जबलपुर के बरगी बांध कू्रज हादसे के बाद पसरा है सन्नाटा, कई परिवारों के सामने रोजगार का संकट

जबलपुर के बरगी बांध कू्रज हादसे के बाद पसरा है सन्नाटा, कई परिवारों के सामने रोजगार का संकट

प्रेषित समय :18:05:24 PM / Mon, Jun 22nd, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर

जबलपुर. एमपी के जबलपुर में बरगी बांध में हुए कू्रज हादसे के बाद यहां पर सन्नाटा पसरा हुआ है. यहां का मेकल रिसॉर्ट जहां पर सुबह से लेकर शाम तक पर्यटकों की भीड़ रहती थी, यहां पर कुर्सियां खाली पड़ी रहती है. जो लोग कभी वाटर स्पोर्ट्स का आनंद लेने यहां आते थे, वे अब बांध की ओर देखने से भी डरते हैं.

गौरतलब है कि 30 अप्रैल को हुए बरगी बांध क्रूज हादसे में 13 लोगों की मौत हो गई थी. हादसे के बाद जिम्मेदारों पर कार्रवाई तो हुई, लेकिन अब तक किसी की अंतिम जवाबदेही तय नहीं हो सकी है. मामला अदालत तक पहुंचा, जिसके बाद राज्य सरकार ने जांच आयोग गठित कर 90 दिनों का समय मांगा है. हादसे का असर सिर्फ पर्यटन विभाग तक सीमित नहीं रहा. यहां आने वाले पर्यटकों पर निर्भर सैकड़ों स्थानीय परिवारों के सामने आज रोजगार का संकट खड़ा हो गया है.

पर्यटकों की संख्या में भारी गिरावट के कारण दुकानदारों, फेरी वालों और छोटे व्यापारियों का काम लगभग ठप हो गया है. यहां पर फु टपाथ पर व्यापार करने वालों को सबसे ज्यादा दिक्कत हुई है, जो परिवार बांध के पास बेर, फल और खाने-पीने का सामान बेचकर परिवार का पालन-पोषण कर रहे थे वह अब ग्राहकों के इंतजार में सुबह से शाम तक बैठे रहते है. स्थानीय लोगों को छोड़कर लगभग सभी ने यहां आना बंद कर दिया है. शाम के समय भी बांध के आसपास पहले जैसी रौनक दिखाई नहीं देती.

छोटे व्यापारी दूसरे जगह जाने के लिए हो रहे मजबूर-

मेकल रिसोर्ट और बरगी बांध के आसपास 25 से 30 लोग सड़क किनारे फल, ककड़ी और अन्य सामान बेचकर अपना गुजारा करते थे. अब स्थिति ऐसी है कि गिनती के दो-तीन लोग ही यहां दिखाई देते हैं. व्यापार पूरी तरह ठप होने के कारण कई लोग शहर की ओर पलायन कर चुके हैं.

अब तक हुई ये कार्रवाई-

क्रूज हादसे के बाद सरकार ने मुख्य पायलट महेश पटेल, हेल्पर छोटेलाल गोंड और टिकट काउंटर प्रभारी बृजेंद्र की सेवाएं समाप्त कर दीं. वहीं, लापरवाही के आरोप में मेकल रिसोर्ट और बोट क्लब के प्रबंधक सुनील मरावी को निलंबित किया गया है. क्षेत्रीय प्रबंधक संजय मल्होत्रा को मुख्यालय से संबद्ध करते हुए उनके खिलाफ विभागीय जांच शुरू कर दी गई है. अदालत के निर्देश पर पायलट और अन्य जिम्मेदार लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की प्रक्रिया भी शुरू की गई.

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-