धशतक लगाए. उनका बल्लेबाजी औसत 38.46 और स्ट्राइक रेट 49.50 रहा. विदेशी परिस्थितियों में उनकी कई पारियां भारतीय क्रिकेट इतिहास की यादगार पारियों में गिनी जाती हैं.

वनडे क्रिकेट में रहाणे ने 90 मैचों की 87 पारियों में 2,962 रन बनाए, जिसमें 3 शतक और 24 अर्धशतक शामिल रहे. उनका औसत 35.26 और स्ट्राइक रेट 78.63 रहा. वहीं टी-20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में उन्होंने 20 मैचों में 375 रन बनाए, जिसमें एक अर्धशतक शामिल है.

अजिंक्य रहाणे का कप्तानी रिकॉर्ड भी बेहद शानदार रहा. उन्होंने भारतीय टेस्ट टीम की कप्तानी करते हुए कभी कोई टेस्ट मैच नहीं गंवाया. उनकी कप्तानी में भारत ने चार टेस्ट जीते और दो मुकाबले ड्रॉ खेले. कम से कम पांच टेस्ट मैचों में कप्तानी करने वाले भारतीय कप्तानों में उनका जीत प्रतिशत सबसे बेहतर माना जाता है.

रहाणे की कप्तानी का सबसे सुनहरा अध्याय 2020-21 बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी रहा. एडिलेड टेस्ट में करारी हार के बाद विराट कोहली की अनुपस्थिति में उन्होंने टीम की कमान संभाली और मेलबर्न में ऐतिहासिक जीत दिलाई. इसके बाद ब्रिस्बेन के गाबा मैदान पर ऑस्ट्रेलिया को हराकर भारत ने 2-1 से श्रृंखला अपने नाम की. यह जीत इसलिए भी ऐतिहासिक रही क्योंकि गाबा में ऑस्ट्रेलिया का वर्षों पुराना अजेय रिकॉर्ड टूट गया था.

इसके अलावा वर्ष 2017 में धर्मशाला टेस्ट में भी रहाणे ने भारत की कप्तानी करते हुए ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ महत्वपूर्ण जीत दर्ज कराई थी. शांत स्वभाव, अनुशासित नेतृत्व और टीम के लिए समर्पण के कारण रहाणे को भारतीय क्रिकेट के सबसे सम्मानित खिलाड़ियों में गिना जाता है.

रहाणे के संन्यास के बाद क्रिकेट जगत से लगातार शुभकामनाएं और सम्मान संदेश सामने आ रहे हैं. विराट कोहली का भावुक संदेश उन विशेष श्रद्धांजलियों में शामिल है, जिसने दोनों खिलाड़ियों की दोस्ती, विश्वास और भारतीय टेस्ट क्रिकेट में उनकी सफल साझेदारी की यादें एक बार फिर ताजा कर दी हैं.

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-