जबलपुर की खुशबू राजपूत निकली शादी के नाम पर ठगी की मास्टरमाइंड दमोह में दो साथियों समेत गिरफ्तार

जबलपुर की खुशबू राजपूत निकली शादी के नाम पर ठगी की मास्टरमाइंड दमोह में दो साथियों समेत गिरफ्तार

प्रेषित समय :19:38:29 PM / Mon, Aug 31st, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

जबलपुर। शादी के नाम पर भरोसा जीतकर ठगी करने वाले कथित गिरोह का पुलिस ने पर्दाफाश किया है। जबलपुर के रांझी क्षेत्र में रहने वाली खुशबू राजपूत को दमोह पुलिस ने उसके दो साथियों नर्मदा पटेल और मालती पटेल के साथ गिरफ्तार किया है। आरोप है कि खुशबू ने दमोह के बांसा गांव निवासी दिनेश विश्वकर्मा से शादी की और विवाह के महज तीन दिन बाद ही नकदी और जेवर लेकर गायब हो गई। पुलिस की कार्रवाई में सामने आए तथ्यों ने इस मामले को केवल एक परिवार के साथ हुई ठगी के बजाय शादी के नाम पर चल रहे संगठित नेटवर्क की आशंका से जोड़ दिया है।

पुलिस के मुताबिक दिनेश विश्वकर्मा ने शिकायत में बताया था कि उसकी शादी कराने के लिए बिचौलियों के माध्यम से जबलपुर की खुशबू राजपूत से संपर्क कराया गया था। शादी तय होने के बाद दिनेश पक्ष से 1.70 लाख रुपये नकद और करीब 2.40 लाख रुपये के जेवर दिए गए। विवाह के बाद कुछ समय तक सब सामान्य रहा, लेकिन तीसरे दिन मालती पटेल नाम की महिला खुशबू को अपने साथ लेकर चली गई। परिवार को उम्मीद थी कि वह जल्द वापस लौट आएगी, लेकिन जब काफी समय बीत गया और खुशबू से संपर्क करने की कोशिश की गई तो उसका मोबाइल बंद मिला। उसके कथित रिश्तेदारों के फोन भी बंद पाए गए।

शिकायत के बाद पुलिस ने जब मामले की पड़ताल शुरू की तो जांच का दायरा जबलपुर तक पहुंचा। पूछताछ और उपलब्ध जानकारी के आधार पर पुलिस ने खुशबू राजपूत को पकड़ लिया। उसके साथ नर्मदा पटेल और मालती पटेल को भी गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 77 हजार रुपये नकद और तीन मोबाइल फोन बरामद किए हैं। इन मोबाइल फोन में मौजूद जानकारी को जांच का अहम आधार माना जा रहा है।

मामले में सबसे महत्वपूर्ण तथ्य यह सामने आया है कि पुलिस को गिरफ्तार आरोपी मालती पटेल के मोबाइल फोन से कई युवतियों के पहचान पत्र मिले हैं। इससे पुलिस को संदेह है कि शादी कराने, पहचान बदलने और बाद में ठगी करने के लिए एक से अधिक लोगों का नेटवर्क सक्रिय हो सकता है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इन पहचान पत्रों का इस्तेमाल किस उद्देश्य से किया गया और इनके माध्यम से कितनी शादियां कराई गईं।

जांच में पुलिस को यह जानकारी भी मिली है कि खुशबू राजपूत पर राजस्थान के कोटा सहित अन्य स्थानों पर करीब तीन लोगों के साथ कथित तौर पर फर्जी शादी कर ठगी करने का आरोप है। यदि जांच में इन मामलों की पुष्टि होती है तो जबलपुर से जुड़े इस मामले का दायरा दूसरे राज्यों तक फैल सकता है। पुलिस अब यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि गिरोह संभावित दूल्हों की पहचान कैसे करता था और शादी के लिए युवतियों की व्यवस्था कौन करता था।

इस मामले में नीरज पटेल नाम का एक अन्य आरोपी भी जांच के दायरे में है, जो फिलहाल पन्ना जेल में न्यायिक हिरासत में बंद बताया गया है। पुलिस उससे जुड़े तथ्यों और गिरफ्तार आरोपियों के बीच संबंधों की भी पड़ताल कर रही है। मोबाइल फोन और पहचान पत्रों से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस कथित गिरोह के अन्य सदस्यों तथा पूर्व में की गई शादियों की जानकारी जुटाने में लगी है।

जबलपुर के लिहाज से यह मामला इसलिए भी गंभीर है क्योंकि आरोपों में सामने आया कथित नेटवर्क स्थानीय स्तर पर शादी के इच्छुक परिवारों तक पहुंच बनाने के बाद दूसरे जिलों और राज्यों में वारदात करने की क्षमता रखता दिखाई दे रहा है। पुलिस की जांच अब केवल दिनेश विश्वकर्मा से हुई कथित ठगी तक सीमित नहीं है, बल्कि इस बात पर केंद्रित है कि खुशबू राजपूत और उसके सहयोगियों ने इससे पहले कितने लोगों को निशाना बनाया और इस पूरे नेटवर्क में जबलपुर के अलावा किन-किन शहरों के लोग जुड़े हैं।

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-