बिहार में भरत तिवारी एनकाउंटर, ब्राह्मण समाज में आक्रोश, मुख्यमंत्री का पुतला फूंका,

बिहार में भरत तिवारी एनकाउंटर, ब्राह्मण समाज में आक्रोश, मुख्यमंत्री का पुतला फूंका,

प्रेषित समय :02:42:08 AM / Wed, Jun 24th, 2026
Reporter : पलपल रिपोर्टर


जबलपुर। बिहार में भरत तिवारी के एकाउंटर से ब्राम्हण समाज आक्रोशित है, समाज के सैकड़ों लोगों ने मालवीय चौक पर  विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के खिलाफ नारेबाजी करते हुए उनका पुतला फूंका। इस दौरान मालवीय चौक भरत तिवारी अमर रहे के नारों से गूंज उठा।
                                   प्रदर्शनकारी नेताओं ने आरोप लगाया कि भरत तिवारी ने सरकार को उसके वादे याद दिलाने का साहस किया था। उनका कहना था कि समाज को नई दिशा दिखाने और वंचितों की आवाज बनने का प्रयास ही उनकी मौत का कारण बना। ब्राह्मण संगठनों ने इसे लोकतांत्रिक व्यवस्था में सच बोलने वालों की आवाज को दबाने का अमानवीय और निंदनीय कृत्य बताया। 26 वर्षीय भरत भूषण तिवारी बिहार के भोजपुर जिले के निवासी थे। वे एक एक्टिविस्ट थे और फेसबुक लाइव के माध्यम से बाढ़, कटाव तथा स्थानीय प्रशासनिक मुद्दों को प्रमुखता से उठाते थे। 17 जून 2026 को भोजपुर के शाहपुर इलाके में पुलिस और एसटीएफ टीम के साथ हुई मुठभेड़ में पुलिस की गोली लगने से उनकी मौत हो गई। पुलिस के अनुसार, भरत के पास अवैध हथियार था और पकडऩे की कोशिश करने पर उन्होंने पुलिस टीम पर फायरिंग की थी। हालांकि, परिवार का आरोप है कि यह एक फर्जी एनकाउंटर था। परिजनों के मुताबिक, भरत ने सोशल मीडिया और फेसबुक लाइव पर बंदूक फेंककर आत्मसमर्पण कर दिया था और वे निहत्थे थे।  इस घटना के बाद उपजे राजनीतिक और सामाजिक विवाद को देखते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सेवानिवृत्त हाई कोर्ट जज से न्यायिक जांच के आदेश दिए हैं। यह मामला अब कोर्ट भी पहुंच चुका है। 

Source : palpalindia ये भी पढ़ें :-